December 10, 2016

ताज़ा खबर

 

ट्रिपल तलाक के खिलाफ खड़ी हुई 18 साल की मुस्लिम लड़की, पति ने कागज पर तीन बार तलाक लिखकर तोड़ा था रिश्ता

ट्रिपल तलाक के खिलाफ लड़ रही एक मुस्लिम लड़की ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से अनुरोध किया है कि वह यूनीफॉर्म सिविल कोड को लागू करने के लिए जल्द से जल्द कदम उठाएं।

ट्रिपल तलाक के खिलाफ लड़ रही आरिशा अपने बेटे और पिता के साथ। (Express photo)

ट्रिपल तलाक के खिलाफ लड़ रही एक मुस्लिम लड़की ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से अनुरोध किया है कि वह यूनीफॉर्म सिविल कोड को लागू करने के लिए जल्द से जल्द कदम उठाएं। 18 साल की उस लड़की ने कहा कि पीएम को जल्द से जल्द ऐसी परंपराओं को खत्म करना चाहिए जिन्होंने मुस्लिम महिलाओं की पीढ़ियों को ‘तबाह’ कर दिया। आरिशा नाम की उस लड़की की शादी तब की गई थी तब वह 16 साल की थी। उसकी शादी काजिम नाम के शख्स से हुई थी। वह सब्जी का व्यापारी है। लेकिन शादी के दो साल बाद ही उसने कागज पर तीन बार तलाक लिखकर आरिशा से नाता तोड़ लिया। काजिम ने आरिशा से कहा था कि अब उसके दिल में आरिशा के लिए कोई जगह नहीं है। उसे आठ महीने के बच्चे के साथ घर छोड़ने के लिए भी कह दिया गया था।

महाराष्ट्र के बारामती में रहने वाली आरिशा ने टाइम्स ऑफ इंडिया को बताया कि उसने अपने पति के तलाक देने पर हार नहीं मानेगी और उसको फैमली कोर्ट में चुनौती देगी। आरिशी ने आगे बताया, ‘मुझे कहा गया था कि शादी के बाद मुझे पढ़ाई करने से नहीं रोका जाएगा लेकिन उसे भी नहीं निभाया गया। मैंने 11वां क्लास पास की थी तब ही मेरी शादी करवा दी गई थी। लेकिन अब मैंने फिर से पढ़ाई शुरू कर दी है। ताकि मैं अपने पैरों पर खड़ी हो सकूं।’

वीडियो: केंद्र सरकार ने सुप्रीम कोर्ट से कहा- ‘तीन तलाक इस्लाम में एक आवश्यक धार्मिक प्रथा नहीं है’

वहीं आरिशा के पिता निसार ने कहा, ‘सरकार को यूनिफॉर्म सिविल कोड लाने की कोशिश करनी चाहिए। ताकी कोई लड़की मेरी बेटी की तरह परेशानी ना उठाए। मैं काफी गरीब हूं और सब्जी बेचता हूं। अपनी बेटी की उससे शादी करवाना मेरी सबसे बड़ी गलती थी।’

Hindi News से जुड़े अपडेट और व्‍यूज लगातार हासिल करने के लिए हमारे साथ फेसबुक पेज और ट्विटर हैंडल के साथ गूगल प्लस पर जुड़ें और डाउनलोड करें Hindi News App

First Published on October 23, 2016 1:00 pm

सबरंग