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चौपालः जोखिम में परीक्षा

इस बीच सरकार ने जेईई और नीट की तारीखों की घोषणा भी कर दी है। सरकार का कहना है कि परीक्षा आयोजित करने में किसी भी तरह की देरी हुई तो विद्यार्थियों का कीमती वर्ष बर्बाद हो जाएगा।

विद्यार्थियों समेत कई राजनीतिक दल परीक्षाएं रद्द करने की मांग कर रहे हैं।

कोरोना वायरस के संक्रमण के मद्देनजर ‘जेईई’ मुख्य और ‘नीट’ परीक्षाओं को स्थगित करने की मांग बढ़ती जा रही है। विद्यार्थियों समेत कई राजनीतिक दल परीक्षाएं रद्द करने की मांग कर रहे हैं। भारत और विदेशों के विभिन्न विश्वविद्यालयों के डेढ़ सौ से अधिक शिक्षाविदों ने पत्र लिख कर कहा है कि मेडिकल और इंजीनियरिंग प्रवेश परीक्षा जेईई और नीट में अगर और देरी हुई तो विद्यार्थियों का भविष्य प्रभावित होगा।

बढ़ते कोविड-19 मामलों के मद्देनजर सितंबर में इन परीक्षाओं के आयोजन के खिलाफ हो रहे विरोध का उल्लेख करते हुए भी शिक्षाविदों ने अपने पत्र में कहा कि कुछ लोग अपने राजनीतिक एजेंडे को आगे बढ़ाने के लिए भी विद्यार्थियों के भविष्य के साथ खेलने की कोशिश कर रहे है युवा और विद्यार्थी राष्ट्र का भविष्य हैं, लेकिन कोविड-19 महामारी के कारण उनके भविष्य पर अनिश्चितताओं के बादल छा गए हैं। प्रवेश और कक्षाओं के बारे में बहुत सारी आशंकाएं हैं, जिन्हें जल्दी से जल्दी हल करने की आवश्यकता है।

इस बीच सरकार ने जेईई और नीट की तारीखों की घोषणा भी कर दी है। सरकार का कहना है कि परीक्षा आयोजित करने में किसी भी तरह की देरी हुई तो विद्यार्थियों का कीमती वर्ष बर्बाद हो जाएगा। हमारे युवाओं और विद्यार्थियों के सपनों और भविष्य के साथ किसी भी कीमत पर समझौता नहीं किया जाएगा। यों झारखंड के मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने भी कोरोनावायरस के बीच परीक्षाओं के आयोजन के प्रति विरोध जताया है। अपना तर्क रखते हुए गुजरात के शिक्षा मंत्री भूपेंद्र सिंह चुडासमा ने कहा कि गुजरात सीईटी में विद्यार्थियों की उच्च उपस्थिति से पता चलता है कि केवल एक छोटा वर्ग ही जेईई मेन और नीट परीक्षा को टालना चाहता है।

हालांकि केंद्र सरकार ने आश्वासन दिया है कि वह पूरी सावधानी बरतते हुए ही जेईई और नीट परीक्षाएं आयोजित कराएगी, ताकि विद्यार्थियों के भविष्य का भी ध्यान रखा जा सके और 2020-21 के लिए अकादमिक कैलेंडर भी तैयार किया जा सके। अब देखना है कि इन परीक्षाओं को लेकर जताई जाने वाली चिंता और बढ़ते विरोध के बीच सरकार अगर पीछे नहीं हटती है तो उसे परीक्षा में शामिल होने वाले विद्यार्थियों को संक्रमण से बचाने के लिए हर उपाय करना चाहिए।
’निधि जैन, लोनी, गाजियाबाद, उप्र

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