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अरविंद केजरीवाल ने दोहराई EVM में गड़बड़ी की बात, कहा- हमारा 20-30 प्रतिशत वोट SAD को ट्रांसफर किया गया

दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने ईवीएम मशीन की विश्वसनीयता पर सवाल उठाए हैं।

दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल। PTI Photo

दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने ईवीएम मशीन की विश्वसनीयता पर सवाल उठाए हैं। उन्होंने पंजाब का जिक्र करते हुए कहा कि वहां के लोगों में अकाली पार्टी के लिए गुस्सा था फिर भी आप का वोट प्रतिशत 25 प्रतिशत रहा और अकाली का उससे ज्यादा 31 प्रतिशत। केजरीवाल ने पूछा कि ऐसा कैसे हो सकता है? केजरीवाल ने आगे कहा कि चुनाव आयोग का काम है कि वह लोगों के मन में ईवीएम के लिए विश्वास को बनाए रखें। केजरीवाल ने कहा कि हो सकता है कि ईवीएम की मदद से आप के 25 प्रतिशत वोटों को SAD-BJP के गठबंधन के पास ट्रांसफर किया गया हो। केजरीवाल ने कहा कि अब गोवा-पंजाब समेत बाकी राज्यों के चुनावों को रद्द तो नहीं किया जा सकता लेकिन चुनाव आयोग को ईवीएम के प्रति भरोसा वापस लाने का काम जरूर करना चाहिए।

VVPAT का जिक्र: केजरीवाल ने अपनी बात में VVPAT मशीन का भी जिक्र किया। केजरीवाल ने कहा कि चुनाव के वक्त जितनी भी जगहों पर VVPAT मशीन लगी थी उनका डाटा और ईवीएम के नतीजों का मिलान होना चाहिए। अगर आंकडे ठीक निकले तो लोगों में ईवीएम के प्रति भरोसा बढ़ेगा। ऐसा केजरीवाल ने कहा। VVPAT मशीन ईवीएम के साथ ही लगाई जाती है जिसमें पर्ची आती है कि किस शख्स ने किसको वोट दिया है। वह पर्ची मतदाता को मिलती नहीं है बल्कि वहीं पर जमा हो जाती है।

केजरीवाल ने सुप्रीम कोर्ट का जिक्र करते हुए कहा कि उनकी तरफ से भी कहा गया है कि ईवीएम मशीन में छेड़छाड़ हो सकती है। केजरीवाल ने कहा, ‘सुप्रीम कोर्ट से बड़ा क्या है? मैं जानता हूं कि मेरे बयान के बाद आप मेरा मजाक उड़ाओगे।’

इसके बाद केजरीवाल ने कहा, ‘आप का 20-30 प्रतिशत वोट SAD को ट्रांसफर किया गया जिसकी वजह से कांग्रेस जीत गई। वे लोग किसी भी तरह से आप को हराना चाहते थे। जिन लोगों ने ईवीएम से छेड़छाड़ की उनसे पूछा जाना चाहिए कि उन्होंने बिहार और दिल्ली में क्यों छेड़छाड़ नहीं की थी।’

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