ताज़ा खबर
 

अंतरराष्ट्रीय मानवाधिकार संगठन ने की इरोम शर्मिला से आरोप हटाने की मांग

एमनेस्टी ने अपने एक बयान में कहा कि राज्य सरकार को अविलंब और बिना शर्त 44 वर्षीय मानवाधिकारकर्मी को रिहा कर देना चाहिए और उनपर से सभी आरोप वापस ले लेने चाह
Author कोलकाता | July 27, 2016 18:31 pm
मणिपुर की मानवाधिकार कार्यकर्ता इरोम शर्मिला चानू (फाइल फोटो)

अंतरराष्ट्रीय मानवाधिकार संगठन एम्नेस्टी इंटरनेशनल ने मणिपुर सरकार से बुधवार को मांग की कि इससे पहले कि नौ अगस्त को इरोम चानू शर्मिला 16 साल से जारी अपना अनशन खत्म करे, सरकार उनपर लगाए अपने आरोप वापस ले। एमनेस्टी ने अपने एक बयान में कहा कि राज्य सरकार को अविलंब और बिना शर्त 44 वर्षीय मानवाधिकारकर्मी को रिहा कर देना चाहिए और उनपर से सभी आरोप वापस ले लेने चाहिए।

एमनेस्टी इंटरनेशनल इंडिया के प्रोजेक्ट मैनेजर अरिजित सेन ने कहा कि इरोम ने कल जो एलान किया है उससे सशस्त्र बल विशेषाधिकार अधिनियम :आफ्सपा: के खिलाफ उनके संघर्ष को एक नई राह मिलेगी।  एमनेस्टी ने इरोम को राजनैतिक बंदी :प्रिज्नर आॅफ कॉन्शेन्स: बताते हुए कहा कि उन्हें उनके अनशन के लिए कैद में रखा जा रहा है जिसे पुलिस खुदकुशी करने की कोशिश के रूप में देखती है।

सेन ने कहा, ‘‘यह :इरोम का एलान: ऐसे वक्त में आ रहा है जब उच्चतम न्यायालय ने पिछले दो दशक के दौरान मणिपुर में न्यायेतर हत्याओं के 1528 मामलों की जांच के आदेश दिए हैं। अब सरकार को आफ्सपा हटाने का मार्ग प्रशस्त करने का हिस्सा बनने की जरूरत है।’’

Hindi News से जुड़े अपडेट और व्‍यूज लगातार हासिल करने के लिए हमारे साथ फेसबुक पेज और ट्विटर हैंडल के साथ गूगल प्लस पर जुड़ें और डाउनलोड करें Hindi News App

  1. No Comments.