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Coronavirus: तबलीग जमात पर भड़के नवाजुद्दीन सिद्दीकी, कहा- खुद के साथ दूसरों की जिंदगी खतरे में डाली

बॉलीवुड एक्टर नवाजुद्दीन सिद्दीकी ने हाल ही में निजामुद्दीन स्थित तबलीगी जमात के मरकज मामले पर अपने विचार व्यक्त किए हैं। उन्होंने कहा कि देश के इन हालातों के दौरान किसी भी...

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बॉलीवुड एक्टर नवाजुद्दी सिद्दीकी ने हाल ही में दिल्ली के निजामुद्दीन स्थित तबलीगी जमात के मरकज मामले पर अपना गुस्सा जाहिर किया। नवाज ने कहा कि ‘अगर सरकार ने लॉकडाउन के लिए कहा है तो हर किसी को इसे पूरे सम्मान के साथ फॉलो करना चाहिए. नवाजुद्दीन ने कहा, “जब सरकार ने लॉकडाउन के लिए कहा है तो इसका मतलब है कि लॉकडाउन।’ इतना ही नहीं उन्होंने इसके आगे कहा कि ‘इस बता से जरा भी फर्क नहीं पड़ता है कि आप किस धर्म से ताल्लुक रखते हैं। सरकार द्वारा लागू किए गए लॉकडाउन का उल्लंघन करके आप न सिर्फ अपनी खुद की जिंदगी खतरे में डाल रहे हैं बल्कि आप कई औरों की जिंदगी को भी खतर में डाल दिया है।

दरअसल हाल ही निजामुद्दीन स्थित तबलीगी जमात के मरकज मौलाना साद का एक ऑडियो टेप काफी वायरल हुआ है जिसमें साद लोगों को ये मशवरा दे रहे हैं कि कोरोना वायरस के डर से लोग मस्जिदों को छोड़ कर नहीं भागें। लॉकडाउन के आदेश को ना मानने की वजह से मंगलवार को दिल्ली पुलिस ने मौलाना साद के खिलाफ मामला दर्ज कर लिया है। बता दें इस वक्त कोरोना वायरस के संक्रमण से पूरी दुनिया की अर्थव्यवस्था बेहद खराब हो गई है और हर देश इस वायरस से लड़ने के लिए भरसक कोशिश कर रहा है।

वहीं भारत में इस संक्रमण से लड़ने के लिए केंद्र सरकार ने देश भर में 21 दिनों के लॉकडाउन का ऐलान कर दिया है और सभी से ये अनुरोध किया है कि अपने घरों में रहकर वक्त बिताने की कोशिश करें। बहुत जरूरी होने पर ही बाहर निकलें अन्यथा सभी लोग अपने घरों में रहकर इस वायरस से लड़ाई की जंग में अपना सहयोग दें।

इस मामले पर फराह खान ने भी ट्वीट कर लिखा था। इस वक्त पर तबलीगी जमात द्वारा इस समारोह का किया जाना बहुत गैरजिम्मेदाराना है। इसे कोई धार्मिक मुद्दा ना बनाया जाए ये एक सोशल रिस्पॉन्सिबिलिटी है। दुनियाभर में इस गंभीर आपदा के समय धर्म के नाम पर किसी भी तरह की भीड़ का इकट्ठा किया जाना सरासर गलत है।

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