What is Car Flush Door Handle and why China has banned it: चीन ने इलेक्ट्रिक वाहनों (EV) की सुरक्षा को लेकर बड़ा और ऐतिहासिक फैसला लिया है, जिसके तहत देश में फ्लश डोर हैंडल डिजाइन पर प्रतिबंध लगाने का ऐलान किया गया है। यह नियम 2027 से लागू होंगे, जिसके बाद चीन ऐसा बड़ा कदम उठाने वाला दुनिया का पहला देश बन गया है। मगर यहां सवाल यह है कि फ्लश डोर हैंडल क्या होता है और इसे इतना खतरनाक क्यों माना जा रहा है? तो देर न करते हुए लीजिए फ्लश डोर हैंडल की पूरी जानकारी।

क्या है फ्लश डोर हैंडल?

फ्लश डोर हैंडल वह हैंडल होता है जो कार के दरवाजे में पूरी तरह फिट रहता है और बाहर से उभरा हुआ नहीं दिखता।

यह इलेक्ट्रॉनिक सिस्टम से काम करता है

ड्राइवर के पास आने पर यह अपने-आप बाहर निकलता है

या फिर टच/सेंसर से एक्टिव होता है

इस डिजाइन को पहली बार टेस्ला मॉडल एस S में साल 2012 में दिया गया था, जो काफी लोकप्रिय भी हुआ। बाद में यह डिजाइन कई प्रीमियम और इलेक्ट्रिक कारों में अपनाया गया।

क्यों अपनाया गया फ्लश डोर हैंडल डिजाइन?

ऑटो कंपनियों ने फ्लश डोर हैंडल को इसलिए अपनाया क्योंकि, कार की एयरोडायनामिक एफिशिएंसी बढ़ती है, जिससे हवा का प्रतिरोध कम होता है और कार ज्यादा फ्यूचरिस्टिक और प्रीमियम दिखती है। मगर यही आधुनिक डिजाइन अब जानलेवा साबित हो रही है।

फ्लश डोर हैंडल क्यों है खतरनाक?

दुर्घटना या बैटरी फेल होने की स्थिति में, इलेक्ट्रॉनिक हैंडल काम करना बंद कर देते हैं, जिससे बाहर से दरवाजा नहीं खुल पाता और कई बार अंदर से भी दरवाजा लॉक हो जाता है। ब्लूमबर्ग की जांच रिपोर्ट के मुताबिक, टेस्ला से जुड़े ऐसे 15 हादसों में मौतें हुईं, जहां कार के दरवाजे नहीं खुल पाए।

कई बड़े हादसों के बाद बढ़ी चिंता

चीन के चेंगदू में Xiaomi SU7 EV हादसा हुआ था, जिसमें ड्राइवर कार में फंसा था और आग लगने से उसकी मौत हो गई थी। दूसरा बड़ा हादसा अमेरिका में टेस्ला साइबर ट्रक के साथ हुआ था, जहां बैटरी बंद होने से दरवाजे लॉक होने की स्थिति में 3 लोगों की मौत हो गई थी। इसके अलावा कई मामले ऐसे हैं, जहां फ्लश डोर हैंडल फेल होने के बाद रेस्क्यू टीम को शीशे तोड़कर लोगों को निकालना पड़ा।

चीन के नए नियम क्या कहते हैं?

चीन के उद्योग और सूचना प्रौद्योगिकी मंत्रालय (MIIT) के अनुसार, हर कार के दरवाजे में मैकेनिकल हैंडल अनिवार्य होगा, जो अंदर और बाहर दोनों तरफ से हाथ से खोला जा सकेगा।

हैंडल के लिए कम से कम 6cm × 2cm × 2.5cm की जगह जरूरी

कार के अंदर साफ-साफ संकेत होंगे कि इमरजेंसी में दरवाजा कैसे खोलें

बैटरी आग या इलेक्ट्रॉनिक फेलियर के बावजूद दरवाजा खुलना चाहिए

किन कंपनियों पर पड़ेगा असर?

टेस्ला के अलावा कई बड़ी कंपनियां फ्लश या इलेक्ट्रॉनिक डोर हैंडल इस्तेमाल करती हैं, जैसे, ऑडी, बीएमडब्ल्यू, पायाब, वोल्वो, लेक्सस, बीवाईडी और शाओमी का नाम शामिल है। जानकारी के अनुसार, चीन में बिकने वाली करीब 60% टॉप EV कारें इसी डिजाइन पर आधारित हैं।

भारत और दुनिया के लिए क्या हैं इसके मायने?

चीन दुनिया का सबसे बड़ा ईवी बाजार है और यहां के नियम वैश्विक ऑटो इंडस्ट्री को प्रभावित कर सकते हैं। चीन के अलावा अमेरिका में भी ऐसे नियम लाने की तैयारी चल रही है और ग्लोबल ट्रेंड और सेफ्टी को देखते हुए भविष्य में भारत में भी ईवी सुरक्षा मानकों को सख्त किया जा सकता है।

Jansatta Automobile Expert Conclusion

फ्लश डोर हैंडल देखने में भले ही आधुनिक हों लेकिन आपात स्थिति में मैकेनिकल सिस्टम ही जान बचा सकता है। चीन का यह फैसला साफ संकेत है कि अब डिजाइन से ज्यादा इंसानी सुरक्षा को प्राथमिकता दी जाएगी। चीन के इस कदम से सबक लेते हुए कई और देश इस फ्लश डोर हैंडल को लेकर सख्त नियम लागू कर सकते हैं।