अगर आप अपने पीएफ का पैसा निकालने का सोच रहे हैं तो यह खबर आपके काफी काम की है। बता दें कि आपके पीएफ खाते से पैसा निकालने के लिए जरूरी है कि आपके कर्मचारी भविष्य निधि संगठन (EPFO) खाते में बैंक की केवाईसी अपडेट हो। अगर आपकी केवाईसी अपडेट नहीं है तो आपको चिंता करने की जरूरत नहीं है। आप इसे काफी आसानी से ऑनलाइन पूरा कर सकते हैं।
इस तरह आसान तरीके से आप केवाईसी प्रोसेस को पूरा कर सकते हैं –
– सबसे पहले UAN नंबर और पासवर्ड के जरिए आधिकारिक UAN पोर्टल पर लॉग इन करें।
– होम पेज पर दिख रहे ‘मैनेज’ पर क्लिक करें और ‘केवाईसी’ टैब चुनें।
– अब बैंक ऑप्शन पर क्लिक करें।
– इसके बाद नया बैंक अकाउंट नंबर और आईएफएसई कोड दर्ज करें।
– आपके आधार से लिंक मोबाइल नंबर पर आए OTP को दर्ज करके सबमिट करें।
– इसके बाद PAN बटन पर क्लिक करें, अपना PAN नंबर डालें और फिर से OTP के जरिए इसे सबमिट कर दें।
– अब आपको स्टेटस में Pending with Employer for digital signing दिखाई देगा।
– जैसे ही आपकी कंपनी इसे अप्रूव कर देगी, आपकी केवाईसी अपडेट हो जाएगी।
इन बातों का रखें ध्यान
– बैंक अकाउंट में दर्ज नाम और ईपीएफओ के रिकॉर्ड में नाम सेम होना चाहिए।
– आपका मोबाइल नंबर का आधार से लिंक होना काफी जरूरी है।
– आईएफएसई कोर्ड को दर्ज करने के बाद एक बार वेरीफाई जरूर करें।
कैसे चेक करें केवाईसी अपडेट हुई है या नहीं?
आपकी बैंक की केवाईसी अपडेट हुई है या नहीं, आप इसे आसानी से पोर्टल से ही चेक कर सकते हैं। इसके लिए आपको सबसे पहले e-Sewa Portal पर लॉगइन करना होगा। यहां पर आपको मैनेज टैब कर क्लिक करना होगा। फिर आप केवाईसी रिकॉर्ड पर जाएं और Digitally Authorized KYC में स्टेट्स कॉलम को चेक करें।
उमंग ऐप के जरिए कैसे चेक करें पीएफ बैलेंस?
– सबसे पहले प्ले स्टोर या एप्पल स्टोर से उमंग ऐप डाउनलोड करें।
– उमंग ऐप ओपन करें और ईपीएफओ सर्च करें।
– View Passbook विकल्प पर क्लिक करें।
– आपके मोबाइल पर OTP आएगा इसे दर्ज करें और सब्मिट दबाएं।
– अब पासबुक चुनें, यहां आपको अपनी पीएफ पासबुक और बैलेंस की पूरी जानकारी मिल जाएगी।
यह भी पढ़ें: सैलरी मैनेजमेंट का स्मार्ट तरीका
सैलरी आते ही 50/30/20 के नियम को बजट बनाने का आसान और लोकप्रिय तरीका माना जाता है। यह नियम आपकी मंथली सैलरी को तीन हिस्सों में बांटकर खर्च और बचत को संतुलित करने में मदद करता है। इस नियम के अनुसार आपकी कमाई का 50% जरूरी खर्चों पर, 30% लाइफस्टाइल खर्चों पर और 20% बचत या निवेश के लिए रखा जाता है। यहां पढे़ं पूरी खबर…
