April 23, 2017

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ट्रेन में 14 साल पहले गायब हुए थे कीमती सामान और गहने, अदालत ने कहा- लापरवाही के लिए रेलवे को देना होगा 1.34 लाख मुआवजा

कोर्ट ने कहा कि यात्री के टिकट लेने के बाद रेल में सफर करते समय यह जिम्मेदारी रेलवे की होती है कि यात्री अपने सामान के साथ सुरक्षित अपने गंतव्य तक पहुंच जाए।

Author नई दिल्ली | March 19, 2017 17:06 pm
तस्वीर का इस्तेमाल प्रतिकात्मक तौर पर। (Source: Agencies)

आखिरकार एक महिला को 14 साल का लंबा इंतजार करने के बाद इंसाफ मिल ही गया। 74 वर्षीय राधा रामानाथन ने भारतीय रेलवे के खिलाफ लापरवाही का केस दर्ज कराया था जिसे अब वह जीत चुकी हैं। उपभोक्ता अदालत ने फैसला सुनाते हुए कहा कि रेलवे को मुआवजे के तौर पर राधा रामानाथन को 1,34,400 हजार रुपए देना होगा। कोर्ट ने कहा कि यात्री के टिकट लेने के बाद रेल में सफर करते समय यह जिम्मेदारी रेलवे की होती है कि यात्री अपने सामान के साथ सुरक्षित अपने गंतव्य तक पहुंच जाए। यात्रियों के सामान के सुरक्षा की जिम्मेदारी भी रेलवे की ही होती है।

आपको बता दें कि 2003 में राधा ने अपने पोते के लिए रखे गए एक धार्मिक कार्यक्रम में सिकंदराबाद जाने के लिए कौंगु एक्सप्रेस के एसी 3 टायर में अपना रिजर्वेशन कराया था। वह रेल में अपने साथ सोने की चेन, हीरे की अंगूठी, एक सोने का सिक्का और अन्य कीमती चीजें लेकर सफर कर रही थीं जिनकी कीमत करीब एक लाख रुपए थी। बतौर राधा, सीट के नीचे जो चेन बैग को बांधने के लिए होती है न तो वह चेन सीट के नीचे लगी थी और न ही बिना टिकट वाले यात्रियों को कोच में प्रवेश से रोकने का कोई इंतजाम था। इसकी उन्होंने शिकायत भी की लेकिन न तो टिकट चेकर और न ही आरपीएफ ने उनकी शिकायत किए जाने के बावजूद इसपर कोई ध्यान दिया।

इंडिया टुडे के मुताबिक राधा ने बताया कि आधी रात को 1 बजे जब ट्रेन भोपाल पहुंची तो वो सो रही थीं और जब आंख खुली तो उन्होंने देखा कि उनका काला सूटकेस अपनी जगह पर नहीं है जिसमें उनके सारी कीमती चीजें रखी थीं। राधा ने तुरंत इसकी शिकायत रेलवे स्टाफ से की लेकिन रेलवे द्वारा कोई कार्रवाई न होता देख वह इस केस को उपभोक्ता कोर्ट तक ले गईं।

वहीं इस मामले पर भारतीय रेलवे ने उपभोक्ता फोरम में दलील दी कि इसमें हमारी तरफ से कोई लापरवाही नही की गई है। भारतीय रेलवे एक्ट 1989 के तहत यह रेलवे का उत्तरदायित्व नहीं है कि वह यात्री को मुआवजे का भुगतान करे।

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First Published on March 19, 2017 5:06 pm

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