The Secret by Rhonda Byrne- Book Review: मेरे लिए Manifestation कोई नया ट्रेंड नहीं है, यह बचपन की मासूम आस्था का ही एक रूप है। मैंने बहुत बाद में Law of Attraction और The Power of Your Subconscious Mind के बारे में जाना। लेकिन बचपन में मैं बस शौक-शौक में घर की खिड़की के पीछे खड़ी होकर न्यूज़ सुनाया करती थी। जब नया-नया वॉइस रिकॉर्डिंग वाला फोन आया, तो अपनी आवाज़ बदल-बदलकर सेलिब्रिटीज़ के इंटरव्यू रिकॉर्ड किया करती थी।

आंखें बंद करके न जाने कितने सपने देखती थी और आंखें खोलकर भी उन्हें जीती थी। आज वो सारे सपने किसी न किसी रूप में पूरे हो चुके हैं। और जब मैंने Rhonda Byrne की The Secret पढ़ी, तो समझ आया कि अनजाने में ही मैं वही सब कर रही थी जिसे ‘manifestation’ कहा जाता है, मुझे जब इस शब्द का मतलब भी नहीं पता था, तब भी मैं उसे जी रही थी…

यह किताब हमें Law of Attraction के बारे में बताती है- यानी आप जो चाहें, वह पा सकते हैं। लेखिका ने किताब में कई बड़े राइटर्स, साइंटिस्ट्स और फिल्ममेकर्स के इंटरव्यू किए हैं जिन्होंने माना है कि विचार चुम्बकीय होते हैं, इसलिए आप अच्छे या बुरे जो भी विचार लाते हैं, यूनिवर्स वही आपके सामने पेश करता है। वह यह नहीं देखता कि आप कितने अच्छे या बुरे हैं, वह बस आपकी ऊर्जा और फोकस को रिस्पॉन्ड करता है। आप कहेंगे- “मेरे साथ हमेशा बुरा होता है”, तो हालात भी वैसी ही दिशा में बनने लगते हैं।

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Rhonda Byrne कहती हैं कि आपको अगर यूनिवर्स से कुछ भी चाहिए तो इसके लिए आपको पॉजिटिव सोचना होगा। अगर आप अमीर लोगों को लेकर खराब सोच लाएंगे तो आपके पास पैसा नहीं आएगा। जो आप चाहते हैं, उसे ऐसे इमैजिन करें जैसे वह आपको मिल चुका है। उस एहसास की खुशी को सच में महसूस करें, धीरे-धीरे आप पाएंगे कि चीज़ें आपकी ओर खिंचने लगती हैं।

वह ग्रैटिट्यूड की पावर पर भी ज़ोर देती हैं। जो आपके पास है, उसके लिए शुक्रिया अदा करें। और जो अभी नहीं है, उसके लिए भी धन्यवाद दें- मानो वह रास्ते में हो।

बचपन में मैं बहुत सपने देखती थी। न जाने कितने सेलेब्स से मिलने और अपनी प्रसिद्धि की कल्पना करती थी, और वैसा ही एक्ट भी करती थी। उस कल्पना में एक सच्ची खुशी होती थी, लेखिका बताती हैं कि यही है ‘लॉ ऑफ अट्रैक्शन’।

यानी कि आपको कल्पना में इतना रोमांच फील करना है कि आपको लगे वो आपको हासिल हो चुकी है। अगर आपको कार चाहिए तो आपको अपनी पसंदीदा कार की स्टेयरिंग पर अपने हाथ को इमैजिन करना होगा।

कभी-कभी जब मुझे कोई चीज़ नहीं चाहिए होती थी, तो मैं खुद से कहती- “अब मुझे ये थॉट्स या चीजें नहीं चाहिए।” और अजीब तरह से, वह भी सच हो जाता था।

किताब में एक जगह लेखिका लिखती हैं कि जब भी वह पास्ट को लेकर ओवरथिंक करती थीं, तो उन्होंने यूनिवर्स से कहा- उन्हें तुरंत प्रेज़ेंट में ले आया जाए। और अक्सर ऐसा होता कि जैसे ही वह पुराने बुरे अनुभवों में उलझतीं, कुछ गिर जाता या हल्का-सा झटका लगता और उनका ध्यान वर्तमान में आ जाता।

