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नेपाल से गायब पाकिस्तानी पूर्व सैन्य अफसर ने कुलभूषण जाधव को कराया था गिरफ्तार, जानिए कैसे और किस लालच में पहुंचा लुंबिनी

गायब पाकिस्तानी पूर्व सैन्य अफसर के परिवार वालों ने आरोप लगाया है कि हबीब जहीर भारतीय खुफिया एजेंसियों की हिरासत में है।
पाक आर्मी का रिटायर्ड लेफ्टिनेंट कर्नल मो. हबीब नेपाल में आकर लापता हो गया है। (Source-Twitter)

मंगलवार (11 अप्रैल) को नेपाल से गया रिटायर्ड पाकिस्तानी लेफ्टिनेंट कर्नल उस टीम का हिस्सा था जिसने मार्च 2016 में भारतीय नौसेना के पूर्व अधिकारी कुलभूषण जाधव को गिरफ्तार किया था। ये पाकिस्तानी अफसर मोहम्मद हबीब जहीर भारत-नेपाल सीमा के निकट लुंबिनी से गायब हो गया था। गायब पाकिस्तानी अफसर के परिवार वालों ने आरोप लगाया है कि जहीर भारतीय खुफिया एजेंसियों की हिरासत में है। खुफिया एजेंसी के सूत्रों ने इंडियन एक्सप्रेस को बताया कि भारतीय खुफिया विभाग जहीर का लंब समय से पीछा कर रहा था। आखिरी बार उसे लुंबिनी में देखा गया था। सूत्रों के अनुसार सोमवार (10 अप्रैल) को पाकिस्तानी कोर् द्वारा कुलभूषण जाधव को मौत की सजा देने के फैसले का जहीर के गायब होने से सीधा संबंध है।

भारतीय खुफिया एजेंसी के एक अधिकारी ने बताया, “जहीर पिछले हफ्ते भारत-नेपाल सीमा पर था। वो जाधव का पीछा करने वाली टीम में था। दोनों मामलों में सीधा संबंध है।” अधिकारी के अनुसार, “जहीर के गायब होने की खबर पाकिस्तानी प्रशासन को मिलते ही जाधव को जासूस घोषित कर दिया गया।” अधिकारी के अनुसार पाकिस्तान का मकसद साफ है।

जहीर पाकिस्तानी सेना से 2014 में रिटायर हुआ था। खबरों के अनुसार वो उसके बाद से पाकिस्तानी खुफिया एजेंसी आईएसआई के लिए छिपे तौर पर काम करता था। जहीर ने 2015 में जाधव को अपने परिवारवालों से बात करते हुए सुना और उसके बाद उसका पीछा करने लगा। एक भारतीय अधिकारी ने बताया, “जाधव के पास हुसैन मुबारक पटेल के नाम से जारी भारतीय पासपोर्ट था जिससे वो ईरान में अपना कारोबार करता था। पाकिस्तानियों ने उसे अपने परिवार से मराठी में बात करते सुन लिया। जहीर जाधव का पीछा करने लगा। उन्होंने जाल बिछाया और मार्च 2016 में जाधव को पकड़ लिया गया।”

सूत्रों के अनुसार जहीर को नेपाल “एक बड़ी मछली” फंसने का लालच देकर बुलाया गया। जिस आदमी ने जहीर को ये सूचना दी उसने ब्रिटेन के फोन नंबर से उसे “एक जासूस के बारे में” जानकारी दी। उसने जहीर से ओमान में एक-दो बार मुलाकात भी की। जहीर ओमान में दो अप्रैल को पहुंचा और अगले दिन वो काठमांडू पहुंच गया। नेपाल के भैरवा में उसे एक सिम कार्ड दिया गया। उससे कहा गया कि इस सिम कार्ड से वो वांछित व्यक्ति से संपर्क कर सकता है। उसके बाद उसे सीमा के करीब लुंबिनी बुलाया गया जहां से वो गायब हो गया।

Kulbhushan Jadhav भारतीय नौसेना के पूर्व अधिकारी कुलभूषण जाधव को पाकिस्तानी खुफिया एजेंसी ने मार्च 2016 में पकड़ लिया था।

पाकिस्तान स्थित जहीर के परिवार ने भी मीडिया से कहा कि वो शायद “दुश्मन जासूस” को पकड़ने गये थे। समाचार एजेंसी पीटीआई के अनुसार जहीर के बेटे साद ने इस्लामाबाद में अपने पिता की गुमशुदगी की रिपोर्ट दर्ज करायी है। एफआईआर के अनुसार जहीर की नेपाल के लुंबिनी में किसी जावेद अंसारी ने अगवानी की थी। जहीर के बेटे ने कहा कि उसे शक है कि उसके पिता को दुश्मन के जासूसों ने पकड़ लिया है। एक पुलिस अधिकारी ने बताया कि पाकिस्तान में “दुश्मन” से आशय अक्सर भारत से होता है।

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  1. A
    Amit
    Apr 12, 2017 at 9:29 am
    Excellent job.ISIS rat finally caught. now give him halwa & poori
    (0)(0)
    Reply
    1. N
      Narinder Singh
      Apr 12, 2017 at 9:57 am
      Salman Khursheed will host a biryani lunch for him.
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      Reply
    सबरंग