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अठावले ने किया मराठा आरक्षण का समर्थन, कहा- रिज़र्वेशन सीमा 75% कर देनी चाहिए

अठावले ने कहा, ‘गहन वाद-विवाद के बाद संसद ने इस कानून को पारित किया था और इसका मकसद दलितों का उत्पीड़न रोकना था।'
Author नागपुर | October 8, 2016 20:28 pm
आरपीआई (ए) के नेता और केंद्रीय मंत्री रामदास अठावले। (पीटीआई फाइल फोटो)

केंद्रीय सामाजिक न्याय राज्य मंत्री रामदास अठावले ने शनिवार (8 अक्टूबर) को कहा कि अनुसूचित जाति-अनुसूचित जनजाति (उत्पीड़न रोकथाम) कानून, 1989 रद्द तो नहीं किया जा सकता लेकिन उनका मंत्रालय इस कानून में संशोधन के खिलाफ नहीं है। अठावले ने कहा, ‘गहन वाद-विवाद के बाद संसद ने इस कानून को पारित किया था और इसका मकसद दलितों का उत्पीड़न रोकना था। उन मामलों से निपटने के लिए पुलिस को खुली छूट दी गई थी।’

बहरहाल, दलित नेता और आरपीआई के अध्यक्ष ने यहां एक संवाददाता सम्मेलन में कहा कि ऐसे समय में जब समाज का एक तबका अनुसूचित जाति-अनुसूचित जनजाति (उत्पीड़न रोकथाम) कानून को रद्द करने की मांग कर रहा है, तो उनका मंत्रालय कानून में संशोधन पर विचार करने के लिए तैयार है। अठावले ने कहा कि किसी भी सूरत में कानून को रद्द करना संभव नहीं होगा और न ही इसे सही ठहराया जा सकेगा। उन्होंने स्वीकार किया कि कानून का इस्तेमाल निर्दोष लोगों को परेशान करने के लिए नहीं किया जाना चाहिए।

राजनीतिक तौर पर प्रभावशाली मराठा समुदाय पूरे महाराष्ट्र में विशाल ‘मूक मोर्चे’ निकाल रहा है। उसकी मांगों में एक प्रमुख मांग यह भी है कि अनुसूचित जाति-अनुसूचित जनजाति (उत्पीड़न रोकथाम) कानून को रद्द किया जाए। यह पूछे जाने पर कि जब कुछ दलित इस कानून को और मजबूत करने की मांग कर रहे हैं तो क्या ऐसे में इसे संशोधित करना ठीक होगा, इस पर अठावले ने कहा कि इस कानून के तहत दर्ज किए जाने वाले मुकदमों की जांच ठीक तरीके से की जानी चाहिए और दोषसिद्धी की दर में सुधार होना चाहिए।

मराठा समुदाय के लिए आरक्षण की मांग पर अठावले ने कहा कि पटेलों, जाटों वगैरह की ऐसी ही मांग के मद्देनजर कुल आरक्षित सीटों पर सुप्रीम कोर्ट द्वारा तय की गई 50 फीसदी की सीमा को संसद में कानून पारित कर 75 फीसदी कर देना चाहिए। उन्होंने कहा कि आरपीआई 19 अक्तूबर को शिर्डी में मराठा और दलित समुदायों का एक संयुक्त सम्मेलन आयोजित करने जा रही है।

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First Published on October 8, 2016 8:12 pm

  1. C
    cs singh
    Oct 9, 2016 at 2:46 pm
    75 % kya pura 100% rakh lo aathwale sahab sabhi indian ko dalit dharm aur muslim dhram apna lena sahiye kyoki upper cl aur hinduo ki iss desh me koi aukaat nahi hai ye kaisa kanoon hain ki aap me yogyta nahi hai to aarakshan badha do kyo insaano ko kua me dhakhel rahe ho
    Reply
  2. M
    M.K.Sgarma
    Oct 9, 2016 at 4:16 am
    BJP Suru se rajniti karte aa Rahi hai.kya aise hi rajniti,karni hai?Kuch Karne ke liay janta ne modi ko bahumat Diya hai.to abhi tak to kuch dikhta nahi,ki Kuch daliton aur garibon ke liay Kuch modi be Kiya ho.aur Kuch Karne wale bhi nahi.agar garibon ka bhala hoga.to BJP sochti hai ki BJP ko vote kaun Dega?Vah re BJP party.satta ne aane se pahele to bahot lambi-lambi haank aur fek rahey thay.ab kya hua? Vahi nikal na ""dhaack ke teen paat""badi badi fekne ne achcha lagta hai.par,ty-ty fissshh.
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