दिल्ली विश्वविद्यालय (DU) ने शैक्षणिक सत्र 2026-27 के लिए नॉन-कॉलेजिएट विमेंस एजुकेशन बोर्ड (NCWEB) के तहत स्नातक प्रवेश की पहली कट-ऑफ सूची जारी कर दी है। इसके साथ ही बीए (प्रोग्राम) और बीकॉम पाठ्यक्रमों में प्रवेश प्रक्रिया 28 जुलाई से शुरू हो गई है। निर्धारित कट-ऑफ पूरी करने वाली अभ्यर्थी आधिकारिक NCWEB पोर्टल के माध्यम से ऑनलाइन दाखिले की प्रक्रिया पूरी कर सकती हैं।

NCWEB के तहत प्रवेश दिल्ली विश्वविद्यालय की नियमित स्नातक प्रवेश प्रक्रिया से अलग है। जहां रेगुलर कॉलेजों में प्रवेश CUET-UG के आधार पर होता है, वहीं NCWEB में दाखिला कक्षा 12वीं के अंकों की मेरिट के आधार पर दिया जाता है।

शुरू हुई एडमिशन प्रक्रिया

विश्वविद्यालय ने 27 जुलाई को पहली कट-ऑफ सूची जारी की थी और इसके बाद अब पात्र छात्राओं के लिए ऑनलाइन प्रवेश प्रक्रिया शुरू हो चुकी है। दाखिला तभी मान्य होगा जब अभ्यर्थी निर्धारित पात्रता शर्तें पूरी करें और दस्तावेजों का सफल सत्यापन हो जाए। विश्वविद्यालय ने बीए (प्रोग्राम) और बीकॉम दोनों पाठ्यक्रमों के लिए अलग-अलग शिक्षण केंद्रों की कट-ऑफ भी जारी की है।

DU NCWEB Admission 2026: महत्वपूर्ण तारीखें

केवल दिल्ली की महिलाओं के लिए है NCWEB

एनसीडब्ल्यूईबी का उद्देश्य उन महिलाओं को उच्च शिक्षा उपलब्ध कराना है जो नौकरी, पारिवारिक जिम्मेदारियों या अन्य कारणों से नियमित कॉलेज नहीं जा सकतीं। इस योजना के तहत केवल राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र (NCT) दिल्ली की महिला अभ्यर्थी ही आवेदन कर सकती हैं। इन पाठ्यक्रमों की कक्षाएं आमतौर पर सप्ताहांत (वीकेंड) पर आयोजित की जाती हैं, जिससे छात्राएं अपनी अन्य जिम्मेदारियों के साथ पढ़ाई भी जारी रख सकें।

सेंटर-वाइज कट-ऑफ के आधार पर मिलेगा दाखिला

दिल्ली विश्वविद्यालय ने विभिन्न एनसीडब्ल्यूईबी शिक्षण केंद्रों के लिए अलग-अलग कट-ऑफ जारी की है। अभ्यर्थियों को अपने चुने हुए केंद्र और पाठ्यक्रम की कट-ऑफ पूरी करनी होगी। इसके बाद दस्तावेज सत्यापन और अन्य औपचारिकताएं पूरी होने पर प्रवेश दिया जाएगा।

पहले ही पूरी हो चुकी है रजिस्ट्रेशन प्रक्रिया

एनसीडब्ल्यूईबी में स्नातक प्रवेश के लिए ऑनलाइन पंजीकरण 8 जुलाई से 24 जुलाई 2026 तक किया गया था। अब पहली मेरिट सूची जारी होने के बाद एडमिशन प्रक्रिया शुरू हो गई है। जिन अभ्यर्थियों का नाम पहली सूची में नहीं आया है, उन्हें निराश होने की जरूरत नहीं है। सीटें खाली रहने पर विश्वविद्यालय दूसरी, तीसरी और आवश्यकता पड़ने पर चौथी व पांचवीं कट-ऑफ भी जारी करेगा।