भारतीय शेयर बाजार में सोमवार, 10 अगस्त को वैश्विक अनिश्चितताओं के बीच कच्चे तेल की कीमतों में तेजी के कारण गिरावट देखने को मिली। हफ्ते के पहले कारोबारी दिन दोनों प्रमुख सूचकांक सेंसेक्स और निफ्टी गिरावट के साथ कारोबार कर रहे थे।
बीएसई का 30 शेयरों वाला सेंसेक्स शुरुआती कारोबार में 19.38 अंक की गिरावट के साथ 78,479.79 अंक पर आ गया। वहीं, एनएसई का 50 शेयरों वाला निफ्टी 5.10 अंक फिसलकर 24,567.45 अंक पर कारोबार कर रहा था। बाद में कारोबार के दौरान सेंसेक्स 158.62 अंक टूटकर 78,340.55 अंक पर और निफ्टी 45.20 अंक गिरकर 24,524.95 अंक पर आ गया।
सेंसेक्स में शामिल कंपनियों का हाल
सेंसेक्स में शामिल कंपनियों में इटरनल, भारतीय स्टेट बैंक, इंटरग्लोब एविएशन, पावर ग्रिड, एनटीपीसी और भारती एयरटेल के शेयर प्रमुख रूप से नुकसान में रहे। वहीं, टाइटन, इन्फोसिस, टेक महिंद्रा और एचसीएल टेक के शेयर बढ़त में कारोबार कर रहे थे।
एशियाई मार्केट में तेजी
ईरान और अमेरिका के बीच होर्मुज जलडमरूमध्य को खोलने के संभावित समझौते की उम्मीद से प्रेरित होकर सोमवार को एशियाई-प्रशांत बाजारों में तेजी के साथ कारोबार शुरू हुआ। जापान का निक्केई 225 0.54 फीसदी से ज्यादा बढ़ा, जबकि टॉपिक्स में मामूली बढ़त दर्ज की गई।
वही, कोस्पी 0.53 फीसदी और स्मॉल-कैप कोस्डैक 1.48 फीसदी बढ़ा। हांगकांग हैंग सेंग इंडेक्स फ्यूचर्स 25,790 पर था।
अमेरिकी वायदा बाजार में गिरावट
अमेरिकी वायदा बाजार में सोमवार को गिरावट दर्ज की गई। एसएंडपी 500 सूचकांक से जुड़े वायदा बाजार में लगभग 0.2 फीसदी की गिरावट आई, जबकि नैस्डैक-100 वायदा बाजार में 0.1 फीसदी की गिरावट आई। डाउ जोन्स इंडस्ट्रियल एवरेज वायदा बाजार में 99 अंकों की गिरावट आई।
अमेरिकी बाजार
शुक्रवार को एसएंडपी 500 सूचकांक 0.62 फीसदी बढ़कर 7,757.64 के रिकॉर्ड स्तर पर बंद हुआ, जबकि नैस्डैक कंपोजिट ने बेहतर प्रदर्शन करते हुए 1.3 फीसदी की बढ़त के साथ 26,690.62 पर बंद हुआ।
डाउ जोन्स इंडस्ट्रियल एवरेज में 151.83 अंक या 0.28 फीसदी की वृद्धि हुई और यह 54,036.93 पर बंद हुआ।
एफआईआई, डीआईआई
7 अगस्त, 2026 को विदेशी संस्थागत निवेशकों (FII) ने 480.24 करोड़ रुपये के शेयर खरीदे। वहीं, राष्ट्रीय शेयर बाजार (NSE) पर उपलब्ध अनंतिम आंकड़ों के अनुसार, घरेलू संस्थागत निवेशकों (DII) ने 235.56 करोड़ रुपये के शेयर खरीदे।
कच्चा तेल
वेस्ट टेक्सास इंटरमीडिएट (WTI) क्रूड फ्यूचर्स में 0.47% की बढ़ोतरी हुई और यह 78.58 डॉलर प्रति बैरल पर कारोबार कर रहा था। वहीं, ब्रेंट क्रूड फ्यूचर्स लगभग 0.63% बढ़कर 84.12 डॉलर पर कारोबार कर रहा था। कॉमेक्स पर, कच्चे तेल की कीमतें 0.61% बढ़कर 78.66 डॉलर प्रति बैरल पर कारोबार कर रही थीं।
शुक्रवार को गिरावट के साथ बंद हुआ था भारतीय शेयर बाजार
भारतीय शेयर बाजार में हफ्ते के आखिरी कारोबारी दिन यानी शुक्रवार, 7 अगस्त को मुनाफावसूली देखने को मिली थी। Nifty ने लगातार दो दिनों की तेजी पर ब्रेक लगाते हुए गिरावट के साथ कारोबार खत्म किया था। निफ्टी 0.27 फीसदी की गिरावट के साथ 24,570.65 पर बंद हुआ, जबकि सेंसेक्स 0.58 फीसदी की गिरावट के साथ 78,499.17 के स्तर पर बंद हुआ था।
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किसी कंपनी को जब नया प्लांट लगाना हो, कारोबार बढ़ाना हो, तो उसे बड़ी रकम की जरूरत पड़ती है। ऐसे में आमतौर पर लोगों को लगता है कि कंपनियां बैंक से लोन लेती होंगी। लेकिन हकीकत यह है कि कई बड़ी कंपनियां बैंक से कर्ज लेने के बजाय बॉन्ड जारी करके निवेशकों से पैसा जुटाती हैं।
आखिर ऐसा क्यों होता है? बॉन्ड मार्केट क्या है, यह कैसे काम करता है। आइए आसान भाषा में समझते हैं…
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