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Loksabha Elections 2019: INS विराट पर राजीव गांधी की ‘पिकनिक’ पर PM नरेंद्र मोदी के दावे को नौसेना के 4 पूर्व अफसरों ने किया खारिज

Loksabha Elections 2019: एडमिरल रामदास ने साफ किया है है कि दिवंगत पूर्व प्रधानमंत्री राजीव गांधी और सोनिया तब आधिकारिक दौरे पर लक्षद्वीप गए थे। उनके निजी इस्तेमाल के लिए कोई पानी का जहाज प्रयोग नहीं किया गया था।

पूर्व नौसेना अध्यक्ष और एडमिरल एल.रामदास ने इस प्रकरण पर कहा है कि गांधी परिवार के निजी इस्तेमाल के लिए उस दौरान कोई भी पानी का जहाज नहीं डायवर्ट किया गया था। (एक्सप्रेस अर्काइव फोटो)

Loksabha Elections 2019: युद्धपोत आईएनएस विराट पर पूर्व पीएम राजीव गांधी द्वारा छुट्टियां मनाने से जुड़े प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के दावे को पूर्व नौ सेनाध्यक्ष एडमिरल एल रामदास ने खारिज किया है। गुरुवार (नौ मई, 2019) को एक लिखित बयान जारी कर एडमिरल रामदास ने कहा है कि राजीव गांधी उस दौरान आधिकारिक दौरे पर थे और उनके साथ कोई भी विदेशी मेहमान या दोस्त नहीं था। एडमिरल एल रामदास ने अपने बयान में स्पष्ट किया है कि उन्होंने तत्कालीन सहयोगियों एडमिरल अरुण प्रकाश, वाइस एडमिरल विनोद पसरीचा और वाइस एडमिरल मदनजीत सिंह से बातचीत के बाद ही यह बयान जारी किया है। बयान के मुताबिक नौ सेना के ये सभी अफसर उस वक्त नौ सेना के वेस्टर्न फ्लीट में तैनात थे।

विनोद पसरीचा आईएनएस विराट के तत्कालीन कमांडिंग ऑफिसर थे जबकि एडमिरल अरुण प्रकाश आईएनएस विंध्यगिरी के कमांडिंग ऑफिसर और वाइस एडमिरल मदनजीत सिंह आईएनएस गंगा के तत्कालीन कमांडिंग ऑफिसर थे। चारों पूर्व अधिकारियों ने साफ किया कि तत्कालीन पीएम राजीव गांधी और उनकी पत्नी सोनिया गांधी तब आधिकारिक दौरे पर लक्षद्वीप गए थे। एडमिरल रामदास के मुताबिक उनके निजी इस्तेमाल के लिए तब कोई पानी का जहाज प्रयोग नहीं किया गया था। वे एक चॉपर के जरिए किसी द्वीप पर गए थे और तब बोर्ड पर कोई विदेशी भी नहीं था।

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सुनें, पत्रकारों से और क्या बोले एल.रामदासः

एडमिरल रामदास के बयान से जुड़ी प्रमुख बातें:

– पीएम (राजीव) और सोनिया तब आइएनएस विराट से आधिकारिक दौरे के तहत लक्षद्वीप जा रहे थे, जहां उन्हें (आईलैंड्स डेवलपमेंट अथॉरिटी) आईडीए की बैठक में शामिल होना था।

– आईएनएस विराट पर तब मेरी (रामदास) ओर से राजीव गांधी और सोनिया गांधी के लिए डिनर रखा गया था। वहां तब कोई और पार्टी नहीं हुई थी।

– वे (राजीव और सोनिया) चॉपर से कुछ और द्वीप पर स्थानीय अधिकारियों से मिलने गए थे। उनके साथ तब बेटे राहुल नहीं गए थे। (बता दें आधिकारिक दौरों पर पीएम को सरकारी विमान में पत्नी को साथ लेकर जाने की अनुमति होती है।)

– ये बैठकें और कार्यक्रम 1987 में हुए थे। वेस्टर्न फ्लीट ने इसके लिए पहले अभ्यास भी किया था। मेरे (रामदास) पास सबूत के तौर पर उस रात (डिनर) का फोटो भी है।

– गांधी परिवार के निजी इस्तेमाल के लिए किसी भी पानी के जहाज को नहीं भेजा गया था। सिर्फ पीएम और उनकी पत्नी के लिए मेडिकल आपात्कालीन सेवा के तहत एक छोटा चॉपर करवत्ती में रखा गया था। यह है उन चारों के संयुक्त बयान से जुड़ा पत्रः

