गोली लगी तो भी लड़ते रहे, पर्सनैलिटी देख डायरेक्टर ने कर दिया था फिल्म ऑफर; यूपी के रियल ‘सिम्बा’ अनिरुद्ध की कहानी…

अनिरुद्ध सिंह मूल रूप से यूपी के जालौन के रहने वाले हैं। वह 2001 बैच के इंस्पेक्टर हैं। वाराणसी, जौनपुर, चंदौली में अपने कार्यकाल के दौरान वह काफी चर्चित रहे।

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अनिरुद्ध सिंह की गिनती साहसी पुलिसवालों के तौर पर होती है। फोटो सोर्स- फेसबुक, @anirudha singh

वाराणसी में एक बार फिल्म की शूटिंग चल रही थी और उत्तर प्रदेश के तेज-तर्रार पुलिस वाले अनिरुद्ध सिंह वहां भीड़ को नियंत्रित कर रहे थे। अनिरुद्ध सिंह की पर्सनैलिटी से फिल्म के डायरेक्टर इतने प्रभावित हुए कि उन्होंने उसी वक्त उन्हें तेलुगु फिल्म ‘Dr. Chakravarthy’ में काम करने का ऑफर दे दिया। उच्च अधिकारियों से परमिशन लेकर अनिरुद्ध सिंह ने इस फिल्म में भी काम किया। इसके बाद अनिरुद्ध सिंह को फिल्म ‘Guns of Benaras’ में भी अहम किरदार ऑफर किया गया।

हम बात कर रहे हैं साहसी पुलिसवालों की लिस्ट में शुमार एनकाउंटर स्पेशलिस्ट अनिरुद्ध सिंह की। अनिरुद्ध सिंह को ‘रियल सिम्बा’ भी कहा जाता है। पुलिस सेवा में अपने बेहतरीन काम की वजह से अनिरुद्ध सिंह काफी चर्चित रहे हैं। साल 2005 में वाराणसी में तैनाती के दौरान अनिरुद्ध सिंह पर 50 हजार के इनामी बदमाश ने गिफ्तारी के डर से गोली चलाई थी। कहा जाता है कि गोली लगने के बाद भी अनिरुद्ध सिंह मोर्चे पर डटे रहे।

अनिरुद्ध सिंह मूल रूप से यूपी के जालौन के रहने वाले हैं। वह 2001 बैच के इंस्पेक्टर हैं। वाराणसी, जौनपुर, चंदौली में अपने कार्यकाल के दौरान वह काफी चर्चित रहे। बताया जाता है कि उन्होंने अब तक 26 एनकाउंटर किये हैं। अनिरुद्ध सिंह ने पुलिस सेवा के दौरान अपना बेहतरीन नेटवर्क तैयार किया था। साल 2007 में मुखबिरों के नेटवर्क की बदौलत यूपी, छत्तीसगढ़, बिहार और मध्य प्रदेश में आतंक मचाने वाले 3 लाख रुपए के इनामी बदमाश सुनील कोल को एक एनकाउंटर में अनिरुद्ध सिंह ने मार गिराया था। उनकी इस बहादुरी ने काफी सुर्खियां बटोरी थीं।

अनिरुद्ध सिंह की पहली पोस्टिंग वाराणसी में हुई थी। एक वेबसाइट से बातचीत में अनिरुद्ध सिंह ने कहा था कि वो पुलिस ऑफिसर ही बनना चाहते थे। अनिरुद्ध सिंह ने खुद बताया था कि उन्होंने कई ऐसी सरकारी नौकरियां छोड़ दीं, जिन्हें हासिल करने के बाद वो आराम की जिंदगी जी सकते थे।

चंदौली में अनिरुद्ध सिंह ने नक्सलियों का सफाया करने में अहम रोल निभाया। बताया जाता है कि अनिरुद्ध सिंह एक बेहतरीन फोटोग्राफर भी हैं। उनके द्वारा ली गईं तस्वीरें कई एग्जीबिशन और अखबारों में नजर आती हैं। इसके अलावा उन्हें स्केचिंग का भी शौक है। इलाहाबाद यूनिवर्सिटी के इस छात्र को इतिहास और राजनीति विषय की काफी जानकारी है। अनिरुद्ध सिंह की पत्नी का नाम समीक्षा सिंह है। सोशल मीडिया पर अनिरुद्ध सिंह के फॉलोअर्स की काफी संख्या है।

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