ताज़ा खबर
 

अंदरखाने जारी है अखिलेश यादव और शिवपाल यादव की जंग, 200 अखिलेश समर्थक लड़ सकते हैं निर्दलीय चुनाव

शिवपाल यादव ने जहां 175 उम्मीदवारों के नाम का ऐलान किया वहीं अखिलेश यादव ने पार्टी सुप्रीमो मुलायम सिंह यादव को 403 उम्मीदवारों को लिस्ट सौंपी दी।
यूपी के सीएम अखिलेश यादव (बाएं) और सपा के प्रदेश अध्यक्ष शिवपाल यादव।

यूपी चुनाव से पहले समाजवादी पार्टी में चाचा—भतीजे के बीच विवाद अभी भी जारी है। टिकट बंटवारे को लेकर अखिलेश यादव और शिवपाल यादव फिर आमने—सामने हैं। वर्तमान में शिवपाल यादव और अखिलेश के बीच जैसे तनाव चल रहा है उसको देखते हुए अखिलेश यादव के करीब 200 समर्थक निर्दलीय चुनाव लड़ सकते हैं। सूत्रों की मानें तो अखिलेश समर्थकों का टिकट किसी वजह से कट जाता है तो टीम अखिलेश के 200 विधायक निर्दलीय चुनाव लड़ने के लिए तैयार हैं।

टिकट बंठवारे को लेकर अखिलेश और शिवपाल में पहले से ही तनाव चल रहा है। पार्टी अध्यक्ष शिवपाल यादव ने जहां 175 उम्मीदवारों के नाम का ऐलान किया वहीं अखिलेश यादव ने पार्टी सुप्रीमो मुलायम सिंह यादव को 403 उम्मीदवारों को लिस्ट सौंपी दी। अखिलेश के इस कदम के बाद शिवपाल यादव फिर से नाराज हो गए और अपनी नाराजगी उन्होंने ट्विटर के जरिए जाहिर भी की ।

बता दें कि अब तक 175 उम्मीदवारों को टिकट दिया जा चुका है। वहीं अखिलेश के इस कदम के बाद शिवपाल यादव ने ट्वीट करते हुए कहा कि पार्टी में किसी भी तरह की अनुशासनहीनता बर्दाश्त नहीं की जाएगी। बताया जा रहा है कि अखिलेश यादव ने जो लिस्ट मुलायम सिंह यादव को सौंपी है उसमें शिवपाल यादव के करीबियों का नाम शामिल नहीं है। इसके अलावा उन्होंने अपने करीबियों को इस लिस्ट में जगह दी है जिनका टिकट शिवपाल यादव ने काट दिया था। अखिलेश यादव ने इस बात का ध्यान भी रखा की किसी भी खराब छवि वाले विधायक को टिकट न दिया जाए।

कहीं शिवपाल यादव की नारजगी की इस बात को भी लेकर तो नहीं है कि अखिलेश ने उनके करीबियों का नाम अपनी लिस्ट से बाहर रखा। दूसरा यह कि पार्टी अध्यक्ष होने के नाते टिकट बंटवारे की जिम्मेदारी उनके कार्यक्षेत्र में आती है लेकिन बावजूद इसके अखिलेश ने अपनी लिस्ट मुलायम सिंह यादव को सौंपी। वजह चाहे जो भी हो फिलहाल मुलायम सिंह की लाख कोशिशों के बाद भी दोनों की बीच विवाद अभी भी जारी है।

वीडियो: हमारा परिवार एकजुट है”: शिवपाल यादव

Hindi News से जुड़े अपडेट और व्‍यूज लगातार हासिल करने के लिए हमारे साथ फेसबुक पेज और ट्विटर हैंडल के साथ गूगल प्लस पर जुड़ें और डाउनलोड करें Hindi News App

  1. No Comments.
सबरंग