Jansatta Explained: वर्क फ्रॉम होम और हाइब्रिड वर्क के दौर के बावजूद भारत में ऑफिस स्पेस की मांग तेजी से बढ़ रही है। 2026 की पहली छमाही (जनवरी-जून) में देश में 45.5 मिलियन वर्ग फुट ऑफिस स्पेस लीज पर लिया गया, जो किसी भी छह महीने की अवधि का अब तक का सबसे बड़ा आंकड़ा है।

इस रिकॉर्ड के पीछे सबसे बड़ी भूमिका Global Capability Centres (GCCs) और बहुराष्ट्रीय कंपनियों (MNCs) की रही है। लेकिन आखिर GCC क्या हैं और कंपनियां भारत में ही अपने सेंटर क्यों खोल रही हैं?

क्या होता है GCC?

GCC का पूरा नाम Global Capability Centre है। यह किसी बहुराष्ट्रीय कंपनी का ऐसा सेंटर होता है, जहां उसके लिए आईटी, सॉफ्टवेयर डेवलपमेंट, रिसर्च एंड डेवलपमेंट (R&D), इंजीनियरिंग और कस्टमर सपोर्ट जैसे महत्वपूर्ण काम किए जाते हैं।

रिकॉर्ड पर क्यों पहुंची ऑफिस लीजिंग?

रॉयटर्स की एक रिपोर्ट में प्रॉपर्टी कंसल्टेंट CBRE के हवाले से बताया गया है कि जनवरी-जून 2026 के दौरान भारत में 45.5 मिलियन वर्ग फुट ऑफिस स्पेस लीज पर लिया गया, जो पिछले साल की तुलना में करीब 9.6% अधिक है। इसमें GCCs की हिस्सेदारी 43% रही। वहीं, 1 लाख वर्ग फुट से बड़े ऑफिस सौदों में 53% हिस्सेदारी GCCs की थी।

भारत क्यों आ रही हैं कंपनियां?

भारत में कंपनियां GCC खोल रही हैं, इसके पीछे कई अहम वजहें हैं। देश में बड़ी संख्या में कुशल इंजीनियर, आईटी विशेषज्ञ और टेक प्रोफेशनल्स उपलब्ध हैं। वहीं, अमेरिका और यूरोप जैसे देशों की तुलना में यहां ऑफिस चलाने और कर्मचारियों पर होने वाला खर्च भी कम पड़ता है।

किन शहरों को सबसे ज्यादा फायदा?

बेंगलुरु, हैदराबाद, पुणे, चेन्नई, दिल्ली-एनसीआर और मुंबई GCC निवेश के सबसे बड़े केंद्र बनकर उभरे हैं। इन शहरों में नई नौकरियों के साथ कमर्शियल रियल एस्टेट की मांग भी तेजी से बढ़ रही है।

आम लोगों पर इसका क्या असर?

GCC का विस्तार सिर्फ ऑफिस बाजार तक सीमित नहीं रहता। इससे नई नौकरियां पैदा होती हैं। होटल, कैब, रेस्टोरेंट और रिटेल जैसे स्थानीय कारोबार को भी फायदा मिलता है। कमर्शियल रियल एस्टेट में निवेश बढ़ता है।

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किसी बड़ी कंपनी के तिमाही नतीजे आने के बाद अक्सर खबरों में पढ़ने को मिलता है कि Revenue बढ़ा, लेकिन Profit घट गया। पहली नजर में यह बात हैरान करती है, क्योंकि आमतौर पर माना जाता है कि जब कंपनी की कमाई बढ़ेगी तो मुनाफा भी बढ़ेगा। लेकिन कंपनियों के वित्तीय नतीजों में ऐसा हमेशा नहीं होता। यहां पढ़ें पूरी खबर…