ताज़ा खबर
 

बनना चाहते हैं वकील तो देश के इन टॉप 6 लॉ कॉलेज से करें पढ़ाई, ये होनी चाहिए योग्यता

जानकारों का कहना है कि इंडस्ट्री में लॉ प्रोफशनल्स की कमी की वजह से अब clat(common law admission test) के माध्यम 12 वीं के बाद ही एंट्री शुरु की गई।

चर्चा करती छात्राएं (तस्वीर का इस्तेमाल सांकेतिक तौर पर किया गया है। )

बोर्ड की परिक्षाएं खत्म हो गई हैं। 12 वीं की परीक्षा के बाद छात्र अपने मनपसंद कोर्स करने की सोचते हैं। छात्र इंजीनियर, वकील आदि बनाने के लिए कॉलेज खोजना शुरु कर देते हैं। अगर आप वकील बनना चाहते हैं तो आज हम लाएं हैं आपके लिए देश के टॉप लॉ कॉलेज, जिनमें पढ़कर आप अपना सपना पूरा कर सकते हैं।

जानकारों का कहना है कि इंडस्ट्री में लॉ प्रोफशनल्स की कमी की वजह से अब clat(common law admission test) के माध्यम 12 वीं के बाद ही एंट्री शुरु की गई। इस क्षेत्र में करियर के बहुत सारे ऑप्शन होते हैं। कानून से जुड़े मामलों के लिए वकीलों की भूमिका काफी अहम हो जाती है।

12वीं की परीक्षा पास करने के बाद लॉ एडमिशन के दो तरीके होते हैं। पहला तरीका होता है clat के जरिए नेशनल लॉ यूनिवर्सिटी में एडमिशन लेने का है बता दें देश में फिलहाल करीब 15 से ज्यादा नेशनल यूनिवर्सिटी हैं। इसके अलावा हर यूनिवर्सिटी अपना अलग एंट्रेंस भी करवाता है। इनमें तीन साल और पांच साल के कोर्स शामिल होते हैं। ये हैं देश के टॉप कॉलेज जिनमें आप दाखिला ले सकते हैं।

1. नेशनल लॉ स्‍कूल ऑफ इंडिया यूनिवर्सिटी (NLSIU), बेंगलुरु – इस यूनिवर्सिटी की खासियत हैं कि इसमें विदेश कोर्स भी चलतै हैं। ऐसा कहा जाता है कि यहां एडमिशन लेना कोई आसान बात नहीं होती।

2. दूसरे नंबर पर आती है दिल्ली की फैकल्‍टी ऑफ लॉ, यूनिवर्सिटी ऑफ दिल्‍ली। जिसकी खासियत है लॉ को सोशल इंपेक्‍ट ऑफ लॉ के साथ मिलाकर पढ़ाना। इस यूनिवर्सिटी से देश के कई जाने-माने वकील पढें हैं।

3. तीसरे नंबर पर पर हैदराबाद की नेशनल अकेडमी ऑफ लीगल स्‍टडीज एंड रिसर्च यूनिवर्सिटी (NALSAR)। इसकी खासियत है फाइनल ईयर के छात्रों को छूट है कि वे अपना कोर्स कार्य खुद डिजाइन कर सकते हैं।

4. चौथे नंबर पर है बैंग्लूर का क्राइस्‍ट कॉलेज ऑफ लॉ। इस कॉलेज की खासियत है कि यहां LLM के लिए स्‍टूडेंट टीचर अनुपात 10:1 का है। यहां पढ़ाई पर काफी ध्यान दिया जाता है।

5. पांचवे नंबर पर गुजरात के गांधीनगकर की गुजरात नेशनल लॉ यूनिवर्सिटी। यहीं वकालत की पढ़ाई के अलावा प्रॉपर्टी, इंटरनेट लॉ और बिजनेस मैनेजमेंट के लिए डिप्‍लोमा कार्यक्रम भी चलाया जाता है।

6. छठे नंबर पर पुणे का ILS लॉ कॉलेज। इसकी मुख्य खासियत है कि हर साल 95 से अधिक भारतीय और विदेशी लॉ जर्नल्‍स सब्‍सक्राइब करता है।

Hindi News से जुड़े अपडेट और व्‍यूज लगातार हासिल करने के लिए हमारे साथ फेसबुक पेज और ट्विटर हैंडल के साथ लिंक्डइन पर जुड़ें और डाउनलोड करें Hindi News App