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रुच‍ि सोया यह कदम कंपनी के इस बोझ को करेगा कम, जानि‍ए क्‍या है प्‍लानिंग

जुटाई गई आधी से ज्‍यादा राशि का इस्तेमाल कंपनी के भारी कर्ज के बोझ को कम करने में होगा। यह एफपीओ कंपनी को सेबी के मिनिमम 25 फीसदी पब्लिक शेयर होल्डिंग नॉर्म का अनुपालन करने में मदद करेगा।

Ruchi Soya FPO
बाबा रामदेव की रुचि सोया का अगले हफ्ते तक एफपीओ आ सकता है। सेबी की ओर से मंजूरी मिल चुकी है। (Photo By Indian Express)

भारतीय प्रतिभूति और विनिमय बोर्ड (सेबी) ने फॉलो-ऑन पब्लिक ऑफर (एफपीओ) के लिए रुचि सोया के आवेदन को मंजूरी दे दी है। मार्केट रेगुलेटर की ओर से 4,300 करोड़ रुपए तक के एफपीओ के लिए बाबा रामदेव के नेतृत्व वाली पतंजलि आयुर्वेद के स्वामित्व वाली कंपनी के ड्राफ्ट पेपर्स को को मंजूरी दे दी है। जानकारी के अनुसार रुचि सोया अगले हफ्ते तक अपना एफपीओ ला सकती है।

इस एफपीओ से होने वाली कमाई से कंपनी का एक बडा बोझ कम हो सकता है। जानकारों की मानें तो एफपीओ से हुई कमाई को कंपनी अपने कर्ज के बोझ को कम करने में लगा सकती है। आपको बता दें क‍ि जून में, एडिबल ऑयल कंपनी ने 4,300 करोड़ रुपए जुटाने के लिए एक एफपीओ लाने की घोषणा के साथ सेबी में अपने ड्राफ्ट डॉक्‍युमेंट्स जमा किए थे।

मिनिमम शेयर होल्डिंग नॉर्म का पालन करना जरूरी : यह एफपीओ सिक्‍योरिटीज कांट्रैक्‍ट (रेगुलेशन) रूल्‍स, 1957 के तहत लिस्‍टेड यूनिट में सेबी के मिनिमम शेयर होल्डिंग नॉर्म को पूरा करने के लिए किया है जो कि 25 फीसदी है। इस नियम के तहत प्रमोटर्स को इस दौर में कम से कम 9 फीसदी हिस्सेदारी बेचनी होगी। कंपनी में प्रमोटर ग्रुप की 98.90 फीसदी हिस्सेदारी है।

इतनी कम करनी होगी हिस्‍सेदााारी :  सेबी के मिनिमम शेयर होल्डिंग नॉर्म के अनुसार, लिस्टिंग आवश्यकता के अनुपालन में कंपनी को 25 फीसदी मिनिमम शेयर होल्डिंग हासिल करने के लिए प्रमोटर हिस्सेदारी कम करने की आवश्यकता है। कंपनी के पास अपनी हिस्सेदारी को घटाकर 75 फीसदी करने के लिए दिसंबर 2022 तक का समय है।

धन का उपयोग कैसे किया जाएगा : जानकारीके अनुसार एफपीओ का 60 फीसदी मुख्य रूप से रुचि सोया के कर्ज को कम करने के लिए इस्तेमाल किया जाएगा, जबकि 20 फीसदी वर्किंग कैपिटल के लिए और बाकी 20 फीसदी का यूज जनरल कॉर्पोरेट यूज के लिए किया जाएगा। 2019 में, पतंजलि आयुर्वेद ने 4,350 करोड़ रुपए में दिवाला प्रक्रिया के माध्यम से रुचि सोया का अधिग्रहण किया। रुचि सोया मुख्य रूप से तिलहन के प्रसंस्करण, खाना पकाने के तेल के रूप में उपयोग के लिए कच्चे खाद्य तेल के रिफानिंग के साथ-साथ सोया उत्पादों और मूल्य वर्धित उत्पादों के निर्माण के व्यवसाय में काम करती है।

रुचि सोया के शेयरों में तेजी : आज कंपनी के शेयरों में एक फीसदी की तेजी देखने को मिल रही है। मौजूदा समय में रुचि का शेयर 11.75 रुपए की तेजी के साथ 1134.20 रुपए पर कारोबार कर रहा है। जबकि आज कारोबारी सत्र के दौरान कंपनी का शेयर 1182.90 रुपए तक पहुंच गया था। आज कंपनी के शेयरों की शुरुआत तेजी के साथ 1140 रुपए पर हुई थी।

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