ताज़ा खबर
 

कल बनेगी पीडीपी-भाजपा सरकार

जम्मू कश्मीर में रविवार को पीडीपी भाजपा सरकार के गठन की तैयारी को मूर्त रूप देते हुए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और पीडीपी के संरक्षक मुफ्ती मोहम्मद सईद ने शुक्रवार को हाथ मिलाए और एक-दूसरे के गले मिले। उन्होंने कहा कि यह गठबंधन उत्तरी और दक्षिणी धु्रव को एक साथ लाने जैसा है। 79 वर्षीय सईद […]
Author February 28, 2015 08:55 am
नई दिल्ली में शुक्रवार को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से मिलते पीडीपी नेता मुफ्ती मोहम्मद सईद। (फोटो स्रोत: ट्विटर)

जम्मू कश्मीर में रविवार को पीडीपी भाजपा सरकार के गठन की तैयारी को मूर्त रूप देते हुए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और पीडीपी के संरक्षक मुफ्ती मोहम्मद सईद ने शुक्रवार को हाथ मिलाए और एक-दूसरे के गले मिले। उन्होंने कहा कि यह गठबंधन उत्तरी और दक्षिणी धु्रव को एक साथ लाने जैसा है।

79 वर्षीय सईद जम्मू में एक समारोह में राज्य के मुख्यमंत्री के तौर पर शपथ लेंगे, जिसमें 12 मंत्री पीडीपी के और 12 भाजपा के होंगे। भाजपा के निर्मल सिंह उपमुख्यमंत्री बन सकते हैं। विगत में एक दूसरे की धुर विरोधी रही पार्टियों के बीच पिछले साल दिसंबर में चुनाव परिणाम आने के बाद से ही गहन वार्ता हो रही थी ताकि न्यूनतम साझा कार्यक्रम (सीएमपी) के आधार पर गठबंधन की सरकार बन सके। सीएमपी रविवार को जारी किया जाएगा। सीएमपी में अनुच्छेद 370, सशस्त्र बल विशेषाधिकार अधिनियम और पश्चिम पाकिस्तान के शरणार्थियों के पुनर्वास का मुद्दा शामिल होगा। सईद और प्रधानमंत्री मोदी की बैठक करीब एक घंटे तक चली जिसके बाद पीडीपी संरक्षक ने कहा कि गठबंधन उत्तरी और दक्षिणी ध्रुव को एक साथ लाने जैसा है। उन्होंने स्पष्ट किया कि गठबंधन पहले राजनीतिक गठबंधन है और फिर शासन के लिए गठबंधन है।

यह पूछने पर कि न्यूनतम साझा कार्यक्रम (सीएमपी) शासन के संबंध में है या राजनीतिक गठबंधन के संबंध में है, उन्होंने कहा कि यह राजनीति और शासन दोनों के लिए है। अगर राजनीतिक माहौल सही होगा तभी बेहतर शासन किया जा सकता है। इस दौरान पीडीपी के मुख्य वार्ताकार हसीब द्राबू भी मौजूद थे। सईद ने प्रधानमंत्री को शपथ ग्रहण समारोह में शामिल होने का निमंत्रण दिया। सईद ने बाद में पूर्व प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह से मुलाकात की और अटल बिहारी वाजपेयी के आवास पर भी गए।

राज्य को विशेष दर्जा देने वाले अनुच्छेद 370 और अफस्पा के बारे में पूछे जाने पर सईद ने कहा कि इन मुद्दों को छोड़ दीजिए। हमें यह सब करना पड़ता है। वार्ता में शामिल भाजपा के मुख्य वार्ताकार राम माधव ने विवादास्पद मुद्दों पर लिए गए फैसले के सवालों को टालते हुए कहा-रविवार तक इंतजार कीजिए और खुद देखिए कि हम अपनी बात से पीछे नहीं हटे हैं। विपरीत ध्रुव वाले दोनों दल विवादास्पद मुद्दों पर एक साझा धरातल पर पहुंचे हैं। हमारे बीच शानदार समझ बनी है। सीएमपी में संघ परिवार सहित सभी संबंधित पक्षों का आशीर्वाद है। यह शासन के लिए गठबंधन है लेकिन अपने रुख से कहीं भी पीछे नहीं हटते हुए दोनों पक्षों के लिए नि:संदेह राजनीतिक समावेश है।

पीडीपी संरक्षक ने कहा-मेरा मानना यह है कि वह मौका आ गया है जब जम्मू क्षेत्र और कश्मीर क्षेत्र साथ आएंगे। अगर भाजपा को जम्मू और पीडीपी को कश्मीर घाटी में जनादेश मिला है तो इसका अर्थ यह हुआ कि उनके पास लोगों का समर्थन है। उनकी साख है। जब वे एक होंगे तो कानूनी तौर पर सही होगा। जम्मू से घाटी जाने में छह घंटे का समय लगता है लेकिन अब हमारे पास लोगों के दिलों और दिमागों को जोड़ने का अवसर है।

दूसरा पहलू है कि पूर्व प्रधानमंत्री वाजपेयी ने जब 2002-03 में कश्मीर का दौरा किया था, तब उन्होंने श्रीनगर में दोस्ती की यात्रा शुरू की थी। उन्होंने पाकिस्तान की ओर यह कहते हुए दोस्ती का हाथ बढ़ाया था कि हम दोस्त बदल सकते हैं लेकिन पड़ोसी नहीं। इसलिए पाकिस्तान के तत्कालीन राष्ट्रपति परवेज मुशर्रफ ने भी प्रतिक्रिया दिखाई थी। कश्मीर को ‘शांति का द्वीप’ बनाना मेरा और प्रधानमंत्री का सपना है। इसलिए पाकिस्तान को इस प्रक्रिया में शामिल करना आवश्यक है। इसलिए मैं इतिहास दोहराना चाहता हूं। आज प्रधानमंत्री के पास जनादेश है।

 

 

Hindi News से जुड़े अपडेट और व्‍यूज लगातार हासिल करने के लिए हमारे साथ फेसबुक पेज और ट्विटर हैंडल के साथ गूगल प्लस पर जुड़ें और डाउनलोड करें Hindi News App

  1. No Comments.
सबरंग