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सरकार बेच रही शिपिंग कॉरपोरेशन की हिस्सेदारी, खरीदने वालों की रेस में ब्रिटेन की कंपनी भी शामिल

केंद्रीय मंत्रिमंडल ने शिपिंग कॉरपोरेशन और कंटेनर कॉरपोरेशन ऑफ इंडिया लि. में रणनीतिक विनिवेश के लिये सैद्धांतिक मंजूरी दी थी। हालांकि, महामारी के कारण योजना को टाल दिया गया था।

BPCL हो या एयर इंडिया, सरकारी कंपनियों में हिस्सेदारी खरीदने वाले को देनी होगी पूरी डिटेल

BPCL, एयर इंडिया और बीईएमएल जैसी कंपनियों में सरकार की हिस्सेदारी खरीदने में रूचि रखने वाली विदेशी और भारतीय बोलीदाताओं को सौदे से अंतिम रूप से लाभान्वित मालिकों के बारे में खुलासा करना होगा।

जून तक बिक जाएगी तेल कंपनी BPCL में हिस्सेदारी, सरकार में बताया विनिवेश का पूरा प्लान

बीपीसीएल में नियंत्रणकारी हिस्सेदारी खरीदने को लेकर तीन प्रारंभिक बोलियां मिली हैं। खनन कंपनी वेदांता ने नवंबर में हिस्सेदारी खरीदने को लेकर रूचि पत्र जमा करने की पुष्टि की थी।

जिस कंपनी को बेचने वाली है मोदी सरकार, उसे हुआ 2,777 करोड़ रुपये का शानदार मुनाफा

चालू वित्त वर्ष 2020-21 की अक्टूबर-दिसंबर तिमाही में बीपीसीएल का मुनाफा 120 प्रतिशत उछलकर 2,777.6 करोड़ रुपये रहा।

एक और कंपनी में हिस्सेदारी बेच रही मोदी सरकार, मिलेंगे 300 करोड़ रुपये 

सरकार की राष्ट्रीय केमिकल एंड फर्टिलाइजर्स लिमिटेड में 75 प्रतिशत हिस्सेदारी है और उसकी बिक्री पेशकश (ओएफएस) के जरिये 10 प्रतिशत विनिवेश की योजना है।

कोरोना संकट के बीच बढ़ता जा रहा सरकार का कर्ज, जानिए सितंबर तक कितना बढ़ा बोझ

Modi Government Outstanding Debt Increased: ताजा आंकड़े के मुताबिक सरकार की कुल देनदारी सितंबर 2020 को खत्म हुई तिमाही में 5.6 प्रतिशत बढ़कर 107.04 लाख करोड़ रुपये हो गई है।

मार्च तक 2.1 लाख करोड़ रुपये जुटाने का लक्ष्य, एक और कंपनी में हिस्सेदारी बेच रही मोदी सरकार

सरकार ने एयर इंडिया, बीपीसीएल और एलआईसी जैसी कंपनियों में हिस्सेदारी बेचने की प्रक्रिया को तेज कर दी है।

विनिवेश के टार्गेट में पिछड़ी सरकार: मार्च तक जुटाना है 2.1 लाख करोड़, आया है केवल 5 फीसदी

इस वित्त वर्ष में सरकार एयर इंडिया, बीपीसीएल, एलआईसी, इंडियन रेलवे फाइनेंस कॉरर्पोरेशन समेत कई बड़ी कंपनियों में अपनी हिस्सेदारी बेच रही है।

प्राइवेट हाथों में जाने वाली है BPCL, करीब 7.3 करोड़ ग्राहकों की LPG सब्सिडी का क्या होगा?

केंद्र सरकार विनिवेश प्रक्रिया के तहत बीपीसीएल में प्रबंधन नियंत्रण के साथ अपनी पूरी 53 प्रतिशत हिस्सेदारी बेच रही है।

भारत पेट्रोलियम के प्राइवेट होने के बाद ग्राहकों को मिल रही सब्सिडी का क्या होगा? सरकार करने वाली है यह उपाय

बीपीसीएल के मौजूदा ग्राहकों को इंडियन ऑयल कॉरपोरेशन, हिंदुस्तान पेट्रोलियम जैसी कंपनियों को ट्रांसफर करने की योजना बना रही है। ये कंपनियां प्रत्यक्ष या अप्रत्यक्ष तौर पर सरकार के नियंत्रण में हैं।

