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एनकाउंटर में ढेर हुए सिमी आतंकियों के शरीर पर मिले गहरे जख्‍म, कमर के ऊपर बनाया गया निशाना

भोपाल के बाहरी इलाके में इंटखेडी गांव के पास पुलिस के जवानों ने सिमी के इन सदस्यों को ढेर किया था।
भोपाल केंद्रीय कारा से भागे सिमी के 8 आतंकियों को अचरपुर गांव के नजदीक पुलिस और एटीएस की संयुक्त काररवाई में मार गिराया गया। आतंकियों के शवों के साथ पुलिस और एटीएस के जवान। (PTI Photo/31 Oct, 2016)

मध्‍य प्रदेश की भोपाल जेल से भागने पर मार गिराए गए अंडरट्रायल सिमी आतंकियों की पोस्‍टमॉर्टम रिपोर्ट आ गई है। रिपोर्ट में कहा गया है कि उनके शरीर पर कई गहरे घाव थे और ज्‍यादातर जख्‍म कमर से ऊपर के हिस्‍से पर मिले। प्रतिब‍ंधित संगठन सिमी के आठ अंडरट्रायल आंतकियों को सोमवार को भोपाल सेंट्रल जेल से भागने के कुछ ही घंटों के भीतर मार गिराया गया था। पीएम रिपोर्ट में यह भी कहा गया है कि आतंकियों के कपड़ों को फोरेंसिक टेस्‍ट के लिए भेज दिया गया है। सिमी आतंकियों ने जेल से भागने के लिए गार्ड का गला रेता और फरार हो गए। कुछ देर बाद उन्‍हें शहर के एक घने जंगली एरिया में लोकेट किया गया जहां एक एनकाउंटर में सभी मार गिराए गए। भोपाल के आईजी (पुलिस) योगेश चौधरी ने इससे पहले आतंकियों पर सीधे फायर करने की कार्रवाई का यह कहते हुए बचाव किया था कि उन्‍हें (आतंकियों) को ‘जवाबी कार्रवाई’ में मार गिराया गया। उन्‍होंने यह भी कहा कि संदिग्‍ध लगातार गंभीर अपराध करते रहे थे और 2008 व 2011 में भी पुलिस कांस्‍टेबल्‍स की हत्‍या कर चुके थे। चौधरी ने कहा कि उन सभी का गंभीर अपराधों में शामिल होने का ट्रैक रिकॉर्ड रहा है।

देखें, क्‍या है सिमी की विचारधारा: 

भोपाल के बाहरी इलाके में इंटखेडी गांव के पास पुलिस के जवानों ने सिमी के इन सदस्यों को ढेर किया था। ये सभी सिमी सदस्य सोमवार तड़के ड्यूटी पर मौजूद हेड कॉन्स्टेबल को मारकर भोपाल की सेन्ट्रल जेल से फरार हो गए थे। जानकारी के अनुसार, तड़के तीन से चार बजे के बीच जेल के बी ब्लॉक में बंद सिमी के आठ सदस्यों  ने बैरक तोड़ने के बाद हेड कांस्टेबल रमाशंकर की हत्या कर दी।

इसके बाद जेल में ओढ़ने के काम आने वाली चादर की मदद से दीवार फांदकर फरार हो गए। हालांकि खुफिया सूत्रों से मिली सूचना के आधार पर कार्रवाई करते हुए पुलिस ने आखिरकार सभी सदस्यों  को मुठभेड़ में ढेर कर दिया।

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