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Rajasthan Elections: डंबल्स से ऑटो रिक्शा तक, इसलिए जरा हटकर हैं इन प्रत्याशियों के चुनावी चिन्ह

प्रत्याशी कुछ न कुछ करके जनता की नजरों में आना चाहते हैं। ऐसे में कुछ प्रत्याशी अपने चुनाव चिन्ह को लेकर खासा सुर्खियां बंटोर रहे हैं।

Author November 27, 2018 9:57 AM
जनक सोनी और प्रदीप कुमार, फोटो सोर्स- सोशल मीडिया

राजस्थान में 200 विधानसभा सीटों के लिए 7 दिसंबर को चुनाव होना है। जिसको लेकर एक तरफ जहां प्रदेश में कई सियासी उठपटक देखने को मिल रही हैं। तो वहीं दूसरी तरफ प्रत्याशी कुछ न कुछ करके जनता की नजरों में आना चाहते हैं। ऐसे में कुछ प्रत्याशी अपने चुनाव चिन्ह को लेकर खासा सुर्खियां बंटोर रहे हैं। दरअसल विधानसभा चुनाव में नामांकन भरने वाले निर्दलीय प्रत्याशियों को चुनाव चिन्ह चुनने के लिए विकल्प दिए जाते हैं। इन विकल्प में से उन्हें तीन प्राथमिकताएं देनी होती हैं। जिसके बाद इनमें से एक चुनाव चिन्ह उन्हें आवंटित किया जाता है।

जोधपुर की विधानसभा सीटों के हटकर हैं चुनाव चिन्ह
जोधपुर की विधानसभा सीटों पर कई निर्दलीयों ने अपने काम के हिसाब से चुनाव चिन्ह मांगे जो उन्हें मिल भी गए हैं। दरअसल इन प्रत्याशियों का मानना है कि निर्दलीय तो स्वतंत्र हैं इसलिए वो चुनाव चिन्ह ही मांगा जाना चाहिए, जिससे प्रत्याशी की खुद की पहचान सामने आए।

प्रत्याशी- जनक सोनी
विधानसभा- सूरसागर
चुनाव चिन्ह- डंबल्स
जनक सोनी वर्तमान में वार्ड संख्या 14 के निदर्लीय पार्षद हैं। वो शुरूआत से ही जिम चलाते हैं। बता दें कि उनका परिवार इस ही पेशे से जुड़ा है इसलिए उन्हें जिम से जुड़े डंबल्स को ही चुनाव चिन्ह बनाया है।

प्रत्याशी- प्रदीप कुमार गहलोत
विधानसभा- सरदारपुरा
चुनाव चिन्ह- ऑटो रिक्शा
मंडोर क्षेत्रवासी प्रदीप कुमार गहलोत बिजनेस मैन हैं। उनके पास ई-ऑटोरिक्शा की एजेंसी है। इसी को ध्यान में रखते हुए उन्होंने ऑटो का रिक्शा चुनाव चिन्ह मांगा था और ये उन्हें मिल गया है।

प्रत्याशी- डॉ बलदेव राम पटेल
विधानसभा- सरदारपुरा
चुनाव चिन्ह- पेन की निब
डॉ बलदेव राम पटेल बताते हैं कि वो एमएससी- पीएचडी हैं। वो आर्मी से रिटायर्ड हो चुके हैं। इसके साथ ही उनका पढ़ाई लिखाई से काफी जुड़ाव है। उच्च शिक्षा हासिल कर चुके बलदेवराम का कहना है कि पेन से ज्यादा जरूरी कुछ नहीं है।

प्रत्याशी- अनिल पंवार
विधानसभा- जोधपुर
चुनाव चिन्ह- माइक
दरअसल अनिल पंवार साउंड का काम करते हैं और ये उनका खानदानी काम है। उन्हें इस ही वजह से लोग जानते हैं। इसलिए साउंड से जुड़े माइक को उन्होंने अपना चुनाव चिन्ह मांगा, जो उन्हें मिल गया है।

 

गौरतलब है कि 200 सीटों के लिए राजस्थान में कुल 2294 प्रत्याशी मैदान में हैं। प्रदेश में 7 दिसंबर को वोटिंग होगी जबकि 11 दिसंबर को नतीजे सबके सामने होंगे।

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