जेईई मेन 2026 सेशन 1 का रिजल्ट 16 फरवरी 2026, सोमवार को जारी कर दिया गया। नेशनल टेस्टिंग एजेंसी (NTA) की ओर से रिजल्ट के साथ-साथ टॉपर्स की सूची भी जारी की गई जिसमें 12 कैंडिडेट्स ने 100 पर्सेंटाइल स्कोर किया। इस साल 100 प्रतिशत मार्क्स हासिल करने वाले कैंडिडेट्स में राजस्थान के तीन स्टूडेंट शामिल हैं। उनमें से एक हैं कोटा जिले के अर्नव गौतम जिन्होंने पहले ही अटेम्प्ट में यह एग्जाम पास कर लिया।
IIT बॉम्बे से करना चाहते हैं पढ़ाई
अर्णव ने 300 में से 300 मार्क्स हासिल किए हैं। स्कूल लाइफ में इंजीनियर बनने का ठान चुके अर्णव ने इंडियन एक्सप्रेस के साथ बातचीत में बताया है कि प्रोफेशनल कोचिंग के बिना यह उपलब्धि हासिल करना नामुमकिन था। अर्णव अब IIT बॉम्बे में कंप्यूटर साइंस की पढ़ाई करना चाहते हैं और JEE एडवांस्ड 2026 में टॉप रैंक लाने का इंतजार करेंगे।
सेल्फ स्टडी के साथ-साथ प्रोफेशनल कोचिंग भी जरूरी
अर्णव ने अपनी तैयारियों के बारे में बताया कि किसी कॉन्सेप्ट को सही तरह से समझने के लिए सेल्फ-स्टडी सबसे जरूरी है, लेकिन लेकिन प्रोफेशनल कोचिंग के बिना सही दिशा ढूंढना लगभग नामुमकिन है। JEE जैसे कॉम्पिटिटिव एग्जाम में, डाउट्स का तुरंत सॉल्यूशन सबसे जरूरी है। अर्णव गौतम ने कहा कि उनके माता-पिता दोनों ह्यूमैनिटीज बैकग्राउंड से थे, लेकिन उन्होंने अपनी स्कूल लाइफ में ही तय कर लिया था कि वह इंजीनियर बनेंगे।
कोचिंग से आकर क्रिकेट खेलते थे अर्णव
अर्णव गौतम ने बताया कि JEE Main 2026 में अच्छी रैंक पाने का रास्ता एग्जाम के प्रति उनके अप्रोच से ही बना। उन्होंने पहले केमिस्ट्री, फिर फिजिक्स की कोशिश की और मैथ्स को आखिरी स्टेप के लिए छोड़ दिया। अर्णव ने बताया कि अपनी पढ़ाई के दौरान वह खुद को मेंटली और फिजिकली फिट रखने के लिए कोचिंग से आने के बाद अपने भाई के साथ क्रिकेट भी खेलते थे।
अर्णव की मां ने Indianexpress.com को बताया, “अर्नव हमेशा से इंटेलिजेंट था और अपनी पढ़ाई में बहुत ईमानदार था। उसका शेड्यूल टाइट रहता है। पढ़ाई के मामले में वह इंडिपेंडेंट भी है।”