‘नेहरू के समय दौरों पर भी साथ जाता था गांधी परिवार’: आईएनएस विराट के तत्कालीन कमांडिंग ऑफिसर विनोद पसरीचा ने कहा है, “राजीव गांधी के साथ सिर्फ परिवार के लोग ही थे और तब चॉपर का इस्तेमाल सिर्फ राजीव और सोनिया ने किया था, न कि राहुल गांधी ने।” उन्होंने आगे बताया, “ऐसा होता रहा है। इससे पहले, हॉन्ग कॉन्ग दौरे पर पीएम जवाहर लाल नेहरू ने भी कुछ ऐसा ही किया था। उनके साथ जहाज पर तब बच्चे और नाती मौजूद थे।”

कौन हैं एल.रामदास?: बता दें कि एडमिरल रामदास इससे पहले भी मोदी सरकार द्वारा सेना के राजनीतिकरण को लेकर नाराजगी जता चुके हैं। सेना के नाम पर उन्होंने बीजेपी नेताओं द्वारा वोट मांगने को लेकर न सिर्फ पूर्व में चिंता जताई थी, बल्कि राष्ट्रपति से उस मसले में दखल देने के लिए भी कहा था।

लक्षद्वीप के तत्कालीन प्रशासक ने भी किया PM के दावे का खंडनः लक्षद्वीप के उस वक्त के प्रशासक रहे हबीबुल्ला वजाहत ने न्यूज 24 से बातचीत में कहा कि यह मामला 1987 के दिसंबर का है। बतौर हबीबुल्ला राजीव गांधी ने छुट्टियां मनाने के लिए आईएनएस विराट का इस्तेमाल नहीं किया था। आईएनएस विराट को टैक्सी की तरह इस्तेमाल करने पर हबीबुल्ला ने कहा, “आदरणीय प्रधानमंत्री को सच्चाई ही कहनी चाहिए, पर उनकी बात सच नहीं है।”

‘द्वीप पर छुट्टी मनाने जरूर गए थे’: उन्होंने आगे कहा कि आईलैंड डेवपलपमेंट काउंसिल की स्थापना की गई थी, जिसका उद्घाटन करने पीएम (राजीव) पहुंचे थे। उन्होंने बताया कि पीएम और उनकी पत्नी हेलिकॉप्टर से कावरत्ती आए थे। वजाहत के मुताबिक इस कार्यक्रम के बाद करीब 100 किलोमीटर दूर बंगाराम द्वीप पर राजीव गए थे। उस द्वीप पर राजीव गांधी का परिवार और दोस्त वहां मौजूद थे। वजाहत ने विराट पर छुट्टी की बात से इनकार किया है लेकिन कहा कि वो आईलैंड पर छुट्टी मनाने जरूर पहुंचे थे।

पीएम मोदी बोल रहे हैं झूठ- पूर्व कमांडरः लेफ्टिनेंट कमांडर गोकुल (रिटायर्ड) ने भी इस बाबत कुछ ट्वीट किए। उन्होंने लिखा, “हां, राजीव तब कुछ घंटों के लिए आईएनएस विराट पर रहे थे और वह तब लक्षद्वीप से मंगलौर जा रहे थे। पर जो पीएम मोदी झूठ बोल रहे हैं, वैसा नहीं था। क्रूज पर उस दौरान वहां महिलाएं या फिर विदेशी नहीं थे। अगर इस बात को चुनौती दी जाएगी या मुझे गलत साबित करने की कोशिश की जाएगी, तब मैं अपनी बात साबित करने के लिए चश्मदीद भी पेश कर सकता हूं।”

PM मोदी ने राजीव पर यह लगाया था आरोप: राजधानी नई दिल्ली के रामलीला मैदान में बुधवार को पीएम नरेंद्र मोदी ने एक चुनावी जनसभा के दौरान पूर्व पीएम राजीव गांधी का जिक्र करते हुए कांग्रेस पर सवालिया निशान लगाए थे। उन्होंने कहा था, “राजीव ने आईएनएस विराट का इस्तेमाल निजी टैक्सी के रूप में किया और उन्होंने देश की राष्ट्रीय सुरक्षा के साथ समझौता किया। पीएम मोदी ने ये भी कहा था कि जंगी पोत पर राजीव गांधी के परिवार वाले और ससुराल वाले भी छुट्टियां मनाने गए थे।”

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