मैं भी पास्ट को लेकर बहुत ओवरथिंक करती थी। किताब पढ़ते हुए मैंने भी यह छोटा-सा एक्सपेरिमेंट किया और सच कहूं, वह काम कर गया।

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फराह खान ने भी किया है इसका प्रयोग

एक इंटरव्यू में Farah Khan ने बताया था कि जब वह Om Shanti Om बना रही थीं, तब वह The Secret पढ़ रही थीं।
किताब पढ़ते-पढ़ते उन्होंने अपने पति शिरीष कुंदर के साथ बच्चों को मैनिफेस्ट करने का संकल्प लिया। उनका कहना है कि कुछ समय बाद ही वह तीन बच्चों (ट्रिपलेट्स) के साथ गर्भवती हो गईं।

इसी दौर में फिल्म का वह मशहूर डायलॉग लिखा गया-

“इतनी शिद्दत से मैंने तुम्हें पाने की कोशिश की है
कि हर ज़र्रे ने मुझे तुमसे मिलाने की साज़िश की है।
कहते हैं अगर किसी चीज़ को दिल से चाहो,
तो पूरी कायनात उसे तुमसे मिलाने की कोशिश में लग जाती है।”

तो क्या यह सब सच में काम करता है?

कभी-कभी मैनिफेस्टेशन दरअसल वही होता है, जो हम दिल से सच में चाहते हैं। रिसर्च भी मानती है कि हमारा सबकॉन्शस माइंड बेहद शक्तिशाली है। जब आप किसी विचार को लेकर स्पष्ट होते हैं, तो आपका दिमाग उससे जुड़ी संभावनाओं, मौकों और संकेतों पर ज्यादा फोकस करने लगता है।

जब कोई एक्शन क्लैरिटी और विश्वास के साथ लिया जाता है, तो परिणाम की संभावना बढ़ जाती है। कई बार मैनिफेस्टेशन कोई जादू नहीं, बल्कि एक साफ़ और पक्का निर्णय होता है।

हम जिस चीज़ पर ध्यान देते हैं, वही बदलने लगती है। शायद सीक्रेट बाहर नहीं, हमारे फोकस में है।

Manifestation मुझे किसी किताब ने नहीं सिखाया। मैंने इसे बचपन में अपनी इमैजिनरी दुनिया और उम्मीद के बीच सीखा था। जब मुझे ‘Law of Attraction’ शब्द नहीं पता था, तब भी मैं यूनिवर्स से अपना भविष्य लिखवा रही थी।

इसलिए जब भी मैंने पूरे विश्वास से कहा- “मुझे यहां से निकाल दो” जीवन ने किसी न किसी रूप में दरवाज़ा खोल दिया। अक्सर दर्द में हमारी सोच और भी साफ़ हो जाती है, जोश बढ़ जाता है। शायद इसी वजह से हर गहरे दर्द के बाद जीवन में कुछ बड़ा हासिल होता है।

यह किताब इंस्पिरेशन देती है, लेकिन एक्शन प्लान हमें खुद बनाना होता है। The Secret सोच की दिशा बदल सकती है, पर उस रास्ते पर चलकर हासिल हमें ही करना होता है।

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कौन यह किताब पढ़ सकता है?

  • अगर आप जीवन में निराश हैं और थोड़ी पॉजिटिविटी चाहते हैं, तो यह किताब आपको नई ऊर्जा दे सकती है।
  • अगर आप किसी बीमारी या कठिन दौर से गुजर रहे हैं, तो यह किताब मानसिक सहारा और उम्मीद दे सकती है।
  • अगर आप कुछ हासिल करना चाहते हैं या नया बिजनेस/नौकरी शुरू करने वाले हैं, तो यह आपको अपने लक्ष्य पर फोकस करने में मदद कर सकती है।
  • यह किताब धन, रिश्तों और हेल्थ को लेकर एक नया पर्सपेक्टिव देती है।

आख़िर में, Secret कोई जादू की छड़ी नहीं है-यह अपने विचारों की जिम्मेदारी लेने और उन्हें दिशा देने की शुरुआत है।

202 पन्नों की ये किताब इंग्लिश के साथ हिंदी में भी उपलब्ध है। किताब‎ Manjul Publishing House से पब्लिश हुई है।