ताज़ा खबर
 

ईर्ष्या का हासिल

झूठे दावों पर अपनी फजीहत के बावजूद चीन का अहं खत्म होता नहीं दिख रहा है। वहीं अरुणाचल को लेकर भारत का अपना अभिन्न अंग होने का दावा शुरू से ही रहा है। सब कुछ भारतीय होने के बाद भी चीन की दावेबाजी खत्म नहीं हो रही है।

चीन के राष्ट्रपति शी जिनपिंग के साथ भारत के पीएम नरेंद्र मोदी (फोटो सोर्सः ट्विटर@Joydas)

चीन सीमा से भले ही पीछे लौट गया हो, पर उसकी मानसिकता अब भी भारत विरोधी ही है। हाल ही में अरुणाचल प्रदेश में यूरेनियम की खोज पर भी उसकी यही नीति सामने आई है। अब उसकी निगाह अरुणाचल सहित यूरेनियम भंडार पर है। भारत की सफलता पर वार्ता में व्यवधान की बात कह कर चीन ने धमकी दी है। भारत सरकार को कब्जे की नीति को लेकर चीन को सबक सिखाना चाहिए।
दरअसल, अरुणाचल प्रदेश में भारत को यूरेनियम की खोज में एक बड़ी सफलता मिली है।

यही बात चीन को अखर गई है। चीन के सरकारी अखबार ग्लोबल टाइम्स ने अपनी भड़ास भारत पर निकालते हुए दावा किया कि अरुणाचल प्रदेश में चीन का हिस्सा है। चीन को जलन यूरेनियम मिलने से ही नहीं, बल्कि भारत की सफलता से भी है। झूठे दावों पर अपनी फजीहत के बावजूद चीन का अहं खत्म होता नहीं दिख रहा है। वहीं अरुणाचल को लेकर भारत का अपना अभिन्न अंग होने का दावा शुरू से ही रहा है। सब कुछ भारतीय होने के बाद भी चीन की दावेबाजी खत्म नहीं हो रही है।

सीमा से अपने कदम पीछे खींचने पर मजबूर हुए चीन को भारत से विवाद के लिए कुछ न कुछ मामला चाहिए तो उसने इसे हवा दी है। भारत सरकार इस मामले में चीन के मुगालते दूर करे तो यहां भी उसे बात समझ में आ जाएगी।
’अमृतलाल मारू ‘रवि’, धार, मप्र

Next Stories
1 दमन का दौर
2 पानी की कीमत
3 चुनौतियों के सामने
ये पढ़ा क्या?
X