लोगों के जीवन को बचाने का लक्ष्य रखने वाले फोर्टिस के फकीर अब सत्संग की राह पर - Jansatta
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लोगों के जीवन को बचाने का लक्ष्य रखने वाले फोर्टिस के फकीर अब सत्संग की राह पर

फोर्टिस हेल्थकेयर के कार्यकारी वाइस चेयरमैन शिविंदर मोहन सिंह अपने पद से इस्तीफा दे रहे हैं।

Author नई दिल्ली | September 24, 2015 11:33 AM
लोगों के जीवन को बचाने का लक्ष्य रखने वाले फोर्टिस के फकीर अब सत्संग की राह पर

फोर्टिस हेल्थकेयर के कार्यकारी वाइस चेयरमैन शिविंदर मोहन सिंह अपने पद से इस्तीफा दे रहे हैं। वह आध्यात्मिक व धार्मिक संगठन राधा स्वामी सत्संग ब्यास से जुड़ेंगे। इसका मुख्यालय अमृतसर के नजदीक है।

कंपनी की ओर से जारी बयान के मुताबिक, फोर्टिस के सह संस्थापक 40 वर्षीय शिविंदर मोहन सिंह एक जनवरी 2016 से गैर कार्यकारी वाइस चेयरमैन बन जाएंगे।

सिंह ने कहा है, मैंने फोर्टिस की स्थापना और इसके परिचालन में दो दशक गुजारे हैं। जीवन को बचाने और इसे बेहतर बनाने का लक्ष्य मेरे जीवन का अभिन्न अंग रहा है। इसने मुझे ज्यादा प्रत्यक्ष रूप से सेवा करने और जो मुझे भरपूर मिला, उसका कुछ हिस्सा समाज को देने के लिए प्रेरित किया।

बयान के अनुसार, सिंह ने राधा स्वामी डेरा ब्यास में सेवा प्रदान करने का मौका देने का आग्रह किया था। सिंह ने कहा, मैं खुशनसीब हूं कि इसे स्वीकार कर लिया गया है। मैं फोर्टिस की कार्यकारी जिम्मेदारियां छोड़ने के बाद ब्यास के डेरे पर चला जाऊंगा।

वहीं, फोर्टिस के कार्यकारी चेयरमैन मालविंदर सिंह ने अपने छोटे भाई के फैसले का समर्थन करते हुए कहा, ऐसा हमेशा नहीं होता कि कोई समाज की सेवा के प्रति अपने आपको प्रतिबद्ध पाता है।

मुझे खुशी है कि शिविंदर जीवन के इस चरण में यह फैसला ले रहे हैं। उन्होंने कहा, फोर्टिस की स्थापना और विकास में शिविंदर का व्यापक योगदान रहा है।

बता दें कि मालविंदर व शिविंदर ने 1990 के दशक में फोर्टिस हेल्थकेयर की स्थापना की। दोनों भाइयों ने रैनबेक्सी में अपनी हिस्सेदारी 2008 में जापानी दवा कंपनी दाइची सांक्यो को बेच दी।

सिंह रेलीगेयर इंटरप्राइजेज लिमिटेड, सुपर रेलीगेयर लेबोरेटरीज व रेलीगेयर टेक्नालाजीज के प्रधान प्रवर्तकों में से एक हैं। सिंह ने ड्यूक यूनिवर्सिटी बिजनेस स्कूल, अमेरिका से एमबीए किया। वह दून स्कूल व स्टीफेंस कालेज के छात्र रहे हैं।

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