fake encounter killing

संपादकीय: साख पर सवाल

आतंकवाद प्रभावित इलाकों में सुरक्षाबलों को शक के आधार पर गिरफ्तारी और चेतावनी न मानने पर सीधे गोली तक मारने के अधिकार इसलिए दिए गए कि इस तरह दहशतगर्दों में भय पैदा होगा और सुरक्षाबलों को आत्मरक्षा में मदद मिलेगी। मगर कई बार इस अधिकार के दुरुपयोग की शिकायतें आती रहती हैं।

छत्तीसगढ़ एनकाउंटर: जुडिशल पैनल की जांच में सुरक्षाबलों पर लगा दाग, गांववालों के माओवादी होने के भी नहीं मिले सबूत

सारकेगुडा एनकाउंटर की जांच के लिए एक सदस्यीय ज्यूडिशियल कमीशन बनाया गया था। इस कमीशन की अध्यक्षता मध्य प्रदेश हाईकोर्ट के रिटायर्ड जज जस्टिस वीके अग्रवाल ने की।

CBI के अंदरखाने फिर तकरार: अफसर ने पीएम को लिखी चिट्ठी- ज्वाइंट डायरेक्टर ने 14 लोगों को मरवाया

एनपी मिश्रा ने चिट्ठी में आरोप लगाया है कि एके भटनागर ने झारखंड में 14 निर्दोष लोगों के फर्जी एनकाउंटर किए। इसके साथ ही मिश्रा ने अपनी चिट्ठी में भटनागर को ऑफिस से हटाने की मांग भी की है।

माछिल फर्जी मुठभेड़ मामला: 7 सैन्यकर्मियों को मिली उम्रकैद

श्रीनगर। सेना ने माछिल फर्जी मुठभेड़ मामले में दो अधिकारियों सहित अपने सात कर्मियों को उम्रकैद की सजा सुनाई है ।  जम्मू कश्मीर के मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला ने यह जानकारी दी है । जम्मू कश्मीर के माछिल में 2010 में हुई इस फर्जी मुठभेड़ में तीन युवक मारे गए थे । उमर ने आज एक ट्वीट […]

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