पीएनबी को सिनटेक्स इंडस्ट्रीज ने लगाया 1,203 करोड़ रुपये का चूना, जानें- क्या है इस कंपनी का कारोबार

मार्च, 2020 तक कंपनी पर 7,218.85 करोड़ रुपये का कर्ज था। इसमें से 2,203 करोड़ रुपये के लोन के मामले में कंपनी डिफॉल्टर साबित हो चुकी थी। यही सिनटेक्स ने 2019 में कर्ज की रिस्ट्रक्चरिंग के प्लान को खारिज कर दिया था और दिवालिया प्रक्रिया से गुजरने की बात कही थी।

punjab national bank
पंजाब नेशनल बैंक

सरकारी क्षेत्र के पंजाब नेशनल बैंक ने 1,203 करोड़ रुपये के कर्ज की धोखाधड़ी की बात कही है। बैंक ने सिनटेक्स इंडस्ट्रीज लिमिटेड के एनपीए अकाउंट को फ्रॉड करार दिया है। बैंक ने शेयर बाजारों को दी अपनी जानकारी में कहा है कि बैंक ने आरबीआई को 1,203 करोड़ रुपये के फ्रॉड की रिपोर्ट की है। भारतीय रिजर्व बैंक के नियमों के मुताबिक यदि किसी भी अकाउंट में फ्रॉड हुआ है तो उसकी 100 फीसदी रकम को बैंक को एनपीए घोषित करना होगा। हालांकि यह प्रोविजन कई तिमाहियों में किया जा सकता है। इसका अर्थ यह होता है कि बैंक ने इस रकम को अपने संभावित नुकसान में शामिल कर लिया है और उसके वापस मिलने की उम्मीद नहीं है। आइए जानते हैं, आखिर क्या करती है सिनटेक्स इंडस्ट्रीज लिमिटेड…

टेक्सटाइल से लेकर प्लास्टिक टैंक तक बनाने वाली इस कंपनी की शुरुआत 1931 में हुई थी। तब इस कंपनी का नाम भारत विजय मिल्स लिमिटेड था और गुजरात के कलोल में टेक्सटाइल मिल के तौर पर स्थापना हुई थी। इसके बाद इसी कंपनी रिब्रांडिंग सिनटेक्स इंडस्ट्रीज लिमिटेड के नाम से हुई थी। फिर कंपनी ने वॉटर टैंक, स्टोरेज टैंक समेत प्लास्टिक के कई बड़े आइटम्स तैयार करने की शुरुआत की। यही नहीं कंपनी ने प्लास्टिक के दरवाजे, विंडो फ्रेम और पैलेट्स भी बनाने शुरू कर दिए।

प्लास्टिक पार्टिशन, फॉल्स सीलिंग, वॉल पैनलिंग, केबिन, कैबिनेट्स और फर्नीचर भी सिनटेक्स इंडस्ट्रीज लिमिटेड के द्वारा तैयार किए जाते हैं। फिलहाल कंपनी कर्ज के बड़े संकट से जूझ रही है। मार्च, 2020 तक कंपनी पर 7,218.85 करोड़ रुपये का कर्ज था। इसमें से 2,203 करोड़ रुपये के लोन के मामले में कंपनी डिफॉल्टर साबित हो चुकी थी। यही नहीं सिनटेक्स ने 2019 में कर्ज की रिस्ट्रक्चरिंग के प्लान को खारिज कर दिया था और दिवालिया प्रक्रिया से गुजरने की बात कही थी।

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