पश्चिम एशिया में फिर से तनाव बढ़ने के बीच बुधवार को तेल की कीमतों में लगभग 2% की बढ़ोतरी हुई। यह तनाव अमेरिका द्वारा ईरान पर नए हमले करने और ईरानी कच्चे तेल की बिक्री पर फिर से प्रतिबंध लगाने के बाद बढ़ा। गोलीबारी के बाद, होर्मुज जलडमरूमध्य (Strait of Hormuz) में खतरे का स्तर ‘गंभीर’ कर दिया गया है।

न्यूज़ एजेंसी रॉयटर्स की रिपोर्ट के मुताबिक, यह तनाव तब बढ़ा जब अमेरिका ने होर्मुज जलडमरूमध्य से गुजर रहे तीन कमर्शियल जहाजों पर ईरान द्वारा हमले का आरोप लगाया; यह जलडमरूमध्य मिडिल ईस्ट से तेल निर्यात के लिए एक अहम शिपिंग रूट है।

06:58 AM (IST) पर ब्रेंट क्रूड फ्यूचर्स 1.38 डॉलर या 1.9% बढ़कर 75.54 डॉलर प्रति बैरल हो गया, जबकि US वेस्ट टेक्सास इंटरमीडिएट क्रूड 1.37 डॉलर या 1.9% बढ़कर 71.81 डॉलर प्रति बैरल हो गया। बढ़ती कीमतों का ग्लोबल असर हो सकता है और इससे अलग-अलग देशों में घरेलू कीमतें तेजी से बढ़ सकती हैं।

ईरान और अमेरिका के बीच समझौता ज्ञापन (MoU) पर हस्ताक्षर होने तक, भारत ने मार्च के बाद से कम से कम चार बार पेट्रोल और डीजल की कीमतें बढ़ाई थीं।

मंगलवार को भी दोनों बेंचमार्क में लगभग 3% की बढ़ोतरी हुई थी, जब वाशिंगटन ने उस जनरल लाइसेंस को रद्द कर दिया था जिसने कथित हमलों के बाद ईरानी कच्चे तेल की बिक्री को मंजूरी दी थी।

पिछले महीने अमेरिका और ईरान के बीच युद्ध-विराम समझौते के बाद तेल की कीमतें युद्ध-पूर्व स्तर पर आ गई थीं क्योंकि ट्रेडर्स ने तेल फ्यूचर्स में बड़ी शॉर्ट पोजीशन बनाई थीं, इस उम्मीद में कि कीमतें गिरती रहेंगी।

सुरक्षा खतरा ‘गंभीर’ स्तर पर पहुंचा

तेल और गैस की कीमतों में यह उछाल तब आया जब मंगलवार को होर्मुज जलडमरूमध्य के पास कतर के एक LNG टैंकर में विस्फोट का खतरा पैदा हो गया और सऊदी अरब के एक कच्चे तेल के टैंकर को नुकसान पहुंचा। रॉयटर्स की रिपोर्ट के मुताबिक, इन हमलों के बाद यूनाइटेड किंगडम मैरीटाइम ट्रेड ऑपरेशन्स ने इस जलमार्ग से गुजरने वाले जहाजों के लिए सुरक्षा खतरे का स्तर बढ़ाकर “गंभीर” (severe) कर दिया।

अमेरिकी नौसेना के नेतृत्व वाले जॉइंट मैरीटाइम इंफॉर्मेशन सेंटर (JMIC) ने भी मौजूदा हालात में जानबूझकर की गई शत्रुतापूर्ण कार्रवाई का हवाला देते हुए खतरे के स्तर को “काफी अधिक” (substantial) से बढ़ाकर “गंभीर” (severe) कर दिया। 15 जून के बाद यह पहली बार था जब खतरे के स्तर को सबसे ऊंचे कैटेगरी तक बढ़ाया गया।

JMIC ने एक एडवाइजरी में कहा, “हाल की पुष्टि हुई घटनाएं बताती हैं कि खतरे का माहौल बना हुआ है और अत्यधिक सतर्कता की जरूरत है।” इसमें नाविकों को यह भी चेतावनी दी गई कि वे नौसेना की लगातार तैनाती, आने-जाने के रास्तों पर भीड़ और इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स की ओर से बार-बार रोके जाने या पूछताछ किए जाने की उम्मीद रखें।

लाइसेंस रद्द

व्हाइट हाउस ने मंगलवार को ईरान को तेल बेचने के लिए दिया गया वह लाइसेंस भी रद्द कर दिया, जो तनाव कम करने की कोशिशों के तहत दिया गया था।

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