500 1000 Old Currency Punishment, cabinet accept Ordinance - Jansatta
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पुराने नोट रखने वालों को मिलेगी सज़ा, अध्यादेश को कैबिनेट की मंजूरी

पुराने नोट बैंक और डाकघर खातों में जमा कराने के लिये शुक्रवार 30 दिसंबर तक का समय है।

Author नई दिल्ली | December 28, 2016 3:55 PM
500 और 1000 के पुराने नोट। (तस्वीर का इस्तेमाल प्रतीकात्मक तौर पर किया गया है।)

चलन से बाहर किये गये 500, 1,000 रुपए के पुराने नोट रखने वालों पर अब जुर्माना लगेगा। उन्हें जेल की सजा भी हो सकती है। केन्द्रीय मंत्रिमंडल ने बुधवार (28 दिसंबर) को इस तरह के प्रावधान वाले अध्यादेश को मंजूरी दी है। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी की अध्यक्षता में हुई केन्द्रीय मंत्रिमंडल की बैठक में इस अध्यादेश को मंजूरी दी गई। इसमें निर्धारित तिथि के बाद 500, 1000 रुपए के अमान्य नोट रखने वालों पर जुर्माना लगाने के साथ साथ जेल की सजा का प्रावधान किया गया है। रिजर्व बैंक कानून में संशोधन वाले एक अन्य अध्यादेश को भी मंजूरी दी गई है जिसमें अमान्य किये गये इन नोटों के दायित्व से सरकार और केन्द्रीय बैंक को मुक्त किया गया है ताकि भविष्य में किसी भी प्रकार के विवाद से बचा जा सके।

आधिकारिक सूत्रों ने अध्यादेश को केन्द्रीय मंत्रिमंडल की मंजूरी मिलने की जानकारी दी है। हालांकि, उन्होंने यह नहीं बताया कि दंड का यह प्रावधान किस तिथि के बाद लागू होगा। सरकार ने 500, 1,000 रुपए के अमान्य नोटों को बैंकों में जमा कराने के लिये 50 दिन की समयसीमा तय की थी। यह समय 30 दिसंबर को समाप्त हो रहा है। इसके अलावा यह भी कहा गया था कि एक घोषणा पत्र के साथ 31 मार्च तक इन नोटों को रिजर्व बैंक के विशिष्ट कार्यालयों में जमा कराया जा सकेगा।

अध्यादेश के प्रावधानों के अनुसार दस से अधिक अमान्य नोट रखने पर वित्तीय जुर्माना लग सकता है और कुछ मामलों में चार साल तक जेल की सजा भी हो सकती है। सरकार ने 8 नवंबर की मध्यरात्रि से 500, 1,000 रुपए के पुराने नोटों को अमान्य घोषित कर दिया था। ऐसे नोटों को नये नोटों से बदलने अथवा बैंक, डाकघर खातों में जमा कराने को कहा गया। सरकार ने हालांकि, नोट बदलने की सुविधा को तो कुछ समय बाद वापस ले लिया लेकिन पुराने नोट बैंक और डाकघर खातों में जमा कराने के लिये शुक्रवार 30 दिसंबर तक का समय है।

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