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आपके फाइल किए गए इनकम टैक्स रिटर्न का क्या होता है, क्या है प्रॉसेसिंग का तरीका, जानिए

मात्र आॅनलाइन इनकम टैक्स रिटर्न फॉर्म भर देने से हमारा काम पूरा नहीं होता बल्कि उसके बाद भी एक स्टेप और होता है, जिसे कम्प्लीट किए बिना हमारा इनकम टैक्स रिटर्न फाइल नहीं होता।

Author नई दिल्ली | Updated: August 25, 2016 12:05 PM

जब वित्तीय वर्ष अपनी समाप्ति की ओर होता है, तो हम अपना इनकम टैक्स रिटर्न भरते हैं। आॅनआलइन इनकम टैक्स रिटर्न भरते वक्त फॉर्म में जब हम अपनी आय से जुड़ा पूरा ब्यौरा देने के बाद सबसे आखिरी में सबमिट बटन पर क्लिक करते हैं, तो यह मान लेते हैं कि हमारा टैक्स रिटर्न फाइल हो गया। लेकिन, ऐसा सोचना गलत है, मात्र आॅनलाइन फॉर्म भर देने से हमारा काम पूरा नहीं होता बल्कि उसके बाद भी एक स्टेप और होता है, जिसे कम्प्लीट किए बिना हमारा इनकम टैक्स रिटर्न फाइल नहीं होता। हम आपको बता रहे क्या होती है इनकम टैक्स रिटर्न फाइल करने की पूरी प्रक्रिया…

इनकम टैक्स रिटर्न भरने से पहले आप अपना बैंक स्टेटमेंट, एम्प्लॉयर द्वारा दिया गया फॉर्म 16 और पिछले वर्ष के टैक्स रिटर्न फाइलिंग से संबंधित दस्तावेज अपने साथ रखें। अब आप www.incometaxindiaefiling.gov.in पर लॉग इन करें और नीचे बताए गए स्टेप्स को फॉलो करें।

स्टेप 1: वेबसाइट पर लॉगइन करने के बाद दायीं ओर तीन ऑप्शन होते हैं। इनमें सबसे पहला ऑप्शन होता है- रजिस्टर योरसेल्फ। इस ऑप्शन पर क्लिक कर खुद को रजिस्टर कर लें। जब आपका रजिस्ट्रेशन हो जाएगा तो आपसे यूजर आईडी पूछी जाएगी। आपका पैन कार्ड नंबर ही यूजर आईडी होता है।

स्टेप 2: कंप्यूटर स्क्रीन के बायीं तरफ ‘Quick Link’ मेन्यू में आपको View Form 26 AS (Tax Credit) का ऑप्शन मिलता है आप उसपर क्लिक करें। फॉर्म नंबर 26AS को ओपन करने के लिए आपकी जन्म तिथि ही पासवर्ड होता है, जिसे ‘ddmmyyyy’ के फॉर्मेट में डाली जाता है। यहां आप करंट फाइनेंशियल ईयर की टैक्स क्रेडिट स्टेटमेंट देख सकते हैं। यहां आपको वह सारे टैक्स मिल जाएंगे, जो आपकी कंपनी आपकी सैलरी में से काट रही है। फॉर्म 16 के हिसाब से जितना टैक्स आपको भरना है, इस ऑप्शन में दिए गए टैक्स से मिलान कर लें। यदि टैक्स में कोई अंतर हुआ तो बाद में आईटी डिपार्टमेंट आपको नोटिस भी दे सकता है।

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स्टेप 3: अब आप फॉर्म डाउनलोड करने के लिए ‘Quick Link’ में दिए हुए ‘Download ITR’ आप्शन पर क्लिक करें। यहां फॉर्म डाउनलोड करने के लिए आपको दो आप्शन मिलते हैं, ITR 1 और ITR 2। अगर आपकी इनकम के महज 5000 रुपए ही इनकम टैक्स के दायरे में आते हैं, तो आपको ITR-2 फॉर्म भरना होगा। यदि आप इससे ज्यादा टैक्स के दायरे में आते हैं, तो ITR-1 or ITR 4S फॉर्म भरना पड़ेगा। इससे पहले आपको ‘Quick e-file ITR’ पर पूरी जानकारी भरनी होगी। फॉर्म .zip फाइल फार्मेट में आपके कंप्यूटर में डाउनलोड होता है।

