ताज़ा खबर
 

सैमसंग को मिला चीनी कंपनिय़ों के खिलाफ माहौल का फायदा! बनी नंबर वन, Xiaomi को करारा झटका

बीते कुछ महीनों से चीनी कंपनियों के खिलाफ बने माहौल का फायदा सीधे तौर पर दक्षिण कोरियाई कंपनी सैमसंग को मिला है। इसके चलते सैमसंग बीते सालों में पहली बार स्मार्टफोन की सेल के मामले में पहले नंबर पर पहुंच गई है।

samsung smartphonesस्मार्टफोन्स की सेल में नंबर वन हुई सैमसंग

बीते कुछ महीनों से चीनी कंपनियों के खिलाफ बने माहौल का फायदा सीधे तौर पर दक्षिण कोरियाई कंपनी सैमसंग को मिला है। इसके चलते सैमसंग बीते सालों में पहली बार स्मार्टफोन की सेल के मामले में पहले नंबर पर पहुंच गई है। 2020 की पहली तिमाही में कंपनी भारत में सबसे बड़ा स्मार्टफोन ब्रांड बनकर उभरी है। जुलाई से सितंबर तिमाही के दौरान सैमसंग की सेल में 32 पर्सेंट का इजाउा देखने को मिला है। 24 फीसदी मार्केट शेयर के साथ कंपनी पहले पायदान पर है और उसने चीन की कंपनी Xiaomi को पीछे छोड़ दिया है। बीते साल सैमसंग का मार्केट शेयर 20 फीसदी था। इस लिहाज से देखें तो कंपनी के मार्केट शेयर में 4 पर्सेंट का बड़ा इजाफा हुआ है।

दूसरी तरफ शाओमी के मार्केट शेयर में 3 पर्सेंट की गिरावट आई है और अब वह 23 पर्सेंट पर ठहर गई है। बीते साल कंपनी 26 फीसदी बाजार हिस्सेदारी के साथ पहले नंबर पर थी। हालांकि मार्केट शेयर में भले ही सैमसंग नंबर वन पर है, लेकिन टॉप 5 प्लेयर्स में अब भी चीन की ही 4 कंपनियां शामिल हैं। शाओमी 23 पर्सेंट के साथ दूसरे नंबर पर है जबकि Vivo का मार्केट शेयर भी 16 पर्सेंट बना हुआ है। इसके अलावा रियलमी 15 पर्सेंट के साथ चौथे स्थान पर है और 10 फीसदी मार्केट हिस्सेदारी के साथ 5वें नंबर पर है। इन सभी को जोड़ लिया जाए तो अब भी स्मार्टफोन मार्केट में 64 पर्सेंट हिस्सेदारी चीनी कंपनियों की ही है।

भारत और चीन सीमा पर तनाव के कारण चीन और चीनी वस्तुओं के खिलाफ सोशल मीडिया पर व्यापक मुहिम छिड़ी हुई है। बॉयकॉट चाइनीज ब्रांड्स के ट्रेंड लगातार जारी हैं। नतीजतन इस साल की दूसरी तिमाही में चीनी स्मार्टफोन ब्रांडों की हिस्सेदारी पहली तिमाही में 81 प्रतिशत से 72 प्रतिशत तक गिर गई थी। हालांकि विशेषज्ञ अभी इसे बहुत ज्यादा असरदार नही मानते हैं क्योंकि चाइनीज स्मार्टफोन का भारतीय बाजार में ओवरऑल दबदबा अभी भी कायम है।

पूरे भारतीय हैंडसेट बाजार, जिसमें फीचर फोन भी शामिल हैं, को देखा जाए तो साल 2020 की तीसरी तिमाही में 8 फीसदी की वृद्धि की। बाजार में फीचर फोन ने भी 5 प्रतिशत की वृद्धि दर्ज की है। जिनमें सैमसंग ओर लावा के बाद चीनी फोन Itel का दबदबा बना हुआ है।

जानकारों का मानना है कि चीनी स्मार्टफोन ब्रांड खासतौर पर इस फेसिटव सीजन का फायदा उठाकर ऑनलाइन से लेकर ऑफलाइन माध्यमों के जरिए ग्राहकों को लुभाने के लिए विभिन्न तरह के हथकंड़े अपना रहे हैं। जिससे चीनी स्मार्टफोन का बहिष्कार का ओवरऑल असर घटता दिखाई दे रहा है।

Hindi News के लिए हमारे साथ फेसबुक, ट्विटर, लिंक्डइन, टेलीग्राम पर जुड़ें और डाउनलोड करें Hindi News AppOnline game में रुचि है तो यहां क्‍लिक कर सकते हैं।

Next Stories
1 मुकेश अंबानी के रिलायंस इंडस्ट्रीज और फ्यूचर डील के पीछे पड़ा अमेजॉन, अब हाई कोर्ट जाकर रुकवाने की तैयारी
2 जानें, कैसे भारत के मुकाबले बांग्लादेश ने खत्म किया आर्थिक विकास का अंतर और अब आगे बढ़ने की तैयारी
3 वित्त मंत्री ने माना, इस साल जीरो ही रहेगी देश की जीडीपी ग्रोथ, चीन के भारत से आगे रहने का अनुमान
यह पढ़ा क्या?
X