Share Market Basics: शेयर बाजार में निवेश करना पहले की तुलना में आज के समय में कहीं ज्यादा आसान हो गया है, लेकिन सही फैसले लेने के लिए सिर्फ शेयर खरीदना काफी नहीं होता। निवेश की शुरुआत करने से पहले शेयर मार्केट में इस्तेमाल होने वाले बेसिक शब्दों को समझना भी उतना ही जरूरी है।
IPO, Bull Market, Bear Market, Dividend और Market Cap जैसी टर्म्स आपको रोज खबरों और निवेश से जुड़ी चर्चाओं में सुनने को मिलती हैं। अगर आप नए निवेशक हैं, तो इन 10 जरूरी शेयर मार्केट टर्म्स को आसान भाषा में समझना आपके लिए निवेश की मजबूत नींव साबित हो सकता है…
- शेयर : किसी कंपनी में आपकी हिस्सेदारी का प्रमाण होता है। आपके पास जितने शेयर होंगे, उतना ही आपका कंपनी में स्वामित्व होगा।
- स्टॉक एक्सचेंज : यह वह प्लेटफॉर्म है जहां कंपनियों के शेयर खरीदे और बेचे जाते हैं। भारत मेंदो प्रमुख स्टॉक एक्सचेंज ( NSE और BSE) हैं।
- IPO : आईपीओ का पूरा नाम इनिशियल पब्लिक ऑफरिंग है। जब कोई कंपनी पहली बार आम लोगों को अपने शेयर बेचकर शेयर बाजार में लिस्ट होती है, उसे IPO कहा जाता है।
- बुल मार्केट : इसे काफी आसान भाषा में समझा जा सकता है, जब शेयर बाजार में लंबे समय तक लगातार तेजी रहती है और अधिकांश शेयरों की कीमत बढ़ती है, उसे बुल मार्केट कहते हैं।
- बेयर मार्केट : शेयर बाजार में जब लगातार गिरावट का माहौल हो और शेयरों की कीमतें नीचे जाएं, उसे बेयर मार्केट कहा जाता है।
- मार्केट कैप : किसी कंपनी के कुल जारी शेयरों की मौजूदा बाजार कीमत को मिलाकर जो वैल्यू बनती है, वही मार्केट कैप कहलाती है।
- डिविडेंड : कंपनी अपने मुनाफे का एक हिस्सा शेयरधारकों को नकद या अतिरिक्त शेयर के रूप में देती है, जिसे डिविडेंड कहते हैं।
- पोर्टफोलियो : आपके सभी निवेश (जैसे शेयर या अन्य एसेट्स) का कुल संग्रह आपका पोर्टफोलियो कहलाता है।
- वोलैटिलिटी : शेयर मार्केट में जब किसी शेयर की कीमत कितनी तेजी से ऊपर-नीचे होती है, उसे वोलैटिलिटी कहते हैं।
- 52-वीक हाई/लो : यह किसी शेयर की पिछले 52 हफ्तों में सबसे ऊंची और सबसे कम कीमत को दर्शाता है।
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नेशनल पेंशन सिस्टम (NPS) में निवेश करने वाले करोड़ों सब्सक्राइबर्स के लिए बड़ी खबर है। पेंशन फंड रेगुलेटरी एंड डेवलपमेंट अथॉरिटी (PFRDA) ने NPS और NPS Lite के तहत पॉइंट ऑफ प्रेजेंस (PoP) द्वारा लिए जाने वाले विभिन्न चार्ज में बदलाव किया है। ये नए चार्ज 1 अक्टूबर 2026 से लागू होंगे। यहां पढ़ें पूरी खबर…
[Disclaimer: शेयर बाजार, म्यूचुअल फंड या क्रिप्टोकरेंसी में निवेश बाजार जोखिमों के अधीन है। इस लेख में दी गई जानकारी केवल सूचनात्मक उद्देश्यों के लिए है और इसे वित्तीय निवेश की सलाह नहीं माना जाना चाहिए। निवेश करने से पहले अपने वित्तीय सलाहकार (Financial Advisor) से परामर्श जरूर करें। निवेश से होने वाले किसी भी लाभ या हानि के लिए वेबसाइट जिम्मेदार नहीं होगी।]
