शिक्षा निदेशालय ने अकादमी सत्र 2026-27 के लिए EWS, DG और CWSN कैटेगरी के तहत एडमिशन के लिए पहला कंप्यूटराइज्ड ड्रोन ऑफ लॉट्स आज 6 अप्रैल को आयोजित किया। इस केंद्रीकृत प्रक्रिया के जरिए राजधानी के प्राइवेट अनएडेड स्कूलों में रिजर्व सीटों का उचित आवंटन किया जाएगा। ड्रॉ के बाद चयनित अभ्यर्थियों को उनके रजिस्टर्ड मोबाइल नंबर पर SMS के जरिए स्कूल अलॉटमेंट और डॉक्युमेंट वेरिफिकेशन की जानकारी दी जाएगी।
Delhi EWS Admission 2026: पूरा शेड्यूल
| इवेंट | तारीख |
| पहला ड्रॉ ऑफ लॉट्स | 6 अप्रैल 2026 (सुबह 10 बजे) |
| डॉक्युमेंट स्क्रूटिनी | 9 अप्रैल से 22 अप्रैल 2026 |
| डॉक्युमेंट जमा (त्रुटि होने पर) | 9 अप्रैल से 2 मई 2026 |
| स्कूल में एडमिशन प्रक्रिया | 9 अप्रैल से 20 मई 2026 |
| नॉन-रिपोर्टेड कैंडिडेट्स के लिए आखिरी मौका | 23 अप्रैल से 28 अप्रैल 2026 |
| DAMC में अपील | 7 मई से 12 मई 2026 |
| DAMC का अंतिम फैसला | 13 मई से 16 मई 2026 |
ऐसे होगा डॉक्युमेंट वेरिफिकेशन
शिक्षा निदेशालय के अनुसार, 29 जोनल टीमों द्वारा 9 अप्रैल से 22 अप्रैल के बीच दस्तावेजों की जांच की जाएगी। यह प्रक्रिया जिला प्रशासन की निगरानी में पूरी होगी। साथ ही, जिला कार्यालयों में हेल्पडेस्क और सिंगल विंडो सिस्टम भी बनाए जाएंगे ताकि अभ्यर्थियों को किसी प्रकार की परेशानी न हो।
जरूरी दस्तावेजों की लिस्ट
एडमिशन के दौरान अभ्यर्थियों को निम्नलिखित डॉक्युमेंट्स प्रस्तुत करने होंगे, जो इस प्रकार हैं।
जन्म तिथि प्रमाण पत्र
आय प्रमाण पत्र (EWS के लिए)
जाति प्रमाण पत्र (DG के लिए)
दिव्यांग प्रमाण पत्र (CWSN के लिए)
निवास प्रमाण (राशन कार्ड, डोमिसाइल, वोटर आईडी, बिजली/पानी बिल)
आवेदन में गलती होने पर क्या करें?
यदि किसी आवेदन में त्रुटि पाई जाती है, तो उम्मीदवार को डेफिशिएंसी मेमो जारी किया जाएगा। ऐसे में वे 9 अप्रैल से 2 मई के बीच जरूरी दस्तावेज जमा कर सकते हैं।
नॉन-रिपोर्टेड कैंडिडेट्स के लिए मौका
जो अभ्यर्थी तय समय में वेरिफिकेशन के लिए उपस्थित नहीं हो पाते हैं, उन्हें 23 अप्रैल से 28 अप्रैल तक अंतिम मौका दिया जाएगा।
अपील कैसे करें?
यदि किसी उम्मीदवार को एडमिशन प्रक्रिया से संबंधित शिकायत है, तो वे जिला एडमिशन मॉनिटरिंग कमेटी (DAMC) के सामने 7 मई से 12 मई के बीच अपील कर सकते हैं। इस पर अंतिम फैसला 13 मई से 16 मई के बीच जारी किया जाएगा।
आगे क्या होगा?
शिक्षा विभाग के अनुसार, यदि पहली लॉटरी के बाद सीटें खाली रह जाती हैं, तो उन्हें भरने के लिए आगे और ड्रॉ ऑफ लॉट्स आयोजित किए जाएंगे।