स्टेप 4: आप इस फॉर्म को ओपन करें और सभी जानकारियों को ध्यान से पढ़कर सावधानी से उन्हें भरें। कुछ जानकारियां ऐसी होती हैं जिनका ध्यान रखना बहुत जरूरी होता है। इस स्टेप में ‘Calculate Tax’ ऑप्शन मिलेगा, जिसके जरिए आप टैक्स कैलकुलेट कर सकते हैं। इस प्रोसेस को पूरा करने के बाद Pay tax (if applicable) पर क्लिक करें। साथ ही टैक्स रिटर्न के लिए चालान फॉर्म भी भरें।

स्टेप 5: अब तक जो भी जानकारी आपने भरी हैं, उन्हें कन्फर्म करने के लिए ‘Validate’ नाम से दिए गए ऑप्शन पर क्लिक करें। इसका अर्थ है कि आपने सभी जानकारियों को भर दिया है। अगर आपसे कोई चीज़ छूट जाती है तो पेज आगे नही बढ़ता और आपको उस जगह ले जाता जहां आप कोई जानकारी देना भूल गये हैं। आप उसे पूरा करें और फिर ‘Validate’ पर क्लिक कर दें।

स्टेप 6: जब आप अपने हर तरह के टैक्स को भर चुके हों तो ‘Generate XML’ पर क्लिक करें और कंप्यूटर द्वारा बनाई गई XML फाइल को सेव कर लें।

स्टेप 7: अब आपको वेबसाइट के लेफ्ट में ‘Upload Return’ नाम से ऑप्शन मिलेगा। इस ऑप्शन के जरिए जो XML फाइल आपने सेव की है, उसे फाइनेंशियल ईयर के साथ अपलोड कर दें। यदि आप साल 2015-16 के लिए इनकम टैक्स रिटर्न फाइल कर रहे हैं तो ‘AY 2015-2016’ सलेक्ट करें। अब आपसे पूछा जाएगा कि आप इस फॉर्म में डिजिटल सिग्नेचर डालना चाहते हैं या नहीं। इसके लिए आपको Yes या No का ऑप्शन मिलेगा।

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स्टेप 8: जब आप इस प्रोसेस को पूरा कर लेंगे, तो आपकी वेबसाइट पर मैसेज मिलेगा ‘successful e-filing’। इसके बाद आप एक एक्नॉलेजमेंट फॉर्म ITR—Verification (ITR-V ) जनरेट करें और उसे डाउनलोड कर लें। यह आपके द्वारा भरे गए टैक्स रिटर्न फॉर्म के सत्यापन के लिए होता है। आप इसका एक प्रिंट आउट निकाल लें और इस पर नीचे नीले रंग के पेन से हस्ताक्षर कर दें।

स्टेप 9:इसके बाद आप इसे साधारण डाक या स्पीड पोस्ट के जरिए इनकम टैक्स डिपार्टमेंट को ‘Income-Tax Department-CPC, Post Bag No-1, Electronic City Post Office, Bangalore- 560 100, Karnataka’ पते पर भेज दें। इस बात का ध्यान रहे कि आप इस प्रोसेस को टैक्स रिटर्न भरने के 120 दिनों के भीतर पूरा कर लें।

स्टेप 10:जब यह फॉर्म आयकर विभाग के पास पहुंच जाता है तो वे आपकी रजिस्टर ईमेल आई डी पर एक पवती भेज देते हैं, साथ ही आपके रजिस्टर फ़ोन नंबर पर भी एक मेसेज आता है। इस प्रक्रिया के पूरा हो जाने के बाद ही आपका टैक्स रिटर्न फाइल माना जाता है।

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