December 07, 2016

ताज़ा खबर

 

मायावती ने मीडिया को बताया पूंजीपतियों का औजार

मायावती ने आरोप लगाया कि सपा सरकार अपनी पूर्ववर्ती बसपा सरकार के कार्यकाल में शुरू की गयी योजनाओं पर अपना ठप्पा लगाकर वाहवाही लूट रही है।

Author लखनऊ | October 13, 2016 17:43 pm
बसपा के संस्थापक कांशीराम की पुणयतिथि पर आयोजित समारोह में लखनऊ में पार्टी कार्यकर्ताओं और पदाधिकारियों को संबोधित करतीं बसपा सुप्रीमो मायावती। (PTI Photo by Nand Kumar/9 Oct, 2016)

बहुजन समाज पार्टी (बसपा) प्रमुख मायावती ने उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव को लेकर एक ताजा सर्वेक्षण की आड़ में गुरुवार (13 अक्टूबर) को मीडिया पर प्रहार करते हुए आरोप लगाया कि मीडिया के पूंजीपति मालिकान अपने पक्ष में काम करने वाली पार्टियों के पक्ष में सर्वे के जरिए बसपा कार्यकर्ताओं का मनोबल गिराने की कोशिश कर रहे हैं। मायावती ने पार्टी के सभी प्रदेशस्तरीय वरिष्ठ पदाधिकारियों की महत्वपूर्ण बैठक में पार्टी के लोगों को आगाह करते हुए कहा ‘देश में जितने भी छोटे-बड़े अखबार और टी.वी. चैनल आदि चल रहे हैं, उनके अधिकांश मालिक बड़े-बड़े पूंजीपति और धन्नासेठ ही हैं। इसके साथ ही, चुनाव में सर्वे कराने वाली एजेन्सियां भी ज्यादातर इन्हीं के हिसाब से ही कार्य करती हैं।’

उन्होंने आरोप लगाया कि चुनाव में ये पूंजीपति लोग मीडिया तथा सर्वे एजेंसियों का इस्तेमाल खासकर कांग्रेस, भाजपा आदि उन सभी विरोधी पार्टियों के पक्ष में ही हवा बनाने के लिए करते हैं जो सत्ता में आने पर उनके नफे-नुकसान के हिसाब से ही सरकारें चलाती हैं। बसपा अध्यक्ष ने कहा कि उनकी पार्टी ‘सर्वजन हिताय सर्वजन सुखाय’ के सिद्घान्त पर चलती है, इसलिए पूंजीपति लोग आगामी चुनाव के मद्देनजर अपने सभी अख़बारों और टी.वी. चैनलों एवं सर्वे कराने वाली एजेन्सियों आदि का इस्तेमाल बसपा के लोगों का मनोबल गिराने के लिए करेगें। इनसे प्रदेश की जनता को वोट पड़ने तक जरूर सावधान रहना होगा। मालूम हो कि आगामी विधानसभा चुनाव के परिणामों को लेकर हाल में आये एक कथित सर्वेक्षण में भाजपा के सबसे बड़ी पार्टी के रूप में उभरने की बात कही गयी थी।

मायावती ने आरोप लगाया कि प्रदेश की मौजूदा सपा सरकार अपनी पूर्ववर्ती बसपा सरकार के कार्यकाल में शुरू की गयी योजनाओं पर अपना ठप्पा लगाकर वाहवाही लूट रही है। उन्होंने कहा कि बसपा सरकार द्वारा शुरू की गयी ‘महामाया गरीब आर्थिक मदद योजना’ का नाम बदलकर ‘समाजवादी पेंशन योजना’ करके सपा सरकार अपनी पीठ ठोंक रही हैं। जनेश्वर मिश्र पार्क भी बसपा ने ही बनवाया था और उसका नाम डॉक्टर अम्बेडकर ग्रीन गार्डेन रखा था। मायावती ने कहा कि सपा महान सन्तों, गुरूओं और महापुरूषों के नाम पर बसपा सरकार द्वारा स्मारक एवं पार्क बनवाए जाने को ‘फिजूलखर्ची’ बताकर उनका अनादर कर रही है। वहीं दूसरी तरफ इटावा में केवल मौज-मस्ती के लिये ‘लायन सफारी’ बनाने तथा सैफई महोत्सव पर जनता के अरबों रुपये खर्च करने को सपा सरकार फिजूलखर्ची मानने को तैयार नहीं है।

Hindi News से जुड़े अपडेट और व्‍यूज लगातार हासिल करने के लिए हमारे साथ फेसबुक पेज और ट्विटर हैंडल के साथ गूगल प्लस पर जुड़ें और डाउनलोड करें Hindi News App

First Published on October 13, 2016 5:43 pm

सबरंग