ताज़ा खबर
 

हार के बाद मध्य प्रदेश बीजेपी अध्यक्ष ने भेजा इस्तीफा, अमित शाह ने इस नसीहत के साथ लौटाया

मध्य प्रदेश भाजपा के अध्यक्ष राकेश सिंह ने पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अमित शाह को पत्र भेजकर इस्तीफा दिया है। हालांकि अमित शाह ने इस्तीफा लेने से इनकार कर दिया है।

Author Published on: December 13, 2018 11:40 AM
अमित शाह और राकेश सिंह, फोटो सोर्स- सोशल मीडिया

मध्य प्रदेश में 15 साल बाद कांग्रेस ने जीत हासिल की है। जिसके बाद शिवराज सिंह चौहान ने सबसे पहले मुख्यमंत्री के पद से इस्तीफा दिया और कमल नाथ को जीत की बधाई। हाल ही में हुए विधानसभा चुनावों में भाजपा की हार के बाद पार्टी में इस्तीफों का सिलसिला शुरू हो गया है। बता दें कि मध्य प्रदेश भाजपा के अध्यक्ष राकेश सिंह ने पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अमित शाह को पत्र भेजकर इस्तीफा दिया है। हालांकि अमित शाह ने इस्तीफा लेने से इनकार कर दिया है।

क्यों भेजा इस्तीफा
जानकारी के मुताबिक राकेश सिंह ने भाजपा की हार की जिम्मेदारी लेते हुए अपना इस्तीफा अमित शाह को भेजा लेकिन उन्होंने इस्तीफे को लेने से इनकार कर दिया और बदले में एक नसीहत दे दी। अमित शाह ने राकेश सिंह को पहले से भी अधिक मेहनत करने के लिए कहा है।

राकेश ने किया था ट्वीट
गौरतलब है कि हाल ही में शिवराज ने अपनी हार के लिए जिम्मेदारी लेते हुए सीएम पद से इस्तीफा दे दिया था। जिसके बाद राकेश सिंह ने ट्वीट किया था जिसमें उन्होंने हार की जिम्मेदारी ली थी। राकेश ने ट्वीट पर लिखा था- ‘यह शिवराज जी का बड़प्पन है कि वे पार्टी की हार की जिम्मेदारी ले रहे हैं, लेकिन भाजपा में हर जिम्मेदारी सामुहिक होती है। अगर कोई कमी रही है, तो वह हम सभी की कमी है। उसे दूर करके हम लोकसभा चुनाव में पहले से अच्छा प्रदर्शन करेंगे।’

8 महीने पहले बने प्रदेश अध्यक्ष
बता दें कि विधानसभा चुनाव के 8 महीने पहले खंडवा लोकसभा सीट से सांसद नंदकुमार सिंह चौहा को हटाकर राकेश सिंह को भाजपा का प्रदेश अध्यक्ष बनाया गया था।

प्रदेश का रिपोर्ट कार्ड: बता दें कि प्रदेश में 230 सीटों के लिए चुनाव हुआ था। जिसके नतीजे https://eciresults.nic.in/HI/PartyWiseResult.htm ने पेश किए हैं।

114 सीट- कांग्रेस
109 सीट- भारतीय जनता पार्टी
2 सीट- बहुजन समाज पार्टी-
1 सीट- समाजवादी पार्टी-
4 सीट- निर्दलीय

 

शिव’राज’ का रिकॉर्ड
2003 में सीएम बनीं उमा भारती के इस्तीफे के बाद सूबे के वरिष्ठ नेता बाबूलाल ने 23 अगस्त 2004 को सीएम पद की शपथ ली थी। बाबूलाल गौर के 29 नवंबर 2005 को पद छोड़ने पर शिवराज ने प्रदेश की बागडोर संभाली और 20018-2013 के विधानसभा चुनाव भी जिताने में सफल रहे। बता दें कि पिछले 13 वर्षों में राज्य में सबसे लंब वक्त तक सीएम रहने का रिकॉर्ड शिवराज के नाम दर्ज है।

Hindi News से जुड़े अपडेट और व्‍यूज लगातार हासिल करने के लिए हमारे साथ फेसबुक पेज और ट्विटर हैंडल के साथ लिंक्डइन पर जुड़ें और डाउनलोड करें Hindi News App

Next Stories
1 बीजेपी को इतना तगड़ा झटका, भारत के इकलौते ‘गाय मंत्री’ भी हार गए इलेक्शन
2 Chhattisgarh Election Result 2018: पिछले चुनाव के मुकाबले ज्यादा शिक्षित विधायक पहुंचे सदन, 3 पीएचडी तो 7 हैं डॉक्टर
3 मध्य प्रदेश में भी है एक ‘नोएडा’, 13 साल बाद गए शिवराज और चली गई CM की कुर्सी