ताज़ा खबर
 

रायबरेली: दलित युवक की पुलिस कस्टडी में मौत, परिजनों ने कहा- पिटाई से मरा; सड़क पर उतरे ग्रामीण

मोनू के भाई ने मीडिया को बताया कि 'मोनू के भाई ने बताया कि पुलिस ने मुझे और उनके भाई को पकड़ा था। वो लोग हमसे चाबी के बारे में पूछ रहे थे। सोनू का आरोप है कि पुलिसवालों ने मोनू को पुलिस स्टेशन में बुरी तरह पीटा।

uttar pradesh, lucknow, dalit youth deadइस मामले में पुलिस स्टेशन के इंचार्ज को सस्पेंड कर दिया गया है। प्रतीकात्मक तस्वीर।

उत्तर प्रदेश के रायबरेली में एक दलित लड़के की पुलिस कस्टडी में मौत के बाद लोग सड़क पर उतरकर हंगामा करने लगे। लड़के के परिजनों ने आरोप लगाया है कि पुलिस ने उनके बेटे को टॉर्चर किया और उसकी पिटाई की जिसकी वजह से यह मौत हुई है। रविवार (30-08-2020) की सुबह लड़के की मौत के बाद इस मामले में प्रशासन ने कार्रवाई करते हुए संबंधित थाने के इंचार्ज को इसी दिन सस्पेंड कर दिया। हालांकि पुलिस का कहना है कि इस युवक को मोटरसाइकिल चोरी के आरोप में पकड़ा गया था। पुलिस के मुताबिक उसे निमोनिया था और सांस लेने में तकलीफ भी हो रही थी।

मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक 19 साल के मोनू उर्फ मोहित को पुलिस ने शुक्रवार को रायबरेली के लालगंज इलाके से हिरासत में लिया था। उसपर आरोप था कि वो मोटरसाइकिल चुराने वाले एक गैंग का सदस्य है। इस मामले में 4 अन्य लोगों को भी पहले पकड़ा गया था। कहा जा रहा है कि पकड़े गए सभी पांचों लोगों को थाने में 24 घंटे से ज्यादा रखा गया था। बता दें कि हिरासत में लिए जाने के बाद किसी भी शख्स को 24 घंटे से ज्यादा समय तक पुलिस स्टेशन में रखना गैरकानूनी है।

मोनू के परिवार वालों का कहना है कि थाने में मोनू को पुलिस वालों ने पीटा और काफी टॉर्चर किया। मोनू के साथ पुलिस ने उसके भाई को पकड़ा था। मोनू के भाई ने मीडिया को बताया कि ‘मोनू के भाई ने बताया कि पुलिस ने मुझे और उनके भाई को पकड़ा था। वो लोग हमसे चाबी के बारे में पूछ रहे थे। सोनू का आरोप है कि पुलिसवालों ने मोनू को पुलिस स्टेशन में बुरी तरह पीटा।

हालांकि इस मामले में पुलिस अपनी तरफ से सफाई दे रही है औऱ उसने सभी आरोपों से इनकार कर दिया है। पुलिस का दावा है कि मोनू की मौत जिला अस्पताल में इलाज के दौरान हुई थी। उसे कोविड संक्रमण के लक्षण थें। पुलिस के मुताबिक मोनू ने शनिवार को पेट में दर्द की शिकायत की थी।

इसके बाद उसे नजदीकी अस्पताल में भर्ती कराया गया था। शनिवार की सुबह उसकी तबीयत ज्यादा खराब हो गई जिसके बाद उसे जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया था। चिकित्सकों ने बताया कि उसे निमोनिया के लक्षण थें और सांस लेने में तकलीफ थी। उसे कोई शरीरीक चोट नहीं पहुंची थी। सुबह 11 बजे उसकी मौत हो गई।

युवक की मौत के मामले में उच्च अधिकारियों का कहना है कि ‘प्रथम दृष्टया ऐसा लगता है कि युवक को गलत तरह से लाकर पुलिस स्टेशन में रखा गया था। फिलहाल इस मामले में पुलिस की भूमिका की जांच हो रही है।’

Hindi News के लिए हमारे साथ फेसबुक, ट्विटर, लिंक्डइन, टेलीग्राम पर जुड़ें और डाउनलोड करें Hindi News AppOnline game में रुचि है तो यहां क्‍लिक कर सकते हैं।

Next Stories
1 यूपी: ‘IPS पति का कई महिलाओं से है अवैध संबंध फोन पर करते हैं गंदी बातें’, पत्नी ने अमित शाह को भेजा स्नैपशॉट और वीडियो; कार्रवाई की मांग
2 रिया को गौरव आर्या देता था ड्रग्स? रेव पार्टी में भी शामिल होने का लग चुका है आरोप; ED के सवालों का देना होगा जवाब
3 यूपी: मथुरा में चलती बस में महिला से रेप का आरोप, आरोपी गिरफ्तार; पुलिस जुटी जांच में
IPL 2020
X