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चौपाल: वादे और इरादे

अगर नोटबंदी से देश में जमा सारा काला धन बाहर आ गया था तो सवाल है कि वह गया कहां? क्या काला धन बाहर आकर फिर से स्विस बैंकों में तो नहीं चला गया?

Author June 30, 2018 2:45 AM
प्रतीकात्मक तस्वीर

पिछले लोकसभा चुनाव में काले धन पर लगाम लगाने के वादे के साथ सत्ता में आई राजग सरकार के लिए यह रिपोर्ट असुविधाजनक है कि भारतीय नागरिकों का स्विस बैंकों में जमा काला धन 50 फीसद तक बढ़कर 7000 करोड़ के पार पहुंच गया है। यह रिपोर्ट मौजूदा सरकार के वादे ‘विदेशों में जमा सारा काला धन लेकर आएंगे’ पर भी सवाल खड़े करती है।
स्विस बैंकों के आंकड़े देखें तो पता चलता है कि 2004 में इन बैंकों में भारतीयों का पैसा 56 फीसद बढ़ा था। उसके बाद इसमें 2011 में 12 फीसद, 2013 में 43 फीसद और 2017 में 50.2 फीसद की बढ़ोतरी हुई है। इससे साफ है कि काला धन कितनी तेजी से बढ़ रहा है। अगर नोटबंदी से देश में जमा सारा काला धन बाहर आ गया था तो सवाल है कि वह गया कहां? क्या काला धन बाहर आकर फिर से स्विस बैंकों में तो नहीं चला गया?
’मौहम्मद अली, दिल्ली स्कूल ऑफ जर्नलिज्म

अफवाह के शिकार
इन दिनों उत्तर प्रदेश, पश्चिम बंगाल, गुजरात आदि में बच्चा चोरी की अफवाह इस कदर फैली है कि लोग बिना सोचे-समझे किसी भी अजनबी व्यक्ति पर हमला करके उसे मार डालते हैं। सोशल मीडिया बच्चा चोरी की अफवाहों को बढ़ाने में सहायक बना हुआ है। लोगों ने बिना सच्चाई जाने कथित बच्चा चोरों के वीडियो और तस्वीरें सोशल मीडिया पर प्रसारित कीं जिसके परिणामस्वरूप कई निर्दोष लोगों को अपनी जान गंवानी पड़ी है। उनकी जान लेने वाली भीड़ की आंखों पर अफवाह की पट्टी बंधी थी। अफवाहों को वीडियो और तस्वीरों की शक्ल देकर इन्हें आगे बढ़ाने वाले हम सब अपराधी हैं। हम बिना सोचे-समझे हर चीज पर विश्वास कर लेते हैं और अनजाने में ही अपराध के भागीदार बन जाते हैं। अफवाहें ऐसा जहर हैं जो समाज में अशांति, अराजकता, हिंसा और उन्माद को जन्म देती हैं। हमारा दायित्व है कि ऐसी अफवाहों को आगे न बढ़ाएं और देश के जिम्मेदार नागरिक बनें।
’सपना, कस्तूरी राम कॉलेज, दिल्ली

सावधानी का मौसम
बरसात का मौसम निश्चित ही राहत लाता है लेकिन इस मौसम में जगह-जगह जल भराव और गंदगी के कारण कई बीमारियां भी पनपने लगती हैं, जिनसे लोगों को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ता है। संक्रामक रोगों के लिए तो यह मौसम बहुत अनुकूल रहता है। तेज बारिश से कई जगह पानी भर जाने या पानी में करंट आने से जानलेवा दुर्घटनाएं भी हो जाती हैं। इसलिए लोगों को इस मौसम में बहुत सतर्क रहना चाहिए।
’आंचल मिश्रा, कानपुर

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