ताज़ा खबर
 

विकास क्षेत्र घोषित होंगे दिल्ली के 89 गांव

दिल्ली सरकार की ओर से दो दिन पहले शहरी गांव घोषित 89 गांवों को एक हफ्ते के अंदर दिल्ली विकास प्राधिकरण (डीडीए) अधिनियम के तहत विकास क्षेत्र घोषित कर दिया जाएगा जिसकेबाद डीडीए लैंड-पूलिंग कर सकता है।
Author नई दिल्ली | May 19, 2017 01:13 am

दिल्ली सरकार की ओर से दो दिन पहले शहरी गांव घोषित 89 गांवों को एक हफ्ते के अंदर दिल्ली विकास प्राधिकरण (डीडीए) अधिनियम के तहत विकास क्षेत्र घोषित कर दिया जाएगा जिसकेबाद डीडीए लैंड-पूलिंग कर सकता है। शहरी विकास मंत्री सत्येंद्र जैन ने कहा कि इस निर्णय से आने वाले 5-10 सालों में 20-25 लाख घर उपलब्ध हो सकेंगे और लोग अपेक्षाकृत सस्ती दर पर घर खरीद पाएंगे। दिल्ली सरकार ने 16 मई को 89 गांवों को शहरी गांव घोषित किया था। जैन ने कहा कि डेढ़ महीने पहले मुख्यमंत्री ने कहा था कि नगर निगम चुनावों के बाद इसकी घोषणा करेंगे। अब इसकी घोषणा हो चुकी है, 89 में से 50 गांव उत्तरी दिल्ली नगर निगम में आते हैं, जबकि 39 गांव दक्षिणी दिल्ली नगर निगम में हैं। डीडीए अधिनियम के भाग 12 के तहत एक हफ्ते के अंदर इन्हें विकास क्षेत्र घोषित कर दिया जाएगा।

जैन ने कहा कि विकास क्षेत्र घोषित किए जाने के बाद ही इन गांवों का विकास हो सकेगा और डीडीए लैंड-पूलिंग कर सकता है। उन्होंने कहा कि जो किसान 50 एकड़ या ज्यादा जमीन डीडीए को देंगे, उन्हें 50 फीसद वापस जमीन मिलेगी और जो 5-50 एकड़ देंगे उन्हें 40 फीसद जमीन वापस मिलेगी। इसके साथ ही दिल्ली में घोषित विकास क्षेत्र कुल 95 हो जाएंगे। जैन के मुताबिक इन 89 घोषित गांवों में कुल जमीन लगभग 77 हजार एकड़ है और उसमें से करीब 40 हजार एकड़ विकास के लिए उपलब्ध होगी।

उन्होंने स्पष्ट किया कि दिल्ली सरकार का डीडीए के साथ जो 10 फीसद जमीन की मांग का मुद्दा था, उसका समाधान हो गया है और डीडीए अब अस्पताल, स्कूल, सामुदायिक भवन जैसे कामों के लिए जब जितनी जरूरत है, जमीन देने को तैयार है। जैन ने कहा कि सीमांत गांव को शहरी गांव घोषित करने का इरादा नहीं है क्योंकि हरियाली जरूरी है और इस जमीन का उपयोग केवल कृषि के लिए किया जा सकता है। शहरी विकास मंत्री ने यह भी स्पष्ट किया कि यहां पर केवल बहुमंजिली इमारतें खड़ी की जाएंगी, कोठियां बनाने की अनुमति नहीं होगी। लैंड-पूलिंग के दौरान किसानों की मर्जी होगी वो जमीन दें या न दें।

Hindi News से जुड़े अपडेट और व्‍यूज लगातार हासिल करने के लिए हमारे साथ फेसबुक पेज और ट्विटर हैंडल के साथ गूगल प्लस पर जुड़ें और डाउनलोड करें Hindi News App

First Published on May 19, 2017 1:13 am

  1. No Comments.
सबरंग