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गाड़ी का इंश्योरेंस रिनुअल कराते वक्त जरूर अपनाएं ये टिप्स, बचा लेंगे कुछ पैसे

Car and Bike Insurance: अपने वाहन में एक एंटी थेफ्ट डिवाइस लगवा लें, यह न केवल चोरी होने से आपके वाहन को बचा सकती है, बल्कि आपके ऑटो बीमा प्रीमियम को भी कम कर सकती है।

यदि आप बीमा खत्म होने के 90 दिनों के भीतर अपनी पॉलिसी रिन्यू नहीं करते हैं, तो आपको नो क्लेम बोनस नहीं मिलेगा।

कार या बाइक खरीदने के दौरान लोग काफी रिसर्च करते हैं, लेकिन उसी कार या बाइक का बीमा खरीदने के दौरान इतना ज्यादा रिसर्च नहीं करते हैं। यह बीमा इंडस्ट्री की जटिलता, सूचना की कमी, समय की कमी, लापरवाही और क्लेम से जुड़े नकारात्मक अनुभवों की उनकी धारणा के लिए जिम्मेदार ठहराया जा सकता है। ऑटो बीमा इंडस्ट्री ने इन चुनौतियों का ध्यान रखते हुए इंश्योरेंस को डिजिटल कर दिया है। ताकि लोगों को परेशानी न हो। यह डिजिटलीकरण पॉलिसीधारकों के लिए अच्छा है क्योंकि यह उन्हें इंफोर्मेशन के ऑप्शन, एक उपयुक्त पॉलिसी चुनने और प्रक्रिया में पैसे बचाने के लिए सक्षम बनाता है। ऑटो बीमा कराने से जुड़ी हम आपको 5 जरुरी बातें बताने जा रहे हैं जो आपकी सहायता करेंगी।

ऑनलाइन इंश्योरेंस: डिजिटल फर्स्ट बीमा कंपनियों ने ऑटो बीमा को सरल और सुविधाजनक बना दिया है। आप उनकी वेबसाइट से ऑटो बीमा खरीद या रिन्यू कर सकते हैं जैसे कि आप अपनी पसंदीदा ई-कॉमर्स वेबसाइट से कोई आइटम खरीदते हैं। वे बीमा कवरेज की सीमा पर समझौता किए बिना कम कीमत पर ऑटो बीमा पॉलिसियों की पेशकश करते हैं। वे ऐसा इसलिए कर सकते हैं क्योंकि वे एकमात्र बीमाकर्ता हैं और सीधे ग्राहक को पॉलिसी बेचते हैं। इस तरह, वे ऑपरेशनल कॉस्ट में काफी बचत करते हैं और सस्ती पॉलिसी के रूप में ग्राहकों को उस बचत का एक हिस्सा ट्रांसफर करते हैं। वे कम कीमत वाली पॉलिसी को सुविधाजनक तरीके से प्रदान करके और तनाव मुक्त क्लेम सेटलमेंट की प्रक्रिया की गारंटी देकर एक पैसा वसूल बीमा अनुभव प्रदान करते हैं।

कवरेज का रिव्यू: पहली बार कार और बाइक मालिक आमतौर पर बीमा पॉलिसी खरीदते हैं जो उनके वाहन डीलर द्वारा सुझाया जाता है। यह कवर आदर्श नहीं हो सकता है। इसे खरीदने और रिन्यू करते समय आपको अपनी ऑटो बीमा पॉलिसी के कवरेज की समीक्षा करनी चाहिए। उन राइडर्स के लिए जाने की कोई आवश्यकता नहीं है जो आपके लिए फायदेमंद नहीं होंगे। उदाहरण के लिए, यदि आप अकेले यात्रा करते हैं तो एक यात्री कवर राइडर गैर जरूरी है। इस तरह के ऐड-ऑन आपकी बीमा पॉलिसी की लागत में बढ़ाते हैं।

नो क्लेम बोनस: पॉलिसी के दौरान क्लेम नहीं लेने के लिए वाहन मालिकों को उनकी बीमा कंपनी द्वारा नो क्लेम बोनस (एनसीबी) के दिया जाता है। पॉलिसी को रिन्यू करते वक्त एनसीबी को ऑटो बीमा प्रीमियम पर छूट के रूप में पेश किया जाता है। यह छूट 50फीसदी तक हो सकती है। बशर्ते आप लगातार पांच साल क्लेम न लें। सुनिश्चित करें कि आपके बीमाकर्ता ने ऑटो बीमा रिन्यू पर यह छूट (यदि लागू हो) शामिल की है।

समय पर रिन्यू कराएं: यदि आप पॉलिसी खत्म होने से पहले पॉलिसी रिन्यू नहीं करा पाते हैं तो आपकी बीमा कंपनी वाहन के इंश्योरेंस को रिन्यू करने से पहले वाहन का निरीक्षण कर सकती है। इससे आपकी ऑटो बीमा पॉलिसी का प्रीमियम बढ़ सकता है। यदि आप बीमा खत्म होने के 90 दिनों के भीतर अपनी पॉलिसी रिन्यू नहीं करते हैं, तो आपको नो क्लेम बोनस नहीं मिलेगा।

एंटी थेफ्ट डिवाइस: अपने वाहन में एक एंटी थेफ्ट डिवाइस लगवा लें, यह न केवल चोरी होने से आपके वाहन को बचा सकती है, बल्कि आपके ऑटो बीमा प्रीमियम को भी कम कर सकती है। यदि आपने एंटी थेफ्ट डिवाइस लगवा रखी है तो बीमा कंपनियां बीमा प्रीमियम पर छूट देती हैं। बशर्ते इसे ऑटोमोटिव रिसर्च एसोसिएशन ऑफ इंडिया द्वारा प्रमाणित किया गया हो।

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