ताज़ा खबर
 

बैंक धोखाधड़ी के तरीकों का पता लगाएगा CVC, बैंकों से मंगाए आंकड़े

इंडियन बैंक के पूर्व चेयरमैन एवं प्रबंध निदेशक भसीन ने कहा कि सभी बैंकों से तीन करोड़ रुपए या उससे अधिक के धोखाधड़ी के मामलों का ब्यौरा मांगा गया है।

Author नई दिल्ली | November 5, 2017 5:04 PM
CVC, Central Vigilance Commission, CVC demands, frauds from banks, Fraud Datas, Fraud Datas from Banks, Demands Fraud Datas, Frauds in Banks, Banks Datas, Banks Fraud Datas, business newsसीवीसी ने सार्वजनिक क्षेत्र के बैंकों से वर्ष 2001 से सीबीआई के पास भेजे गए सभी बैंक धोखाधड़ी के विवरण मांगे हैं।

अश्विनी श्रीवास्तव
केंद्रीय सतर्कता आयोग (सीवीसी) ने सार्वजनिक क्षेत्र के बैंकों से वर्ष 2001 से सीबीआई के पास भेजे गए सभी बैंक धोखाधड़ी के विवरण मांगे हैं। सतर्कता आयुक्त टी एम भसीन ने कहा कि इनसे बैंक धोखाधड़ी करने वाले लोगों के काम के तरीके का विश्लेषण करने में मदद मिलेगी।
यह केंद्रीय सतर्कता आयोग द्वारा धोखाधड़ी रोकने के लिए बैंकिंग प्रणाली में किए जाने वाले प्रणालीगत सुधार की नई पहल का हिस्सा है। उन्होंने कहा, ‘‘हमने भारतीय रिजर्व बैंक से धोखाधड़ी के मामलों का ब्यौरा जुटाया है। उन्होंने हमें 111 बड़े खातों का ब्यौरा दिया है।’’

इंडियन बैंक के पूर्व चेयरमैन एवं प्रबंध निदेशक भसीन ने कहा कि सभी बैंकों से तीन करोड़ रुपए या उससे अधिक के धोखाधड़ी के मामलों का ब्यौरा मांगा गया है। भसीन ने पीटीआई से कहा, ‘‘2001 से सीबीआई के पास तीन करोड़ रुपए या उससे अधिक की धोखाधड़ी का मामले भेजे गए हैं, उनकी सूचना जुटाई जा रही है। हमने सार्वजनिक क्षेत्र के मुख्य सतर्कता अधिकारियों से बात की है। उन्हें 15 नवंबर तक आंकड़े देने को कहा गया है।’’ सतर्कता आयुक्त ने कहा कि इन आंकड़ों के विश्लेषण से धोखाधड़ी के लिए इस्तेमाल किए जाने वाले एक जैसे तरीकों का पता लगाया जा सकेगा।

उन्होंने कहा कि आयोग इस प्रक्रिया के तहत 1,806 प्रमुख धोखाधड़ी के मामलों का विश्लेषण करेगा। वित्त मंत्रालय द्वारा जुलाई में संसद में दी गई जानकारी के अनुसार, वित्त वर्ष 2016-17 में विभिन्न बैंकों में 23,902 करोड़ रुपए की धोखाधड़ी के 4,851 मामले सामने आए। फिलहाल बैंक रिजर्व बैंक को धोखाधड़ी निगरानी रिटर्न (एफएमआर) के आधार पर धोखाधड़ी के मामलों की जानकारी उपलब्ध करा रहे हैं। यह जानकारी वे उन्हें प्रदान की गई धोखाधड़ी खुलासा और निगरानी प्रणाली के जरिए उपलब्ध करा रहे हैं। धोखाधड़ी के लिए अपनाए जाने वाले तरीकों को बैंकों द्वारा इंडियन बैंक्स एसोसिएशन को भेजा जाएगा जो इसे आगे भेजेंगे। सीवीसी की योजना धोखाधड़ी के लिए आमतौर पर अपनाए जाने वाले तरीकों का ब्यौरा विशेष रूप से इसी के मकसद से तैयार किए जाने वाले पोर्टल पर डालने का है।

Hindi News के लिए हमारे साथ फेसबुक, ट्विटर, लिंक्डइन, टेलीग्राम पर जुड़ें और डाउनलोड करें Hindi News AppOnline game में रुचि है तो यहां क्‍लिक कर सकते हैं।

Next Stories
1 भारत में पहली बार! ऑनलाइन फ्रॉड के खिलाफ करा सकेंगे इश्योरेंस, जानें कौन सी कंपनी दे रही सुविधा
2 7th Pay Commission: सरकार ने इन कर्मचारियों का बढ़ाया भत्ता
3 National Sandwich Day 2017: 3 नवंबर को इसलिए मनाया जाता है सैंडविच डे
ये पढ़ा क्या?
X