December 03, 2016

ताज़ा खबर

 

दिल्ली: खूब कटे यातायात चालान

गुजरे हफ्ते में करीब 94490 रुपए के चालान काटे गए, जबकि 14 नवंबर को 10466 रुपए के नगद और 456 रुपए के कोर्ट चालान काटे गए।

Author नई दिल्ली | November 20, 2016 05:19 am
ट्रैफिक रूल्स तोड़ते लोगों को रोकता ट्रैफिक पुलिस वाला।

नोटबंदी के बाद मची अफरा-तफरी के बीच भी दिल्ली ट्रैफिक पुलिस अपने चालान में किसी भी तरह की नरमी नहीं बरत रही है। ट्रैफिक पुलिसकर्मी बैंकों की कतार में लगने की जल्दबाजी में सड़क पर इधर-उधर गाड़ियां खड़ी करने वाले लोगों के जमकर चालान काट रहे हैं। इसके तहत पिछले एक हफ्ते में करीब 1.22 लाख रुपए का चालान काटा गया है। दिल्ली ट्रैफिक पुलिस की संयुक्त आयुक्त गरिमा भटनागर ने बताया कि नोटबंदी से पुलिस पर कोई असर नहीं पड़ा है। सड़क पर मौजूद सुरक्षा व्यवस्था की मुस्तैदी के साथ-साथ वह ट्रैफिक नियमों का सख्ती से पालन कर रही है। जो भी नियम तोड़ेगा, उनके खिलाफ कानून के मुताबिक कार्रवाई की जाएगी। दिल्ली ट्रैफिक पुलिस का कहना है कि यातायात नियमों को तोड़ने वालों के खिलाफ पुलिस का अभियान पहले की तरह ही जारी है और आगे भी जारी रहेगा। पिछले एक हफ्ते में ट्रैफिक पुलिस ने नियम तोड़ने वालों के चालान काटने में कोई नरमी नहीं बरती है। बीती 7 नवंबर से 15 नवंबर तक करीब 122100 रुपए के चालान काटे गए। सात से 13 नवंबर तक 88354 रुपए का नगद चालान काटा जबकि 6134 रुपए का कोर्ट चालान किया गया।

गुजरे हफ्ते में करीब 94490 रुपए के चालान काटे गए, जबकि 14 नवंबर को 10466 रुपए के नगद और 456 रुपए के कोर्ट चालान काटे गए। 15 नवंबर को नगद चालान के रूप में 11190 रुपए और कोर्ट चालान के रूप में 498 रुपए काटे गए, जबकि इससे पहले 31 अक्टूबर से 6 नवंबर के बीच नगद चालान 78520 रुपए और कोर्ट चालान 3422 रुपए यानी कुल 81040 रुपए के चालान काटे गए। भटनागर ने बताया कि ज्यादातर चालान सौ रुपए का है जोेकि लोग उसी वक्त भर देते हैं। कोर्ट चालान अमूमन दो से तीन महीने में भरना होता है और इसमें लोगों को काफी कठिनाई होती है।

उधर बैंकों और एटीएम के बाहर लगी लगी लंबी कतारों को व्यवस्थित करने में दक्षिण-पश्चिमी दिल्ली में 250 से ज्यादा आम नागरिक पुलिसकर्मियों की सहायता कर रहे हैं। वे दिल्ली पुलिस की ‘पुलिस मित्र’ पहल के तहत इस काम में जुटे हैं, जिसकी आधिकारिक शुरुआत शनिवार को हुई। पश्चिम और दक्षिण-पश्चिमी जिले में 49 महिलाओं समेत 294 लोगों को बैंकों और एटीएम के बाहर तैनात किया गया है। रेंज के संयुक्त पुलिस आयुक्त के मुताबिक, पश्चिमी और दक्षिण-पश्चिमी जिलों में क्रमश: 166 और 128 ‘पुलिस मित्र’ हैं।
हालांकि इस योजना की आधिकारिक शुरुआत शनिवार से हुई, लेकिन वे लोग कई दिन से पुलिसकर्मियों की मदद कर रहे हैं। इस तरह की पहल शुरू करने वाला दक्षिण-पश्चिम रेंज पहला इलाका है और आने वाले कुछ हफ्तों में अन्य जिले भी इसे अपनाएंगे। इस पहल को लागू करने के लिए दिल्ली पुलिस आयुक्त आलोक कुमार वर्मा ने पिछले महीने स्थायी आदेश जारी किए थे। इस पहल के अंतर्गत हर पुलिस थाने में नागरिक समाज के स्वयंसेवी होंगे।

नोटबंदी: टूटने के कगार पर शादी, कार्ड दिखाने के बावजूद बैंक मैनेजर ने कहा- नहीं दे सकते ढाई लाख रुपए

Hindi News से जुड़े अपडेट और व्‍यूज लगातार हासिल करने के लिए हमारे साथ फेसबुक पेज और ट्विटर हैंडल के साथ गूगल प्लस पर जुड़ें और डाउनलोड करें Hindi News App

First Published on November 20, 2016 5:19 am

सबसे ज्‍यादा पढ़ी गईंं खबरें

सबरंग