उत्तर प्रदेश शिक्षक पात्रता परीक्षा (UPTET) 2026 प्रदेश के 60 जिलों में 02 से 04 जुलाई के बीच सफलतापूर्वक संपन्न हो गई है। इस परीक्षा के लिए कुल 19,94,661 उम्मीदवारों ने रजिस्ट्रेशन कराया था जिसमें से 90 फीसदी से अधिक उम्मीदवार परीक्षा में उपस्थित हुए। गुरुवार को यानी पहले दिन उपस्थित कैंडिडेट की संख्या 6,84,614 थी। हालांकि पहले दिन 8,07,636 उम्मीदवारों को परीक्षा देनी थी, लेकिन 84.76 फीसदी है कैंडिडेट ही एग्जाम में शामिल हुए जबकि शुक्रवार यानी दूसरे दिन के लिए कुल 807,709 कैंडिडेट रजिस्टर्ड थे जिसमें से 751,321 करीब 93.01 फीसदी उम्मीदवार उपस्थित हुए।

दूसरे दिन की उपस्थिति

यूपी टीईटी परीक्षा में दूसरे दिन यानी शुक्रवार को लड़कियों से ज्यादा लड़कों की उपस्थिति दर्ज की गई। अधिकारियों के मुताबिक, महिलाओं की अटेंडेंस 92.70 परसेंट रही, जबकि पुरुषों की 93.36 परसेंट रही। कड़ी सुरक्षा के बीच दूसरे दिन कुल 11 ऐसे स्टूडेंट्स को पकड़ा गया जो नकल कर रहे थे जिसमें से 9 तो पहली ही शिफ्ट में पकड़े गए। एक कैंडिडेट ने अपने जूते के अंदर मोबाइल फोन छिपा रखा था। दूसरी शिफ्ट में दो और नकलची पकड़े गए। सभी को लीगल एक्शन के लिए लोकल पुलिस को सौंप दिया गया।

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955 सेंटर्स पर आयोजित हुई परीक्षा

यूपी टीईटी एग्जाम 60 जिलों के 955 सेंटर पर शांतिपूर्वक संपन्न हुई। पहली शिफ्ट अपर प्राइमरी लेवल के लिए थी, जबकि दूसरी प्राइमरी लेवल के लिए थी। UPTET 2026 एग्जाम 2 से 4 जुलाई तक पूरे राज्य में पांच शिफ्ट में, तीन दिनों तक आयोजित होना था। उत्तर प्रदेश एजुकेशन सर्विस सिलेक्शन कमीशन के चेयरमैन प्रशांत कुमार ने बताया कि परीक्षा की ट्रांसपेरेंसी पक्का करने और गड़बड़ी रोकने के लिए सभी सेंटर्स पर AI-इनेबल्ड कैमरों से लैस AI-इंटीग्रेटेड कंट्रोल और कमांड सेंटर से नजर रखी जा रही थी।

रिटायर्ड IAS और IPS ऑफिसर बने ऑब्जर्वर

उत्तर प्रदेश शिक्षा सेवा चयन आयोग (UPESSC) द्वारा उत्तर प्रदेश बेसिक शिक्षा बोर्ड (UPBEB) की ओर से आयोजित की जाने वाली यूपी टीईटी परीक्षा में नकल रोकने के लिए हर जिले में एक रिटायर्ड IAS ऑफिसर और एक रिटायर्ड IPS ऑफिसर को ऑब्जर्वर बनाया गया था। इन्होंने ड्यूटी से पहले ही ग्राउंड लेवल पर जाकर तैयारियों का रिव्यू किया था। पेपर की मॉनिटरिंग के लिए डिस्ट्रिक्ट मजिस्ट्रेट, सीनियर पुलिस ऑफिसर की टीमें लगातार इंस्पेक्शन कर रही थीं। सेंटर्स पर भी पुलिस बल की तैनाती थी।