ताज़ा खबर
 

भूपेंद्र यादव पहुंचे पासवान के घर, हाथ पकड़ पिता-पुत्र को ले आए अमित शाह के पास, पर नहीं तोड़ी चुप्पी!

भाजपा सूत्रों द्वारा अब दावा किया जा रहा है कि लोजपा एनडीए गठबंधन में ही रहेगी। हालांकि, पासवान की तरफ से कोई बयान नहीं आया है और दोनों पिता-पुत्र शाह से मुलाकात के दौरान भी चुप्पी साधे रहे।

भाजपा अध्यक्ष अमित शाह से मुलाकात कर लौटते रामविलास पासवान और चिराग पासवान। (फोटो-PTI)

बिहार एनडीए के सहयोगी दल लोक जनशक्ति पार्टी (लोजपा) को गठबंधन में बनाए रखने के लिए भाजपा नेताओं ने गुरुवार को ताबड़तोड़ कवायद की। बिहार भाजपा प्रभारी और पार्टी महासचिव भूपेंद्र यादव ने सबसे पहले पार्टी अध्यक्ष अमित शाह से बातचीत की। इसके बाद वो नई दिल्ली के 12 जनपथ स्थित केंद्रीय मंत्री रामविलास पासवान के घर अचानक जा पहुंचे। यादव ने वहां पासवान और उनके सांसद बेटे चिराग पासवान से भी बातचीत की। इसी दौरान भूपेंद्र यादव दोनों पिता-पुत्र को गाड़ी में बैठाकर सीधे अमित शाह के आवास पर ले आए। वहां पहले से ही वित्त मंत्री अरुण जेटली मौजूद थे। भाजपा सूत्रों द्वारा अब दावा किया जा रहा है कि लोजपा एनडीए गठबंधन में ही रहेगी। हालांकि, पासवान की तरफ से कोई बयान नहीं आया है और दोनों पिता-पुत्र शाह से मुलाकात के दौरान भी चुप्पी साधे रहे।

बदली परिस्थितियों में अब बिहार एनडीए में सीटों का बंटवारा नए तरीके से हो सकता है। सूत्र बता रहे हैं कि 17-17 सीटों पर जेडीयू और भाजपा लड़ेगी जबकि छह सीटों पर लोजपा चुनाव लड़ सकती है। इसके अलावा रामविलास पासवान को राज्य सभा सीट दी जा सकती है। हालांकि, इसका औपचारिक एलान नहीं हुआ है। बिहार के सीएम और जेडीयू अध्यक्ष नीतीश कुमार शुक्रवार (21 दिसंबर) को दिल्ली आ रहे हैं। माना जा रहा है कि इस दौरान बिहार की 40 लोकसभा सीटों पर एनडीए के बीच सीट बंटवारे पर मुहर लग सकती है और पासवान को एनडीए में बनाए रखने की भी कोशिश हो सकती है। आज (शुक्रवार, 21 दिसंबर) ही रामविलास पासवान वित्त मंत्री अरुण जेटली से भी मिलेंगे।

इससे पहले एनडीए में इस बात को लेकर चिंता बढ़ गई थी कि लोजपा एनडीए छोड़कर बिहार के विपक्षी महागठबंधन में शामिल हो सकती है क्योंकि उपेंद्र कुशवाहा ऐसा कर चुके हैं। बता दें कि मंगलवार (18 दिसंबर) को लोजपा संसदीय दल के अध्यक्ष चिराग पासवान ने ट्वीट कर भाजपा को सीट शेयरिंग पर स्थिति साफ करने की चेतावनी दी थी। चिराग ने लिखा, “गठबंधन की सीटों को लेकर कई बार भारतीय जनता पार्टी के नेताओ से मुलाक़ात हुई परंतु अभी तक कुछ ठोस बात आगे नहीं बढ़ पायी है। इस विषय पर समय रहते बात नहीं बनी तो इससे नुक़सान भी हो सकता है।”

Hindi News के लिए हमारे साथ फेसबुक, ट्विटर, लिंक्डइन, टेलीग्राम पर जुड़ें और डाउनलोड करें Hindi News AppOnline game में रुचि है तो यहां क्‍लिक कर सकते हैं।

Next Stories
1 ‘मैं अपने बेटे का भी गुरु नहीं,’ राहुल गांधी के गुरु वाले सवाल पर बोले दिग्विजय सिंह, दिए कई दिलचस्प जवाब
2 48 घंटे में पासवान के दो नए दांव: भाजपा से सीट बढ़ाने की मांग, नोटबंदी पर भी मांगा लाभ-हानि का ब्यौरा
3 महागठबंधन में आए उपेंद्र कुशवाहा, बोले- NDA में हो रहा था अपमान; तेजस्वी यादव ने कहा- ये देश बचाने की जंग