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कोरोनाः टीकों के खिलाफ अफवाहों पर रोक लगाने, इसमें शामिल लोगों के खिलाफ ऐक्शन के लिए केंद्र का निर्देश

पत्र में कहा गया है, ‘‘विशेष रूप से निहित स्वार्थों से इस तरह की अफवाह फैलाने से आम लोगों के बीच अवांछित संदेह उत्पन्न हो सकता है। इसलिए, टीके की सुरक्षा और रोग प्रतिरक्षा क्षमता से संबंधित सभी प्रकार के निराधार अफवाहों पर रोक लगाने की आवश्यकता है।’’

PMO ने शांत कराया SII और Bharat Biotech का “झगड़ा”, पर टीके को कैसे तुरंत मिली मंज़ूरी, यह सस्पेंस अब भी कायम

इससे पहले, एक्सपर्ट कमेटी की मीटिंग के मिनट्स से पता चला था कि भारत बायोटेक को पहले एडिश्नल रिसर्च डेटा जमा करने के लिए कहा गया था। ऐसा इसलिए, क्योंकि कंपनी ने अपना फेज-3 (वैक्सीन का) का ट्रायल पूरा नहीं किया था।

कोरोनाः PM बोले- अफवाहों पर न दें ध्यान, कांग्रेसी का सवाल- इतना ही सेफ है टीका, तो लगवाने को केंद्र से कोई आगे क्यों न आया?

कांग्रेस नेता मनीष तिवारी ने तर्क देते हुए बताया कि हर देश में राष्ट्रप्रमुखों ने खुद पहले वैक्सीन ली, फिर भारत में ऐसा क्यों नहीं हुआ।

पहले दिन 1,65,714 लोगों को लगा कोविड वैक्सीन का टीका, 3351 सत्र में किया गया वैक्सीनेशन का कार्यक्रम

मंत्रालय ने बताया कि अब तक टीकाकरण के बाद अस्पताल में भर्ती होने का कोई मामला सामने नहीं आया है। पहले दिन 1,91,181 लोगों को कोविड वैक्सीन का टीका लगाया गया।

कोरोनाः हम कहां कह रहे कि BJP मुख्यालय में घोंट-घोंट बनाई वैक्सीन- बोले संबित पात्रा, देखें पैनलिस्ट का क्या आया जवाब

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने सोमवार को मुख्यमंत्रियों के साथ बैठक की और इस बैठक में कोरोना वायरस वैक्सीनेशन अभियान पर चर्चा हुई।

Atmanirbhar Bharat के एजेंडे पर बढ़ रही मोदी सरकार को BJP सांसद ने Coronavirus Vaccine पर याद दिलाए ये फैक्ट्स

कोरोना वायरस महमारी ने दुनिया भर में लाखों लोगों की जान ले ली है। मौतों का ये आंकड़ा सबसे ज्यादा अमेरिका, ब्राजील और तीसरे नंबर पर भारत में है।

बॉलीवुड एक्टर बोले- कुछ भी हो जाए मैं नहीं लगवाऊंगा कोरोना की वैक्सीन; वजह बताई तो यूजर्स करने लगे ऐसे कमेंट

बॉलीवुड एक्टर कमाल खान ने अपने ट्विटर पर लिखा कि चाहे उन्हें कुछ भी हो जाए वो कोरोना की वैक्सीन नहीं लगवाएंगे। उन्होंने इसके पीछे का कारण बताते हुए कहा कि जो वैक्सीन 4- 5 सालों में विकसित होनी चाहिए थी वो…

दिल्ली में पहले चरण में कोरोना वैक्सीन की 1.2 करोड़ डोज की होगी जरूरत, जानें क्या है सीएम केजरीवाल का वैक्सीनेशन का पूरा प्लान

केजरीवाल ने कहा कि केंद्र सरकार ने 3 किस्म के लोगों को सबसे पहले वैक्सीन देने की लिस्ट बनाई है। इसमें सबसे पहले हेल्थ केयर वर्कर्स को वैक्सीन दी जाएगी।

छह सप्ताह में तैयार हो जाएगी म्यूटेशन को मात देने वाली वैक्सीन, BioNTech कंपनी ने किया दावा

