शुभेंदु अधिकारी पश्चिम बंगाल के मुख्यमंत्री हैं। वह पश्चिम बंगाल के सीएम बनने वाले बीजेपी के पहले नेता हैं। उन्होंने 2021 में नंदीग्राम से और 2026 में भवानीपुर से पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव में टीएमसी की चीफ और पश्चिम बंगाल की तत्कालीन मुख्यमंत्री ममता बनर्जी को मात दी।
15 दिसंबर 1970 को पूर्व मेदिनीपुर जिले के कारकुली गांव में दिग्गज राजनीतिज्ञ शिशिर अधिकारी और गायत्री अधिकारी के घर जन्मे शुभेंदु 1999 में अपने पिता के साथ तृणमूल कांग्रेस में शामिल हो गए। इसके बाद उन्होंने दो बार चुनाव लड़ा, लेकिन दोनों बार असफल रहे – 2001 के विधानसभा चुनाव और 2004 के लोकसभा चुनाव में।
अंततः शुभेंदु को 2006 में सफलता मिली, जब उन्होंने कोंटाई विधानसभा सीट जीती। साल 2007 में नंदीग्राम में हुए कृषि भूमि अधिग्रहण विरोधी आंदोलन ने बंगाल के राजनीतिक परिदृश्य को बदल दिया और शुभेंदु को तृणमूल की अग्रणी पंक्ति में ला खड़ा किया। शुभेंदु जल्द ही तृणमूल के ‘कोर ग्रुप’ के सदस्य बन गए और उन्हें पार्टी की युवा कांग्रेस का अध्यक्ष नियुक्त किया गया।
2009 और 2014 में उन्होंने तामलुक से लोकसभा चुनाव जीता। ममता के 2011 में पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री बनने के बाद ज्यादातर लोगों ने शुभेंदु को उनके उत्तराधिकारी के रूप में देखा। हालांकि ममता बनर्जी द्वारा अपने भतीजे अभिषेक बनर्जी को तरजीह दिए जाने के बाद उन्होंने साल 2020 में टीएमसी छोड़ दी और इसके बाद बीजेपी में शामिल हो गए।