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गजेंद्र चौहान बोले- प्रोड्यूसर्स फायदे के लिए कास्ट करते हैं पाकिस्तानी कलाकार, लगे परमानेंट बैन

एफटीटीआई के चेयरमैन गजेंद्र चौहान ने पाकिस्तानी कलाकारों पर जारी विवाद के बीच खुलकर अपनी राय रखी है। उन्होंने मोदी के काम की काफी तारीफ भी की। एफटीटीआई के चेयरमैन से जब सुनंदा मेहता ने ऐ दिल है मुश्किल पर जारी विवाद के बारे में अपने विचार रखने के लिए कहा तो उन्होंने जवाब दिया- […]

Author नई दिल्ली | October 30, 2016 4:00 PM
गजेंद्र चौहान ने कहा पाकिस्तानी कलाकारों पर लगे स्थाई बैन।

एफटीटीआई के चेयरमैन गजेंद्र चौहान ने पाकिस्तानी कलाकारों पर जारी विवाद के बीच खुलकर अपनी राय रखी है। उन्होंने मोदी के काम की काफी तारीफ भी की। एफटीटीआई के चेयरमैन से जब सुनंदा मेहता ने ऐ दिल है मुश्किल पर जारी विवाद के बारे में अपने विचार रखने के लिए कहा तो उन्होंने जवाब दिया- ये सवाल केवल एक फिल्म का नहीं है। इसे सही रिलीज मिलनी चाहिए थी। सवाल पाकिस्तानी कलाकार के भारत में काम करने का है। 2014 में में जब मैं CINTAA का अध्यक्ष था तभी मैंने इस मुद्दे को उठाया था। उस समय पाकिस्तानी कलाकार यहां सांस्कृतिक कार्यक्रम में हिस्सा लेने के लिए वर्क परमिट पर आया करते थे। मैं चाहता था कि वो इस संस्थान के साथ रजिस्टर हो जाएं। सिंटा की कमिटी ने उन्हें फिल्मों की शूटिंग में जाते हुए देखा था। उस दिनों कई लोग ज्यादा दिनों तक यहां रहा करते थे। मेरे दिमाग में जो घटना याद है वो अली जफर की है। मेरे हाथ उनके वो सभी कागज लगे जिसके हिसाब से उन्हें 14 नवंबर 2014 को भारत छोड़ देना चाहिए था। हमने उन्हें फॉलो किया और ये सुनिश्चित किया कि वो अपने देश लौट जाएं। हमारी वजह से वो वापस गए और नया परमिट लेकर अपनी फिल्म की शूटिंग करने के लिए दोबारा आए। दुर्भाग्य से इस मामले पर लोगों की नजर नहीं गई। आज सीमा पर जारी तनाव की वजह से ऐ दिल है मुश्किल को इतना बड़ा मुद्दा बनाया गया है। लेकिन मैं पहला शख्स था जिसने इस मामले को उठाया था।

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जब गजेंद्र से अतिक राशिद ने पूछा कि आप पाकिस्तानी कलाकारों के स्थाई या अस्थाई बैन के पक्ष में हैं? इस सवाल के जवाब में उन्होंने कहा कि मेरा विचार स्थायी बैन का है। हमें यहां उनकी जरूरत ही क्यों है? हमारे यहां 10,000 लोग काम के लिए संघर्ष कर रहे हैं। तो हम पाकिस्तानी कलाकारों को यहां काम करने के लिए क्यों बुलाते हैं जबकि हमें अपने लोगों को रोजगार देना चाहिए। किसी फिल्म निर्माता का पाकिस्तानी कलाकार को चुनने के कई कारण होते हैं। सबसे बड़ा फायदा यह होता है कि इससे उसे दूसरे देश में फिल्म के प्रमोशन के लिए आसानी होती है। क्रिएटिव च्वॉइस की बजाए ये आर्थिक च्वॉइस ज्यादा है।

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