ताज़ा खबर
 

सहारनपुर में सपा पर भारी पड़ी कांग्रेस

सपा-कांग्रेस गठबंधन में सीटों के बंटवारे पर कांग्रेस सपा पर भारी पडी। उसके उम्मीदवार चार सीटों नकुड़, बेहट, रामपुर मनिहारान सुरक्षित एवं देवबंद पर लड़ेंगे।

Author January 25, 2017 2:43 AM

सुरेंद्र सिंघल
सपा-कांग्रेस गठबंधन में सीटों के बंटवारे पर कांग्रेस सपा पर भारी पडी। उसके उम्मीदवार चार सीटों नकुड़, बेहट, रामपुर मनिहारान सुरक्षित एवं देवबंद पर लड़ेंगे। जबकि हिस्से में आई तीन सीटों सहारनपुर नगर, सहारनपुर देहात और गंगोह पर सपा के उम्मीदवार होंगे। मुस्लिमों पर मजबूत पकड रखने वाले प्रदेश कांग्रेस उपाध्यक्ष इमरान मसूद के कारण कांग्रेस प्रभावी भूमिका में रही। गंठबंधन के चुनावी लाभ-हानि को लेकर चर्चाएं शुरू हो गई हैं। 2012 के विधानसभा चुनाव के दौरान टिकट बंटवारे को लेकर इमरान मसूद और उसके चाचा पूर्व केंद्रीय मंत्री रशीद मसूद सपा छोडकर कांग्रेस में चले गए थे। जिसका सपा और कांग्रेस दोनों को नुकसान उठाना पड़ा था। कांग्रेस और सपा एक-एक सीट ही जीत सके थे जबकि बसपा को चार सीटें मिल गई थी। भाजपा केवल सहारनपुर नगर सीट ही जीत पाई थी। लोकसभा चुनाव से पूर्व इमरान मसूद अपने चाचा रशीद मसूद से अलग हो गए और सपा में चले गए। सपा ने उन्हें सहारनपुर में लोकसभा उम्मीदवार घोषित कर दिया। बाद में एक मामले में सजा सुनाए जाने के बाद रशीद मसूद कांग्रेस छोड़कर सपा में वापस आ गए। उधर सपा ने इमरान मसूद का टिकट काट दिया और रशीद मसूद के बेटे शादान मसूद को अपना उम्मीदवार घोषित कर दिया। विरोध स्वरूप इमरान मसूद वापस कांग्रेस में चले गए जहां उन्हें लोकसभा उम्मीदवार बना दिया गया।

लोकसभा चुनाव के दौरान विवादास्पद ब्यान के कारण इमरान मसूद पूरे देश में चर्चित हो गए और वह चुनाव में भाजपा को कड़ी टक्कर देते हुए चार लाख आठ हजार 816 वोट लेने में सफल रहे। भाजपा के विजयी उम्मीदवार राघव लखनपाल शर्मा को 4 लाख 66 हजार 261 वोट मिले। इमरान मसूद ने 2012 के विधानसभा चुनाव में नकुड़ सीट पर बसपा के विजयी उम्मीदवार धर्म सिंह सैनी (89187 वोट) को कड़ी टक्कर देते हुए 84 हजार 623 वोट लेकर अपनी ताकत साबित कर दी थी। सहारनपुर के घोषित सपा उम्मीदवार संजय गर्ग और अन्य दूसरे नेता सपा नेतृत्व पर कांग्रेस से गठबंधन के लिए इसी कारण दवाब बनाए हुए थे कि इस चुनाव में सपा को इमरान मसूद के मुसलमान पर पकड़ का लाभ मिल जाएगा। गठबंधन बनने से सपा को उसके हिस्से में आई तीनों सीटों पर लाभ मिलने की प्रबंल संभावना है। इमरान मसूद गठबंधन के जरिए सहारनपुर जनपद में करीब-करीब सभी सीटों पर अपने मन-माफिक उम्मीदवार भी लाने में सफल हो गए।

इस गठबंधन से सबसे तगड़ा झटका दिल्ली की जामा मस्जिद के शाही इमाम अहमद बुखारी को लगा। उनके दामाद उमर अली खां को बेहट सीट छोडने को मजबूर होना पडा। 2012 के चुनाव में इमरान मसूद के समर्थक कांग्रेस उम्मीदवार नरेश सैनी 69760 वोट लेने के बावजूद बसपा उम्मीदवार महावीर राणा से हार गए थे।
राणा को 70 हजार 274 वोट मिले थे। सपा के उमर अली खां ने 47 हजार 366 वोट लिए थे। गठबंधन उम्मीदवार कांग्रेस के नरेश सैनी को इसका लाभ मिल सकता है।
कांग्रेस ने रामपुर मनिहारान सीट से विश्व दयाल उर्फ छोटन को उम्मीदवार बनाया है। पिछले चुनाव में सपा के टिकट पर 47 हजार 492 वोट लिए थे। कांग्रेस को 50 हजार 668 वोट मिले थे। जाहिर है इस बार सपा उम्मीदवार न होने से कांग्रेस को लाभ मिलेगा और वह बसपा के दो बार के विधायक रविंद्र मोल्हू को कड़ी टक्कर देंगे। भाजपा ने यहां नया उम्मीदवार देंवेंद्र निम को उतारा है।

देवबंद सीट पिछले चुनाव में सपा के राजेंद्र राणा ने जीती थी। उनके निधन के बाद फरवरी 2016 में हुए उपचुनाव में इमरान मसूद के करीबी कांग्रेस उम्मीदवार पालिकाध्यक्ष माविया अली ने राजेंद्र राणा की पत्नी सपा उम्मीदवार मीना राणा को हराया था। भाजपा उम्मीदवार तीसरे स्थान पर रहा था। दिलचस्प बात यह है कि एक हफ्ता पहले ही माविया अली कांग्रेस छोडकर सपा में चले गए और उम्मीदवार बन गए। लेकिन यह सीट गठबंधन में कांग्रेस के खाते में चली गई। जिस पर इमरान मसूद ने अपने करीबी मुकेश चौधरी को कांग्रेस टिकट दिला दिया। इससे माविया अली के फिर विधायक बनने के अरमानों पर पानी फिर गया। देवबंद सीट पर सभी दलों ने नए उम्मीदवार उतारे है। बसपा ने माजिद अली को और भाजपा ने ब्रजेश रावत को उम्मीदवार बनाया। इमरान मसूद के गृह क्षेत्र की गंगोह सीट सपा के खाते में गई। वहां पूर्व सांसद चौधरी यशपाल सिंह के पुत्र इंद्रसेन उम्मीदवार बनाए गए। इस सीट पर इमरान मसूद के बडे भाई पालिकाध्यक्ष नोमान मसूद कांग्रेस से दावेदार थे। गठबंधन होने से नोमान मसूद और उनके समर्थक बागी तेवर दिखाते हुए निदर्लीय चुनाव लडने की ताल ठोक रहे है।

Hindi News से जुड़े अपडेट और व्‍यूज लगातार हासिल करने के लिए हमारे साथ फेसबुक पेज और ट्विटर हैंडल के साथ लिंक्डइन पर जुड़ें और डाउनलोड करें Hindi News App

X