ताज़ा खबर
 

12 साल का ये बच्‍चा भर रहा है हैदराबाद की सड़कों के गड्ढे, वजह जानकर नम हो जाएंगी आंखें

रवि तेजा पांचवी क्लास पास है और वह दिन में कई घंटे सड़क के गड्ढे भरता है।
रवि के इस काम ने अधिकारियों को इस खतरे का संज्ञान लेने के लिए भी मजबूर किया है। (Photo: ANI)

किसी अंजान की मौत का इतना गहरा असर किसी पर पड़ते हुए शायद ही आपने सुना होगा। तेलंगाना के हैदराबाद में 12 साल के रवि तेजा के साथ ऐसा हुआ है। उसके बाद रवि तेजा हैदराबद की सड़कों के गड्ढे भरने लगा। जब आप इसकी वजह जानेंगे तो आपकी आंखें नम हो जाएंगी। एक परिवार बाइक से जा रहा था उनके साथ एक छह महीने का बच्चा भी था। बच्चा सड़क में हो रहे गड्ढों के कारण हाथ से फिसल गया और जाकर बोरवेल में गिर गया। इस हादसे में बच्चे की मौत हो गई। इस बच्चे की मौत का रवि पर गहरा असर पड़ा और 12 साल के रवि तेजा ने अकेले ही सड़क में हो रहे गड्ढों को भरने का बीड़ा उठा लिया।

रवि तेजा ने बताया कि हाल ही में एक परिवार बाइक से कहीं जा रहा था। वह सड़क में हो रहे गड्ढों की वजह से बीच सड़क में गिर गया। मैं नहीं चाहता हूं कि इस तरह से फिर किसी की मौत हो। मैं गड्ढों को भरने का काम जारी रखूंगा। रिपोर्ट्स के मुताबिक, रवि तेजा सड़क के ट्रैफिक और प्रदूषण की परवाह किए बिना रोजाना कई घंटे तक यही काम करता है। रवि पांचवीं क्लास पास है। रवि के प्रयासों की स्थानीय लोग प्रशंसा कर रहे हैं। रवि के इस काम ने अधिकारियों को इस खतरे का संज्ञान लेने के लिए भी मजबूर किया है।

वहीं ट्विटर पर भी लोग इस बच्चे के जज्बे की तारीफ कर रहे हैं। अनुपन ने कहा कि इस बच्चे से सभी को सीखना चाहिए। इस बच्चे के पास दूसरों का दर्द समझने के लिए मानवीय दृष्टिकोण है। रोहिनी ने लिखा कि इतने छोटे से बच्चे में क्या जज्बा है। बीआर सिंह ने लिखा कि जब ऐसे लोगों को देखता हूं तो लगता है कि पद्मश्री और पद्म भूषण सही हाथों में नहीं जाता। तेजो भारद्वाज ने लिखा कि इस बच्चे के सामाजिक दायित्व के लिए इसे सल्यूट करता हूं। जगन ने लिखा यह प्रेरणादायक है हमें इस बच्चे से सीखना चाहिए। इस पर एक यूजर ने लिखा कि जब हमारे सरकारी विभाग ऐसी प्रेरणा ले लेंगे तो हमारे रोड सुरक्षित हो जाएंगे।

Hindi News से जुड़े अपडेट और व्‍यूज लगातार हासिल करने के लिए हमारे साथ फेसबुक पेज और ट्विटर हैंडल के साथ गूगल प्लस पर जुड़ें और डाउनलोड करें Hindi News App

  1. No Comments.