BioNTech कंपनी के सहसंस्थापक उगुर साहिन ने मंगलवार को कहा कि मुमकिन है कि हमारी वैक्सीन यूके में पाए गए कोरोना के नए स्ट्रेन पर भी असर करेगी।

29 हजार कोल्ड चेन प्वाइंट्स से लेकर 41 हजार डीप फ्रीजर तक, जानें कोरोना वैक्सीनेशन को लेकर क्या है सरकार का प्लान

डॉ वीके पॉल ने बताया कि इस सप्ताह ड्रग्स कंट्रोलर जनरल ऑफ इंडिया ने भारत से एक और टीके के लिए क्लिनिकल परीक्षण के लिए मंजूरी दे दी है। उन्होंने बताया कि वर्तमान में भारत में छह टीके ​परीक्षण से गुजर रहे हैं।

असली से पहले नकली कोरोना वैक्सीन की बाढ़, 300 डॉलर तक बता रहे कीमत

इंटरनेट पर ऐसी कई पोस्ट मिली हैं जो इलाज के लिए रेंज के अनुसार वैक्सीन उपलब्ध कराने का दावा कर रही हैं।

भारतः जनवरी में चालू हो सकता है COVID-19 Vaccination, अक्टूबर तक हो सकते हैं पहले जैसे हालात- बोले SII चीफ

बकौल पूनावाला, “इस महीने के अंत तक हम कोरोना वैक्सीन के लिए इमरजेंसी लाइसेंस पा सकते हैं, पर बड़े स्तर पर इस्तेमाल के लिए असल लाइसेंस चाहिए होगा, जो कि हो सकता है कि बाद में मिले।”

प्रत्येक सत्र में 100-200 लोगों का टीकाकरण होगा, टीका देने के बाद 30 मिनट तक निगरानी की जाएगी

डॉक्टरों के मुताबिक टीका लगने के बाद एलर्जी, खतरनाक साइड इफेक्ट का खतरा बढ़ सकता है।

टीका लगाने के बाद भी हो सकता है कोरोना, मास्क लगाना ही पड़ेगा

गौरतलब है कि टीकाकरण के बाद भी मरीज साइलेंट स्प्रेडर साबित हो सकते हैं। इससे उन लोगों को खतरा हो सकता है जिनका टीकाकरण नहीं हुआ है और वे इस जानलेवा महामारी की चपेट में आ सकते हैं।

टीके की प्रगति को लेकर बाजार में तेजी; सेंसेक्स, निफ्टी रिकार्ड ऊंचाई पर

प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने सोमवार को कहा कि कोरोना वायरस रोधी टीके के जल्द तैयार होने की उम्मीद है लेकिन संक्रमण से बचाव को लेकर सावधानी में कोई कमी नहीं आनी चाहिए।

COVID-19 Vaccine किसे कब मिलेगी और कैसे? जानिए तैयारी

फैक्ट्री से सिरींज तक वैक्सीन के पहुंचने में तीन चरण -परिवहन (Transportation), भंडारण (Storage) और टीकाकरण (Inoculation)- शामिल हैं।

भारत में COVID-19 केस हुए 94.62 लाख, नवंबर में मामलों में 30% कमी; पर ढाई माह में आए 44 लाख केस

इसी बीच,
Serum Institute of India का दावा है कि Covishield बिल्कुल सुरक्षित है। यह प्रतिरक्षाजनक है। चेन्नई के वॉलंटियर के साथ जो हुआ, वह वैक्सीन के कारण नहीं हुआ है। सभी रेग्युलेट्री और जरूरी प्रक्रियाओं और दिशा-निर्दशों का पालन किया गया है। प्रिंसिपल इन्वेस्टिगेटर, डीएसएमबी और एथिक्स कमेटी ने भी कह दिया है कि यह वैक्सीन के ट्रायल से जुड़ा मसला नहीं है।

Pfizer और Moderna से कैसे बेहतर है Oxford-AstraZeneca की कोरोना वैक्सीन? ये हैं पांच कारण

कोरोना पर लगाम लगाने में दोनों ही वैक्सीन 70 फीसदी तक ही कारगर हैं। शुरुआत में खबरें आईं थीं कि ये वैक्सीन काफी सुरक्षित हैं और कोरोना से बचाव में 95 फीसदी तक कारगर हैं।

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