BPCL को खरीदने के लिए कई कंपनियों ने लगाई बोली, रिलायंस इंडस्ट्रीज और सऊदी अरामको ने नहीं दिखाई दिलचस्पी

सूत्रों के मुताबिक 3 से 4 बोलियां बीपीसीएल के लिए हासिल हुई हैं। हालाांकि देश की सबसे बड़ी रिफाइनरी कंपनी रिलायंस इंडस्ट्रीज ने इसमें कोई रुचि नहीं दिखाई है। सोमवार को बीपीसीएल के लिए बोली सौंपने का आखिरी दिन था।

BPCL में हिस्सेदारी खरीद सकता है मुकेश अंबानी का रिलायंस इंडस्ट्रीज समूह? आज बोली का आखिरी दिन

देश के सबसे रईस शख्स मुकेश अंबानी की कंपनी रिलायंस इंडस्ट्रीज लिमिटेड इसमें रुचि जता सकती है। सूत्रों के मुताबिक देश की सबसे बड़ी ऑयल रिफाइनरी का संचालन करने वाले रिलायंस की ओर से फ्यूल के रिटेल बिजनेस में उतरने की इच्छा जताई गई है।

LIC का आईपीओ आने में हो सकती है देरी, बड़ी रकम जुटाने के सरकार के प्लान को लग सकता है झटका

सरकार ने मौजूदा फाइनेंशियल ईयर में 2.1 लाख करोड़ रुपये की रकम विनिवेश से जुटाने का लक्ष्य रखा है। लेकिन एलआईसी का आईपीओ न आने के चलते यह आंकड़ा 1 लाख करोड़ रुपये पर ही अटक सकता है।

भारत पेट्रोलियम के निजीकरण का कंपनी के चेयरमैन ने किया समर्थन, कहा- पेशेवर होगी कंपनी और बढ़ेगा निवेश

कंपनी के चेयरमैन के. पद्माकर ने कहा कि निजीकरण से निवेश और तकनीक में इजाफा होगा। उन्होंने कहा कि निजीकरण की प्रक्रिया से कंपनी में प्रोफेशनलिज्म तेजी से बढ़ेगा।

निजीकरण के खिलाफ BPCL कर्मचारियों की हड़ताल, कंपनी के प्राइवेट होने पर सेवानिवृत्ति लाभ न मिलने का डर

कर्मचारियों की आरोप है कि सरकार ने जून 2020 के बाद कंपनी मैनेजमेंट को 10 साल के कॉन्ट्रैक्ट सेवा की समीक्षा करने का अधिकार दिया है। इसकी मदद से जो भी प्राइवेट मैनेजमेंट कंपनी को अपने अधिकार में लेगा, वह श्रमिकों के सेवा की शर्तों में संशोधन करेगा।

भारत पेट्रोलियम का निजीकरण: हिस्सेदारी खरीदने के लिए बोली की तारीख अब 30 सितंबर तक बढ़ी

Privatisation of Bharat Petroleum: सऊदी अरामको, अबू धाबी नेशनल ऑइल कंपनी, रूस की रोजनेफ्ट और अमेरिका की कंपनी Exxon Mobil बीपीसीएल की हिस्सेदारी खरीदने में रुचि दिखाई है।

विदेशी हाथों में जाएगी सरकारी तेल कंपनी भारत पेट्रोलियम? सऊदी अरामको समेत ये कंपनियां खरीद सकती हैं हिस्सेदारी

सरकारी सूत्रों का कहना है कि सऊदी अरामको, अबू धाबी नेशनल ऑइल कंपनी, रूस की रोजनेफ्ट और अमेरिका की कंपनी Exxon Mobil बीपीसीएल की हिस्सेदारी खरीदने में रुचि दिखाई है। ये सभी कंपनियां बीपीसीएल की हिस्सेदारी की नीलामी में हिस्सा ले सकती हैं।

मोदी सरकार ने BPCL के प्राइवेटाइजेशन की तरफ बढ़ाए कदम, अगले कुछ दिन में बोली लगाने के लिए LOI मंगा सकती है

चालू वित्त वर्ष में सरकार ने विनिवेश से 1.05 लाख करोड़ रुपये मिलने का लक्ष्य रखा था लेकिन इसके पूरा होने की संभावना नहीं है। बजट में इस लक्ष्य को संशोधित कर 65 हजार करोड़ रुपये कर दिया गया है।

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