scorecardresearch

बिहार के इस स्कूल में लड़कों को बांटे गए सैनिटेरी पैड्स, जानिए कैसे खुला मामला

इस घोटाले में सामने आया कि सैनिटरी नैपकिन का पैसा विद्यालय के दर्जनों लड़कों के खाते में डाल दिया गया था।

bihar, scam, saran district, sanitary pads for boys
प्रतीकात्मक तस्वीर। (Photo Credit – Indian Express)

देश में समय-समय पर कई तरह के घोटाले के सामने आते रहे हैं। इन्हें अंजाम तक पहुंचाने के लिए घोटालेबाज नायाब तरकीब का सहारा लेते हैं। अब ऐसा ही घोटाला बिहार के सारण जिले के मांझी प्रखंड के एक विद्यालय से सामने आया है, जहां लड़कियों को बांटे जाने वाले सैनिटरी नैपकिन और पोशाक लड़कों को भी बांट दिए गए। मामले की पोल तब खुली, जब स्कूल के पुराने प्रधानाध्यापक के सेवानिवृत्त होने पर दूसरे प्रधानाध्यापक ने पदभार ग्रहण किया।

जानकारी के अनुसार, सारण जिले के मांझी प्रखंड के हलकोरी शाह उच्च विद्यालय में लड़कियों के लिए चलाई जा रही सैनिटरी नैपकिन और ड्रेस का लाभ कई दर्जन लड़कों को भी दे दिया गया। दरअसल, यह घोटाला तब सामने आया जब पुराने प्रधानाध्यापक अशोक कुमार राय के पदमुक्त होने के बाद रईस उल एहरार खान ने नए प्रधानाध्यापक के तौर प्रभार संभाला।

पदभार ग्रहण करने के कुछ दिन बाद प्रदेश के शिक्षा विभाग ने नए प्रधानाध्यापक से बीते सत्र चल रही योजनाओं के उपयोगिता प्रमाण पत्र मांगे, क्योंकि पुराने प्रधानाध्यापक ने करीब 1 करोड़ की योजनाओं के प्रमाण पत्र विभाग में जमा नहीं करवाए थे। ऐसे में जब रईस उल एहरार खान ने बैंक स्टेटमेंट निकलवाए तो पता चला कि लड़कियों के लिए चलाई जा रही योजनाओं की राशि लड़कों के खातों में भी डाली गई थी। मामले में चौंकाने वाली बात यह थी कि सैनिटरी नैपकिन तक का पैसा दर्जनों लड़कों के खाते में डाल दिया गया था।

यह पूरा मामला पिछले तीन वित्तीय वर्षों का है। तब इस विद्यालय का प्रभार अशोक कुमार राय के पास था। अशोक कुमार राय के सेवानिवृत्त होने के बाद रईस उल एहरार खान ने नए प्रधानाध्यापक के तौर प्रभार संभाला था। ऐसे में जब बैंक स्टेटमेंट में घोटाले की बात सामने आई तो उन्होंने जिलाधिकारी को पत्र लिखकर पूरे मामले की जानकारी दी।

मामले की गंभीरता को संज्ञान में लेते हुए जिलाधिकारी ने शिक्षा विभाग को एक टीम का गठन करने का निर्देश दिया है। इस मामले पर शिक्षा विभाग द्वारा जांच की जा रही है। डीपीओ राजन गिरी ने बताया है कि जांच कमेटी की रिपोर्ट व अन्य विभागीय जांच के बाद दोषियों पर कानूनी कार्रवाई की जाएगी।

पढें जुर्म (Crimehindi News) खबरें, ताजा हिंदी समाचार (Latest Hindi News)के लिए डाउनलोड करें Hindi News App.